कनाडा में क्रिकेट को कैसे हाईजैक कर रहा ISI, खालिस्तानियों संग मिलकर भारत के खिलाफ साजिश
खासतौर पर T20 विश्व कप में कनाडा बनाम न्यूजीलैंड मैच पर गहरी नजर है, जिसमें मैच-फिक्सिंग और स्पॉट-फिक्सिंग के संदेह हैं। पाकिस्तानी हैंडलर्स इन फंड्स को दक्षिण एशिया और पश्चिमी देशों में मिलिटेंसी को सपोर्ट करने के लिए ट्रांसफर करते हैं।

पाकिस्तान का ISI अपने प्रॉक्सी के जरिए कनाडा क्रिकेट को पूरी तरह कब्जे में लेना चाहता है। इस नेटवर्क का केंद्र बिंदु बिलाल चीमा है, जिसे भारतीय खुफिया एजेंसियां ISI का प्रमुख लॉबिस्ट और ऑपरेटिव मानती हैं। चीमा ने अपने चाचा अमजद बाजवा को कनाडा क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड का प्रेसिडेंट बनवाया। यह कदम ISI के निर्देश पर उठाया गया, ताकि कनाडाई क्रिकेट से मिलने वाले फंड को भारत विरोधी गतिविधियों और खालिस्तानी उग्रवाद को सपोर्ट करने के लिए इस्तेमाल किया जा सके। सीएनएन-न्यूज 18 की जांच में यह सामने आया है।
रिपोर्ट के अनुसार, ISI समर्थित नेटवर्क क्रिकेट कनाडा की कमाई को विभिन्न प्रशासनिक खामियों के जरिए डायवर्ट कर रहा है। पाकिस्तान का गैंगस्टर शाहजाद भट्टी इस फ्रॉड का मुख्य चेहरा है, जो ICC फंड्स, प्लेयर्स और कोचेस की आयात स्कीम व होटल बुकिंग में धोखाधड़ी करता है। पूर्व CEO सलमान खान पर भी चोरी और फ्रॉड के आरोप लगे हैं। ये सारे अवैध मुनाफे भारत विरोधी ऑपरेशन्स और मिलिटेंसी को फंडिंग देते हैं।
ICC जांच और मैच फिक्सिंग
नियंत्रण बनाए रखने के लिए साउथ एशियन क्राइम सिंडिकेट्स का इस्तेमाल किया जाता है, जिसमें हिंसा आम है। मई 2026 में क्रिकेट बोर्ड के प्रेसिडेंट अरविंद खोसा के घर पर गोलीबारी हुई, जबकि कैलगरी में एक बोर्ड मेंबर के घर पर भी हमला हुआ, जिसके बाद उन्होंने इस्तीफा दे दिया। इस घोटाले ने क्रिकेट की अखंडता को पूरी तरह से खतरे में डाल दिया है। ICC की एंटी-करप्शन यूनिट (ACU) ने क्रिकेट कनाडा पर बड़े पैमाने पर जांच शुरू कर दी है।
भारत के लिए क्यों चिंता की बात
खासतौर पर T20 विश्व कप में कनाडा बनाम न्यूजीलैंड मैच पर गहरी नजर है, जिसमें मैच-फिक्सिंग और स्पॉट-फिक्सिंग के संदेह हैं। पाकिस्तानी हैंडलर्स इन फंड्स को दक्षिण एशिया और पश्चिमी देशों में मिलिटेंसी को सपोर्ट करने के लिए ट्रांसफर करते हैं। यह मामला सिर्फ फाइनेंशियल मिसमैनेजमेंट नहीं, बल्कि ट्रांसनेशनल टेरर फाइनेंसिंग का हिस्सा है। यह पूरा ISI प्लेबुक कनाडा में खालिस्तानी नेटवर्क को मजबूत करने और भारत के खिलाफ गतिविधियों को बढ़ावा देने की रणनीति का हिस्सा है। बिलाल चीमा ब्रिटिश कोलंबिया में म्यूनिसिपल काउंसलर का चुनाव लड़ रहा है, जो स्थिति को और संवेदनशील बनाता है। कनाडाई क्रिकेट को कम्युनिटी इंटीग्रेशन का माध्यम बनने के बजाय आतंकवाद की फंडिंग का हथियार बना दिया गया है।
इस खबर पर आपकी क्या राय है?
लेखक के बारे में
Niteesh Kumarपत्रकार नीतीश कुमार 8 साल से अधिक समय से मीडिया इंडस्ट्री में एक्टिव हैं। जनसत्ता डिजिटल से बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर शुरुआत हुई। लाइव हिन्दुस्तान से जुड़ने से पहले टीवी9 भारतवर्ष और दैनिक भास्कर डिजिटल में भी काम कर चुके हैं। पत्रकार नीतीश कुमार को खबरें लिखने के साथ ग्राउंड रिपोर्टिंग का शौक है। लाइव हिन्दुस्तान यूट्यूब चैनल के लिए लोकसभा चुनाव 2024, दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 और बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की कवरेज कर चुके हैं। फिलहाल लाइव हिन्दुस्तान के लिए नेशनल और इंटरनेशनल सेक्शन की खबरें लिखते हैं। पत्रकार नीतीश कुमार को ब्रेकिंग न्यूज लिखने के साथ खबरों का गहराई से विश्लेषण करना पसंद है। राजनीति से जुड़ी खबरों पर मजबूत पकड़ और समझ रखते हैं। समसामयिक राजनीतिक मुद्दों पर कई सारे लंबे लेख लिख चुके हैं। पत्रकार नीतीश कुमार ने पत्रकारिता का पढ़ाई IIMC, दिल्ली (2016-17 बैच) से हुई। इससे पहले दिल्ली यूनिवर्सिटी के महाराजा अग्रसेन कॉलेज से पत्रकारिता में ग्रेजुएशन किया। पत्रकार नीतीश कुमार मूल रूप से उत्तर प्रदेश के मऊ जिले के रहने वाले हैं। राजनीति, खेल के साथ सिनेमा में भी दिलचस्पी रखते हैं। फिल्में देखना और रिव्यू करना व उन पर चर्चा करना हॉबी है।
और पढ़ें

