
पंजाब में छापे मार रही पुलिस, भागकर ऑस्ट्रेलिया में इंटरव्यू दे रहे रेप के आरोपी आप विधायक
संक्षेप: महिला ने आरोप लगाया था कि आम आदमी पार्टी विधायक ने खुद को तलाकशुदा बताकर उससे संबंध बनाए और 2021 में शादी की, जबकि वह पहले से शादीशुदा था। महिला ने आरोप लगाया कि विधायक ने लगातार यौन शोषण किया, उसे धमकियां दीं और 'अश्लील' संदेश भेजे।
पंजाब में बलात्कार के मामले में दो सितंबर से फरार आम आदमी पार्टी (AAP) के विधायक हरमीत सिंह पठानमाजरा का एक वीडियो साक्षात्कार सामने आने के बाद समझा जा रहा है कि वह ऑस्ट्रेलिया भाग गए हैं। इस घटना की वजह से पुलिस को शर्मिंदगी उठानी पड़ी है क्योंकि सनौर के विधायक सिंह के खिलाफ संभावित ठिकानों पर छापे मारने के बावजूद वह पुलिस की पकड़ में नहीं आए।

पटियाला पुलिस ने आप विधायक के खिलाफ लुकआउट नोटिस भी जारी किया है। पठानमाजरा शुक्रवार को एक ऑस्ट्रेलिया स्थित पंजाबी वेब चैनल के साथ वीडियो साक्षात्कार में दिखाई दिए, जिसमें उन्होंने दावा किया कि वह 'जमानत हासिल करने के बाद ही घर लौटेंगे'। उन्होंने सभी आरोपों का खंडन करते हुए मामले को 'राजनीतिक साजिश' बताया।
उन्होंने न्यायपालिका पर पूरा भरोसा जताते हुए आरोप लगाया, 'पंजाब में महत्वपूर्ण मामलों पर मंत्रियों और विधायकों से सलाह नहीं ली जाती। अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर अंकुश लगाया जा रहा है। दिल्ली में हारने के बाद, उन नेताओं ने अब पंजाब पर कब्जा कर लिया है और वे इसे उसी तरह बर्बाद कर रहे हैं।' पटियाला की एक अदालत ने बलात्कार के मामले में पेश न होने पर पठानमाजरा के खिलाफ भगौड़ा घोषित करने की कार्यवाही शुरू कर दी है।
पुलिस ने एक सितंबर को पठानमाजरा के खिलाफ जीरकपुर की एक महिला की शिकायत पर बलात्कार, धोखाधड़ी और आपराधिक धमकी के आरोपों में मामला दर्ज किया था। महिला ने आरोप लगाया था कि विधायक ने खुद को तलाकशुदा बताकर उससे संबंध बनाए और 2021 में शादी की, जबकि वह पहले से शादीशुदा था। महिला ने आरोप लगाया कि विधायक ने लगातार यौन शोषण किया, उसे धमकियां दीं और 'अश्लील' संदेश भेजे।
जारी हो चुका है लुकआउट नोटिस
गुरुवार को पठानमाजरा के खिलाफ गुरुवार को लुकआउट नोटिस जारी हो चुका है। सनौर विधायक के आधिकारिक आवास, निजी घर तथा बस स्टैंड के बाहर पोस्टर चिपकाए गए हैं। पठानमाजरा के वकील बिक्रमजीत सिंह भुल्लर और एस एस सग्गू ने कहा था कि वे विधायक की अग्रिम जमानत के लिए जल्द ही पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाएंगे। एक स्थानीय अदालत पहले ही उनकी अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर चुकी है।





