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3 दिसंबर, 2020|12:43|IST

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AAP विधायकों ने पंजाब सरकार से मांगी अध्यादेश की कॉपी, नहीं मिली तो विधानसभा में पूरी रात सोए रहे सभी

aap mlas seen sleeping inside the state assembly demanding  copies of  proposed legislation in special

पंजाब की कैप्टन अमरिंद सिंह की नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार केंद्र के कृषि बिलों की काट में आज विधानसभा में एक विधेयक पेश करने जा रही है। आम आदमी पार्टी (AAP) ने शिरोमणि अकाली दल के साथ मांग की है कि अध्यादेश की कॉपी उन्हें पहले दिखाई जाए। इसकी मांग लिए उन्होंने विधानसभा के अंदर सो कर रात बिताई और अपना विरोध दर्ज कराया।

केंद्रीय कृषि कानूनों के खिलाफ पंजाब विधानसभा के विशेष सत्र में पेश किए जाने वाले प्रस्तावित कानून की प्रतियां नहीं मिलने के खिलाफ विपक्षी विधायकों ने कल विधानसभा के अंदर धरना दिया।

पंजाब विधानसभा का दो दिवसीय विशेष सत्र सोमवार सुबह से शुरू हो गया। राज्य के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह केंद्र के तीन कृषि कानूनों के खिलाफ आज एक विधेयक लाएंगे। विधेयक को मंजूरी के लिए सदन में पेश किया जाएगा। हालांकि, विपक्षी दलों - आम आदमी पार्टी (AAP) और शिरोमणि अकाली दल (SAD) ने विधेयक के मसौदे को सार्वजनिक करने की मांग की थी।

अकाली दल ने राज्य सरकार से कृषि उपज के लिए पंजाब को "प्रमुख बाजार यार्ड" घोषित करने के लिए कहा ताकि केंद्र के कानून राज्य में लागू न हों, इसे सबसे तेज और सबसे प्रभावी काउंटर उपाय करार दिया।

फैक्‍टरी के लिए तय किए जाने वाले आदेश
निवेश में सुधार और रोजगार पैदा करने के लिए कैबिनेट ने रविवार को फैक्ट्रीज (पंजाब संशोधन) अध्यादेश, 2020 को एक विधेयक में परिवर्तित करने के लिए अपनी मंजूरी दे दी, जिसे सोमवार को विधानसभा में अधिनियम, 1948 में संशोधन करने के उद्देश्य से लाया जा सकता है। विधेयक में मामलों के तेजी से निपटारे और अदालती कार्रवाई में कमी के अलावा, क्रमशः 10 और 20 से 20 और 40 के लिए छोटी इकाइयों के लिए मौजूदा सीमा को बदलने की सुविधा होगी। राज्य में छोटी इकाइयों द्वारा विनिर्माण में वृद्धि के साथ परिवर्तन आवश्यक हो गया है।

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  • Web Title:AAP MLAs seen sleeping inside the State Assembly demanding copies of proposed legislation in special session of Punjab Vidhan Sabha against central farm laws