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तालिबान ने मचाई आफत, तो पाक बोला इसके पीछे भारत; अफगानों के हमले से बौखलाया पड़ोसी
संक्षेप:
जम्मू और कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकवादी हमले के बाद से ही भारत और पाकिस्तान के रिश्तों में तनाव बढ़ गया है। 7 मई को भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर के जरिए पाकिस्तान के क्षेत्र में जाकर आतंकवादी ठिकानों को निशाना बनाया था।
Oct 16, 2025 07:46 am ISTNisarg Dixit लाइव हिन्दुस्तान
अफगानिस्तान के साथ जारी तनाव का ठीकरा पाकिस्तान ने भारत पर फोड़ा है। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ के आरोप हैं कि अफगानिस्तान, भारत का 'प्रॉक्सी वॉर' लड़ रहा है। हालांकि, इसे लेकर भारत सरकार की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। फिलहाल, दोनों मुल्कों के बीच 48 घंटे के संघर्ष विराम पर सहमति बनी है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, आसिफ ने आरोप लगाए हैं कि फैसले काबुल के बजाए दिल्ली से लिए जा रहे हैं। उन्होंने हाल ही में हुई अफगानिस्तान के विदेश मंत्री और भारत की मुलाकात पर भी सवाल उठाए हैं। आसिफ ने कहा कि तालिबान के विदेश मंत्री आमिर खान मुत्तकी ने भारत के हालिया 6 दिवसीय दौरे पर जाकर प्लान बनाया है।
जम्मू और कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकवादी हमले के बाद से ही भारत और पाकिस्तान के रिश्तों में तनाव बढ़ गया है। 7 मई को भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर के जरिए पाकिस्तान के क्षेत्र में जाकर आतंकवादी ठिकानों को निशाना बनाया था। इसके बाद दोनों मुल्कों के बीच करीब 4 दिनों तक संघर्ष चला था, जिसे पाकिस्तान के डीजीएमओ के अनुरोध के बाद रोका गया था।
48 घंटे का सीजफायर
पाकिस्तान ने बुधवार को कहा कि अफगानिस्तान के साथ 48 घंटे के संघर्ष विराम पर सहमति बन गई है। यह घोषणा ऐसे समय की गई है जब दोनों देशों के बीच सीमा पर संघर्ष में दोनों ओर से कई लोग मारे गए हैं।
विदेश कार्यालय ने कहा, 'तालिबान के अनुरोध पर दोनों पक्षों की आपसी सहमति से आज शाम छह बजे से अगले 48 घंटों के लिए पाकिस्तान सरकार और अफगानिस्तान के तालिबान शासन के बीच एक अस्थायी संघर्ष विराम का फैसला किया गया है।' हालांकि, अफगानिस्तान सरकार के मुख्य प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने कहा कि 'पाकिस्तानी पक्ष के अनुरोध और आग्रह पर, दोनों देशों के बीच संघर्षविराम शाम 5:30 बजे के बाद प्रभावी होगा।'
सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में मुजाहिद ने कहा कि सरकार ने अपने सशस्त्र बलों को निर्देश दिया है कि वे संघर्ष विराम का सम्मान करें, जब तक कि उकसावे की कोई कार्रवाई ना हो। विदेश कार्यालय ने कहा, 'इस अवधि के दौरान, दोनों पक्ष रचनात्मक बातचीत के माध्यम से इस जटिल लेकिन सुलझने योग्य मुद्दे का सकारात्मक समाधान खोजने के लिए गंभीर प्रयास करेंगे।'
सरकारी ‘पीटीवी न्यूज़’ ने पूर्व में बताया था कि पाकिस्तानी सैन्य बलों ने अफगानिस्तान के कंधार प्रांत और राजधानी काबुल में 'सटीक हमले' किए। पीटीवी न्यूज ने सुरक्षा सूत्रों के हवाले से एक्स पर कहा, 'अफगान तालिबान के आक्रमण के खिलाफ पाकिस्तानी सेना की जवाबी कार्रवाई में प्रमुख ठिकाने नष्ट कर दिए गए। पाकिस्तानी सेना ने अफगान तालिबान के प्रमुख ठिकानों को सफलतापूर्वक निशाना बनाया।'
पोस्ट में कहा गया, 'ये सटीक हमले अफगानिस्तान के कंधार प्रांत में किए गए। इन हमलों के परिणामस्वरूप, अफगान तालिबान बटालियन संख्या 4 और बॉर्डर ब्रिगेड संख्या 6 पूरी तरह से नष्ट हो गए। दर्जनों विदेशी और अफगान आतंकवादी मारे गए।'
इससे पहले, पाकिस्तानी सेना ने कहा था कि उसने अफगान तालिबान के कई हमलों को नाकाम कर दिया और दोनों देशों के बीच सीमा पर हुई झड़पों की अलग-अलग घटनाओं में 40 से अधिक हमलावरों को मार गिराया। सेना ने कहा, "हमले को विफल करते समय 15-20 अफगान तालिबान मारे गए और कई घायल हो गए।'