पीएम मोदी ने गरीबी की वापसी की चेतावनी दी; विनाशकारी दशक का दिया संकेत, युद्ध और ईंधन संकट का जिक्र
अमेरिका और इजरायल के ईरान पर हमलों के बाद पीएम मोदी ने वर्तमान दशक को घातक आपदाओं का दशक बताया। उन्होंने कहा कि पहले कोरोना महामारी आई, फिर युद्ध शुरू हुए और अब ऊर्जा संकट है। यह दशक दुनिया के लिए आपदाओं का दशक बनता जा रहा है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वैश्विक अर्थव्यवस्था की स्थिति पर अपनी अब तक की सबसे सख्त चेतावनी दी। नीदरलैंड्स में भारतीय प्रवासी समुदाय को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि गरीबी के खिलाफ दशकों की मेहनत से हासिल की गई प्रगति गंभीर खतरे में है, अगर दुनिया के लगातार बढ़ रहे संकटों को तुरंत नहीं रोका गया। उन्होंने कहा कि दुनिया नई चुनौतियों का सामना कर रही है। यह बयान पीएम मोदी के पांच देशों के यूरोपीय दौरे के दूसरे चरण में एक कार्यक्रम के दौरान दिया गया।
अमेरिका और इजरायल के ईरान पर हमलों के बाद पीएम मोदी ने वर्तमान दशक को घातक आपदाओं का दशक बताया। उन्होंने कहा कि पहले कोरोना महामारी आई, फिर युद्ध शुरू हुए और अब ऊर्जा संकट है। यह दशक दुनिया के लिए आपदाओं का दशक बनता जा रहा है। उन्होंने निष्क्रियता के नतीजों को लेकर साफ चेतावनी दी। अगर इन स्थितियों को जल्दी नहीं बदला गया तो पिछले कई दशकों की उपलब्धियां बह जाएंगी और दुनिया की बड़ी आबादी फिर से गरीबी में धकेल दी जाएगी। ये टिप्पणियां भारत, पश्चिम एशिया और अन्य जगहों पर गहरी आर्थिक चिंता के बीच आई हैं।
यूरोपीय दौरे से कुछ दिन पहले हैदराबाद में बोलते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने भारतीयों से कुछ बातें अपनाने की अपील की थी। उन्होंने काम-काज घर से करने, विदेश यात्रा सीमित करने और सोने की खरीदारी कम करने को कहा। उन्होंने ईंधन के बचाव और विदेशी मुद्रा बचाने को देशभक्ति का काम बताया। सार्वजनिक परिवहन का ज्यादा इस्तेमाल, कारपूलिंग और कम उर्वरक खपत को बढ़ावा दिया। कोविड काल को याद करते हुए उन्होंने कहा कि उस समय वर्क-फ्रॉम-होम सामान्य हो गया था। सरकार अब इस बदलाव को जरूरी औजार के रूप में देख रही है।
पीएम मोदी ने कहा कि हमें सिर्फ उतना ही इस्तेमाल करना चाहिए जितना जरूरी है, ताकि विदेशी मुद्रा बचे और युद्ध संकट के दुष्प्रभाव कम हों। 15 मई को चार साल तक खुदरा ईंधन मूल्यों में कोई बढ़ोतरी न होने के बाद सरकारी तेल कंपनियों (इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम) ने पेट्रोल और डीजल के दाम 3 रुपये प्रति लीटर बढ़ा दिए। दिल्ली में पेट्रोल 97.77 रुपये प्रति लीटर और डीजल 90.67 रुपये प्रति लीटर हो गया। देश के अन्य हिस्सों में स्थानीय करों के अनुसार यह और भी ज्यादा था।
लेखक के बारे में
Niteesh Kumarपत्रकार नीतीश कुमार 8 साल से अधिक समय से मीडिया इंडस्ट्री में एक्टिव हैं। जनसत्ता डिजिटल से बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर शुरुआत हुई। लाइव हिन्दुस्तान से जुड़ने से पहले टीवी9 भारतवर्ष और दैनिक भास्कर डिजिटल में भी काम कर चुके हैं। पत्रकार नीतीश कुमार को खबरें लिखने के साथ ग्राउंड रिपोर्टिंग का शौक है। लाइव हिन्दुस्तान यूट्यूब चैनल के लिए लोकसभा चुनाव 2024, दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 और बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की कवरेज कर चुके हैं। फिलहाल लाइव हिन्दुस्तान के लिए नेशनल और इंटरनेशनल सेक्शन की खबरें लिखते हैं। पत्रकार नीतीश कुमार को ब्रेकिंग न्यूज लिखने के साथ खबरों का गहराई से विश्लेषण करना पसंद है। राजनीति से जुड़ी खबरों पर मजबूत पकड़ और समझ रखते हैं। समसामयिक राजनीतिक मुद्दों पर कई सारे लंबे लेख लिख चुके हैं। पत्रकार नीतीश कुमार ने पत्रकारिता का पढ़ाई IIMC, दिल्ली (2016-17 बैच) से हुई। इससे पहले दिल्ली यूनिवर्सिटी के महाराजा अग्रसेन कॉलेज से पत्रकारिता में ग्रेजुएशन किया। पत्रकार नीतीश कुमार मूल रूप से उत्तर प्रदेश के मऊ जिले के रहने वाले हैं। राजनीति, खेल के साथ सिनेमा में भी दिलचस्पी रखते हैं। फिल्में देखना और रिव्यू करना व उन पर चर्चा करना हॉबी है।
और पढ़ें

