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वायुसेना ऑनलाइन परीक्षा: कम नंबर वालों के लिए बनी वरदान

Indian Air Force (Symbolic Image)

सूचना एवं प्रौद्योगिकी के इस्तेमाल से किस प्रकार लोगों का जीवन बदल रहा है, उसके कई उदाहरण पहले भी सामने हैं। यह मामला वायुसेना की ऑनलाइन परीक्षा से जुड़ा है। इस बार तीन हजार ऐसे नौजवानों को वायुसेना में भर्ती होने का मौका मिल रहा है, जो ऑफलाइन परीक्षा में आवेदन के चरण में छंट जाते। वायुसेना ने इस साल से जवानों की भर्ती प्रक्रिया को ऑनलाइन किया है। वायुसेना में बतौर जवान भर्ती होने के लिए विज्ञान वर्ग से 50 फीसदी अंकों के साथ बारहवीं की बोर्ड परीक्षा करना जरूरी है। 

वायुसेना के अनुसार ऑफलाइन परीक्षा आयोजित करने के उनके संसाधन सीमित थे। वे अपने कुल 13 केंद्रों पर परीक्षा आयोजित करते थे। इसके लिए यह फार्मूला तय था कि सिर्फ 1.2 लाख छात्रों को परीक्षा देने के लिए बुलाया जाएगा जबकि आवेदन चार लाख से ऊपर आते थे। तब परीक्षा में बुलाने के लिए बोर्ड में आएं अंकों को आधार बनाया जाता था। वायुसेना सूत्रों के बताया कि पुराने फार्मूले के कारण 76 फीसदी से कम अंक पाने वाले छात्र पहले ही आवेदन के स्तर पर ही छंट जाते थे। यानी उन्हें परीक्षा में बैठने का ही मौका नहीं मिलता था। लेकिन ऑनलाइन परीक्षा में 1.2 लाख की सीमा हटा ली गई और सभी आवेदनकर्ताओं को परीक्षा में बैठने का मौका दिया गया। इसके साथ परीक्षा केंद्रों की संख्या भी बढ़ाकर 118 कर दिए। ताकि छात्रों को ज्यादा दूर नहीं जाना पड़े। बाकायदा इसके लिए सीडैक को जिम्मेदारी सौंपी गई। 

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पहली ऑनलाइन परीक्षा की प्रक्रियाएं हाल में पूरी हुई हैं और पहली बार 4.5 लाख छात्रों को परीक्षा में बैठने का मौका मिला। परिणाम बेहद रोचक थे। 12वीं में 50-76 फीसदी अंक पाने वाले तीन हजार छात्रों ने न सिर्फ परीक्षा पास की, बल्कि मेरिट में आए वे 19 हजार छात्रों में शामिल हैं, जिन्हें वायुसेना में भर्ती के लिए अब कॉल लेटर भेजे जा रहे हैं। करीब साढ़े तीन हजार भर्तियां इस बार होनी हैं। 

ऑनलाइन परीक्षा शुरू करवाने वाले एयर वाइस मार्शल ओ. पी. तिवारी के अनुसार, ऑनलाइन परीक्षा के कई फायदे हुए। यूपी और बिहार के बच्चे बोर्ड में कम अंक पाते थे। इसलिए पहले की प्रक्रिया में उन्हें परीक्षा देने का ही मौका नहीं मिलता था। अब उन्हें भी समान मौका मिल रहा है। साथ ही परीक्षा में पारदर्शिता बढ़ी है और परिणाम जल्दी निकाले गए। बच्चों को परीक्षा के लिए अपने घर से छह-सात घंटे से ज्यादा का सफर नहीं करना पड़ा। इसी प्रकार प्रवेश पत्र आदि खोने जैसी समस्याएं नहीं हुई क्योंकि इन्हें ऑनलाइन डाउनलोड करने की सुविधा दी गई थी। 

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अधिकतर छात्र यूपी-बिहार के 

कम अंक पाने वाले जिन छात्रों को इस बार मौके मिले हैं, उनमें ज्यादातर उत्तर प्रदेश और बिहार बोर्ड से शिक्षा पाने वाले छात्र हैं। इन बोर्ड में अंक अपेक्षाकृत कम मिलते हैं।

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  • Web Title:Air Force Online Examination Three Thousand Youths Have Passed the exam