
ऐसा क्या जरूरी काम; चीफ जस्टिस की शपथ में नहीं पहुंचे राहुल गांधी तो भड़की भाजपा
जस्टिस सूर्यकांत के शपथग्रहण समारोह से गायब रहने को लेकर भाजपा ने राहुल गांधी पर सवाल उठाया है। गौरतलब है कि जस्टिस सूर्यकांत ने सोमवार को भारत के मुख्य न्यायाधीश के रूप में शपथ ली। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उन्हें पद की शपथ दिलाई।
जस्टिस सूर्यकांत के शपथग्रहण समारोह से गायब रहने को लेकर भाजपा ने राहुल गांधी पर सवाल उठाया है। गौरतलब है कि जस्टिस सूर्यकांत ने सोमवार को भारत के मुख्य न्यायाधीश के रूप में शपथ ली। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उन्हें पद की शपथ दिलाई। इस दौरान कई महत्वपूर्ण हस्तियां मौजूद रहीं, लेकिन लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी नजर नहीं आए। इसको लेकर भाजपा राहुल गांधी पर भड़की हुई है।
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता सीआर केशवन ने इसको लेकर एक्स पर पोस्ट किया है। उन्होंने लिखा कि आज नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी भारत के मुख्य न्यायाधीश के शपथ ग्रहण में नहीं पहुंचे। यह पहली बार नहीं है जब उन्होंने इस तरह के किसी कार्यक्रम से दूरी बनाई हो। केसवन ने आगे लिखा कि चाहे उपराष्ट्रपति का शपथ ग्रहण हो या स्वतंत्रता दिवस समारोह हो, राहुल गांधी कहीं नहीं जाते। इससे सिर्फ एक ही बात साबित होती है कि राहुल गांधी को देश की संवैधानिक प्रक्रिया पर यकीन नहीं है। इतना ही नहीं, इससे उनकी बाबा आंबेडकर जी के संविधान के प्रति नापसंदगी भी जाहिर होती है।
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता ने आगे लिखा कि कांग्रेस ने इमरजेंसी लगाकर संविधान की हत्या की। वह खुद लोकतांत्रिक परंपराओं में विश्वास नहीं करती है। उन्होंने लिखा कि इस तरह की हरकतें लोगों की नजरों से बच नहीं पाएंगी।गौरतलब है कि जस्टिस सूर्यकांत ने आज भारत के मुख्य न्यायाधीश के रूप में शपथ ली। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उन्हें राष्ट्रपति भवन में उन्हें मुख्य न्यायाधीश के पद की शपथ दिलाई।

इस दौरान उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, गृह मंत्री अमित शाह, कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल, भारी उद्योग और इस्पात मंत्री एच डी कुमारस्वामी, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जे पी नड्डा, वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल, पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी तथा कई अन्य प्रमुख केन्द्रीय मंत्री और गणमान्य व्यक्ति मौजूद थे।





