'ये भो**के लोग...', बागी सांसदों पर बुरी तरह भड़के संजय राउत; खुलेआम दी गालियां

लाइव हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
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Sanjay Raut Abusive Attack: महाराष्ट्र में उद्धव गुट के 6 सांसदों की बगावत की खबरों के बीच संजय राउत ने आपा खो दिया। राउत ने लाइव कैमरे पर बागी सांसदों को भद्दी गालियां देते हुए 50-50 करोड़ रुपये के ऑफर का दावा किया है।

'ये भो**के लोग...', बागी सांसदों पर बुरी तरह भड़के संजय राउत; खुलेआम दी गालियां

Sanjay Raut Abusive Attack: महाराष्ट्र में उद्धव ठाकरे की शिवसेना (यूबीटी) में बड़ी बगावत की आहट है। 'ऑपरेशन टाइगर' के तहत उद्धव गुट के 9 में से 6 सांसदों के अलग गुट बनाने की अटकलें तेज हो गई हैं। इसी बीच शिवसेना (यूबीटी) नेता संजय राउत बागी सांसदों पर बुरी तरह भड़क गए हैं। उन्होंने न सिर्फ बागी सांसदों को गालियां दी हैं, बल्कि उन पर 50-50 करोड़ रुपये का ऑफर मिलने का भी सनसनीखेज आरोप लगाया है।

संजय राउत ने खोया आपा, कैमरे पर दी भद्दी गालियां

संजय राउत ने आज बुधवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए बागी सांसदों को गद्दार करार दिया। उन्होंने कहा कि बेईमानी उनके खून में है। उद्धव ठाकरे के प्रति वफादारी की बात करते हुए राउत ने गालियों का इस्तेमाल किया और कहा, "ये सा** भो**के लोग।" इतना ही नहीं, राउत ने मीडिया से भी अपील की कि उनकी इन गालियों को सेंसर न किया जाए।

राउत ने कहा कि विधायक और सांसद का पद आता-जाता रहता है, लेकिन बाल ठाकरे ने हमें बच्चों की तरह पाला है और उद्धव ठाकरे ने भाइयों की तरह प्यार दिया है, जिसे हम भूल नहीं सकते। उन्होंने पार्टी के तीन नेताओं- अरविंद सावंत, अनिल देसाई और राजाभाऊ वाजे की वफादारी की जमकर तारीफ भी की। देखें- (दर्शकों के लिए चेतावनी: इस वीडियो में अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया गया है)

'50-50 करोड़ का ऑफर और चार्टर्ड प्लेन से गए दिल्ली'

संजय राउत ने दावा किया है कि एक 'महत्वपूर्ण व्यक्ति' ने उन्हें बताया है कि बागी सांसदों को 50 करोड़ रुपये का ऑफर दिया गया है। इसके साथ ही उन्होंने यह भी दावा किया कि शिवसेना (यूबीटी) के सांसदों को एक चार्टर्ड प्लेन के जरिए दिल्ली ले जाया गया है।

उद्धव गुट के कौन से 6 सांसद हो सकते हैं बागी?

एकनाथ शिंदे गुट के नेताओं का दावा है कि उद्धव गुट के 6 सांसद एक अलग समूह बनाने वाले हैं और वे जल्द ही लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को पत्र सौंपेंगे। जिन 6 सांसदों के बगावत करने की चर्चा है, उनमें शामिल हैं-

  • संजय जाधव (परभणी)
  • भाऊसाहेब वाकचौरे (शिर्डी)
  • संजय देशमुख (यवतमाल)
  • नागेश पाटिल आष्टीकर (हिंगोली)
  • ओमराजे निंबालकर (धाराशिव)
  • संजय पाटिल (मुंबई नॉर्थ ईस्ट)

हालांकि, इस सूची की अभी स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। इस बीच बगावत की इन अटकलों पर विपक्षी नेताओं ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी है। शिवसेना (यूबीटी) नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने बीजेपी को चेतावनी देते हुए सोशल मीडिया पर लिखा, "बीजेपी इस भ्रम में न रहे कि कोबरा का झुंड इकट्ठा करके उन्हें दूध पिलाने से वे सिर्फ विपक्ष को ही काटेंगे। सांप का काम काटना है, आज हमारी बारी है तो कल तुम्हारी भी हो सकती है।" कांग्रेस नेता नाना पटोले ने 'ऑपरेशन टाइगर' को 'ऑपरेशन गीदड़' (Jackal) करार दिया और बीजेपी पर सत्ता की भूख में लोकतांत्रिक मर्यादाएं लांघने का आरोप लगाया।

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Amit Kumar

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डिजिटल पत्रकारिता की बदलती लहरों के बीच समाचारों की तह तक जाने की ललक अमित कुमार को इस क्षेत्र में खींच लाई। समकालीन राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय राजनीति पर पैनी नजर रखने के साथ-साथ अमित को जटिल विषयों के गूढ़ विश्लेषण में गहरी रुचि है। उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के रहने वाले अमित को मीडिया जगत में एक दशक का अनुभव है। वे पिछले 4 वर्षों से लाइव हिन्दुस्तान में अपनी सेवाएं दे रहे हैं।


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अमित ने देश के प्रतिष्ठित भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा और गुरु जम्भेश्वर विश्वविद्यालय से जनसंचार में मास्टर डिग्री हासिल की है। उन्होंने यूनिसेफ और ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों से हेल्थ जर्नलिज्म का सर्टिफिकेशन भी प्राप्त किया है। एआई-असिस्टेड कंटेंट ऑप्टिमाइजेशन और एडिटोरियल प्लानिंग में उनकी विशेषज्ञता उन्हें आज के आधुनिक न्यूज रूम के लिए एक अनिवार्य स्तंभ बनाती है। पेशेवर जीवन से इतर, अमित एक जुनूनी घुमक्कड़ हैं जिन्हें हार्डकोर ट्रेकिंग और फोटोग्राफी का शौक है, साथ ही वे ऐतिहासिक और वास्तविक जीवन पर आधारित सिनेमा देखने के भी शौकीन हैं।

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