ट्रेंडिंग न्यूज़

अगला लेख

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

Hindi News देशबिहार-महाराष्ट्र समेत इन राज्यों में खाली हुईं राज्यसभा की 10 सीटें, जल्द होंगे चुनाव

बिहार-महाराष्ट्र समेत इन राज्यों में खाली हुईं राज्यसभा की 10 सीटें, जल्द होंगे चुनाव

मालूम हो कि राज्यसभा सचिवालय ने इन रिक्तियों को अधिसूचित किया है। इसमें असम, बिहार और महाराष्ट्र में दो-दो, हरियाणा, मध्य प्रदेश, राजस्थान और त्रिपुरा में एक-एक रिक्तियां शामिल हैं।

बिहार-महाराष्ट्र समेत इन राज्यों में खाली हुईं राज्यसभा की 10 सीटें,  जल्द होंगे चुनाव
Niteesh Kumarएजेंसी,नई दिल्लीTue, 11 Jun 2024 09:13 PM
ऐप पर पढ़ें

लोकसभा चुनाव संपन्न होने के बाद राज्यसभा में 10 सीटें खाली हो गई हैं। राज्यसभा सचिवालय ने इन रिक्तियों को अधिसूचित किया है। इसमें असम, बिहार और महाराष्ट्र में 2-2, हरियाणा, मध्य प्रदेश, राजस्थान और त्रिपुरा में एक-एक रिक्तियां शामिल हैं। ये रिक्तियां कामाख्या प्रसाद तासा (असम), सर्बानंद सोनोवाल (असम), मीसा भारती (बिहार), विवेक ठाकुर (बिहार), दीपेंद्र सिंह हुड्डा (हरियाणा), ज्योतिरादित्य सिंधिया (मध्य प्रदेश), उदयनराजे भोंसले (महाराष्ट्र), पीयूष गोयल (महाराष्ट्र), केसी वेणुगोपाल (राजस्थान) और बिप्लब कुमार देब (त्रिपुरा) से जुड़ी हैं। ये सभी हाल ही में संपन्न लोकसभा चुनाव में विजयी हुए हैं।

सीटों के खाली होने का विवरण देते हुए अपनी नोटिफिकेशन में राज्यसभा सचिवालय ने कहा, ‘लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 69 की उप-धारा (2) के साथ-साथ धारा 67 ए और धारा 68 की उप-धारा (4) के प्रावधान हैं। इसके तहत 18वीं लोकसभा के सदस्य के रूप में चुने जाने की तारीख यानी 4 जून 2024 से राज्यसभा के सदस्य नहीं रहे।’ इस अधिसूचना के बाद अब निर्चाचन आयोग राज्यों की परिषद में इन रिक्तियों को भरने के लिए चुनाव की नई तारीखों की घोषणा करेगा।

भाकपा ने राज्यसभा सीट के लिए सुनीर को बनाया उम्मीदवार 
दूसरी ओर, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) नीत वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) में प्रमुख सहयोगी है। भाकपा ने अपने नेता पीपी सुनीर को उन 2 राज्यसभा सीटों में से एक सीट से उम्मीदवार बनाने का फैसला किया, जिन पर वाम दलों की जीत सुनिश्चित है। पार्टी के प्रदेश सचिव बिनॉय विश्वम ने राज्य में पार्टी के सहायक सचिव सुनीर की उम्मीदवारी की घोषणा की, जिन्होंने 2019 के लोकसभा चुनावों में वायनाड में कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ चुनाव लड़ा था। एलडीएफ घटक दलों की बैठक के तुरंत बाद यह फैसला किया गया, जिसमें भाकपा और केरल कांग्रेस (मणि) को सीटें देने का निर्णय किया गया था। उत्तरी केरल के एक पारंपरिक वामपंथी परिवार से आने वाले सुनीर हाउसिंग बोर्ड के अध्यक्ष हैं। केरल कांग्रेस (एम) अपने अध्यक्ष जोस के. मणि को उम्मीदवार बना सकती है।