
PM मोदी का नया ऑफिस तैयार, क्या होगा नया एड्रेस; इस दिन हो रहे हैं शिफ्ट
इससे पहले, वर्ष 2016 में प्रधानमंत्री मोदी ने अपने सरकारी आवास ‘रेस कोर्स रोड’ का नाम बदलकर ‘लोक कल्याण मार्ग’ किया था। इसके बाद ‘राजपथ’ का नाम बदलकर ‘कर्तव्य पथ’ रखा गया। अब सेंट्रल विस्टा परियोजना के तहत केंद्रीय सचिवालय के नए परिसरों का नाम भी ‘कर्तव्य भवन’ रखा गया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यालय का पता बदलने जा रहा है। खबर है कि वह जल्द ही अब साउथ ब्लॉक से हटकर नए सेवा तीर्थ कॉम्प्लेक्स में शिफ्ट होने जा रहे हैं। हालांकि, इसे लेकर आधिकारिक तौर पर कुछ नहीं कहा गया है। फिलहाल, तारीख स्पष्ट नहीं है, लेकिन अटकलें हैं कि इस सप्ताह ही दफ्तर नए स्थान पर पहुंच सकता है। खास बात है कि जवाहरलाल नेहरू के समय से अब तक प्रधानमंत्री साउथ ब्लॉक से ही काम करते रहे हैं।
इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार, पीएम मोदी 14 जनवरी को नए दफ्तर में शिफ्ट हो सकते हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, सेवा तीर्थ कॉम्प्लेक्स में प्रधानमंत्री कार्यालय, कैबिनेट सचिवालय और NSCS यानी राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद सचिवालय होंगे। दारा शिकोह रोड पर स्थित सेवा तीर्थ को सेंट्रल विस्टा प्लान के तहत तैयार किया गया था।
अखबार से बातचीत में सरकारी सूत्रों ने बताया कि फिलहाल, इस नए कॉम्प्लेक्स में कैबिनेट सचिवालय बीते साल सितंबर में ही शिफ्ट हो गया है। वहीं, संभावनाएं जताई जा रही हैं कि NSCS जल्द ही सेवा तीर्थ में पहुंच सकता है। पीएम मोदी भी मकर संक्रांति यानी 14 जनवरी को नए दफ्तर में शिफ्ट हो सकते हैं। नए कॉम्फ्लेक्स में पीएमओ, कैबिनेट सचिवालय और NCSC की अलग-अलग इमारत होगी।
इससे पहले कैबिनेट सचिवालय राष्ट्रपति भवन परिसर से काम करता था। जबकि, NSCS सरदार पटेल भवन से संचालित होता था। रिपोर्ट के अनुसार, सूत्रों का कहना है कि नई पीएमओ बिल्डिंग में आधुनिक सुविधाएं होंगी। कॉम्प्लेक्स का निर्माण लार्सन एंड टर्बो की तरफ से किया गया था। कंपनी को साल 2022 में कॉन्ट्रेक्ट मिला था।
इससे पहले, वर्ष 2016 में प्रधानमंत्री मोदी ने अपने सरकारी आवास ‘रेस कोर्स रोड’ का नाम बदलकर ‘लोक कल्याण मार्ग’ किया था। इसके बाद ‘राजपथ’ का नाम बदलकर ‘कर्तव्य पथ’ रखा गया। अब सेंट्रल विस्टा परियोजना के तहत केंद्रीय सचिवालय के नए परिसरों का नाम भी ‘कर्तव्य भवन’ रखा गया है।

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Nisarg Dixitनिसर्ग दीक्षित न्यूजरूम में करीब एक दशक का अनुभव लिए निसर्ग दीक्षित शोर से ज़्यादा सार पर भरोसा करते हैं। पिछले 4 साल से वह लाइव हिनुस्तान में डिप्टी चीफ प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं, जहां खबरों की योजना, लेखन, सत्यापन और प्रस्तुति की जिम्मेदारी संभालते हैं। इससे पहले दैनिक भास्कर और न्यूज़18 जैसे बड़े मीडिया संस्थानों में काम कर चुके हैं, जहाँ उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग से लेकर डेस्क तक की भूमिकाएं निभाईं। उन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई की, जिसने उनके काम करने के तरीके को व्यावहारिक और तथ्य आधारित बनाया। निसर्ग की खास रुचि खोजी रिपोर्टिंग, ब्रेकिंग स्टोरीज़ और विज़ुअल न्यूज़ स्टोरीज़ में है। वे जटिल मुद्दों को सरल भाषा और स्पष्ट तथ्यों के साथ प्रस्तुत करने में विश्वास रखते हैं। राजनीति और जांच पड़ताल से जुड़े विषयों पर उनकी मजबूत पकड़ है। निसर्ग लोकसभा चुनावों, कई राज्यों के विधानसभा चुनावों और अहम घटनाओं को कवर कर चुके हैं। साथ ही संसदीय कार्यवाही और सुप्रीम कोर्ट की महत्वपूर्ण सुनवाइयों को नियमित रूप से कवर करते हैं। गूगल जर्नलिस्ट्स स्टूडियो में भी निसर्ग योगदान देते हैं।
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