मॉनसून सत्र: संविधान संशोधन विधेयक लाएगी सरकार, NDA ने कर लिया दो तिहाई बहुमत का जुगाड़
रक्षा मंत्री व सरकार की संसदीय मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीपीए) के अध्यक्ष राजनाथ सिंह के साथ शुक्रवार को राजग के प्रमुख मंत्रियों से संसद सत्र के एजेंडे, तैयारी व रणनीति को लेकर विचार विमर्श किया है।

Monsoon Session: संसद के मॉनसून सत्र से पहले सरकार ने साफ किया है कि वह दोनों सदनों में किसी भी संविधान संशोधन विधेयक को पारित कराने के लिए पूरी तरह से तैयार है। सरकार की तैयारी महिला आरक्षण विधेयक व उससे जुड़े परिसीमन विधेयक को लाने की है। यह विधेयक बीते बजट सत्र में लोकसभा में दो तिहाई सांसदों का समर्थन न होने से पारित नहीं हो सका था। तब से अब तक राजग का आंकड़ा दोनों सदनों में बढ़ा है और उसके समर्थक दोस्त भी बढ़े हैं।
रक्षा मंत्री व सरकार की संसदीय मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीपीए) के अध्यक्ष राजनाथ सिंह के साथ शुक्रवार को राजग के प्रमुख मंत्रियों से संसद सत्र के एजेंडे, तैयारी व रणनीति को लेकर विचार विमर्श किया है। यह एक अनौपचारिक बैठक थी, जिसमें गृह मंत्री अमित शाह, विदेश मंत्री एस जयशंकर, कृषि मंत्री शिवराज सिंह, केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी, राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह, के राम मोहन नायडू, किरेन रिजिजू, अर्जुनराम मेघवाल भी मौजूद थे। बाद में सरकार के एक प्रमुख नेता ने कहा कि यह सत्र को लेकर मत्रियों के समूह की अनौपचारिक बैठक थी।
विपक्षी दलों के संपर्क में भी सरकार
राजनाथ सिंह के मंत्रालय के कक्ष में लगभग एक घंटे चली बैठक में लाए जाने वाले प्रमुख विधेयक, संविधान संशोधन के लिए जरूरी दो तिहाई का आंकड़ा, विपक्ष की रणनीति से निपटने आदि पर चर्चा हूई। सरकार के एक प्रमुख मंत्री ने कहा है कि मॉनसून सत्र में सरकार ने किसी भी संविधान संशोधन विधेयक को लाकर पास करने की तैयारी कर ली है। कांग्रेस और सपा को छोड़कर लगभग सभी पार्टियों से सरकार संपर्क में है। तृणमूल कांग्रेस से अलग हुए सांसदों के नई पार्टी में विलय व शिवसेना (उद्धव) के बागी सांसदों के शिवसेना में शामिल होने को भी लोकसभा अध्यक्ष के शनिवार को मान्यता दिए जाने की संभावना है।
सरकार ने संकेत दिए हैं सबसे पहले सरकार बीते सत्र के बाद लाए अध्यादेशों पर विधेयक लेकर आएगी। सूत्रों के अनुसार, सरकार जिन पांच नए विधेयकों को संसद में पेश करने की तैयारी कर रही है, उनमें इनकम टैक्स (संशोधन) विधेयक, 2026, सुप्रीम कोर्ट (जजों की संख्या) संशोधन विधेयक, 2026, जन्म और मृत्यु पंजीकरण (संशोधन) विधेयक, 2026, राष्ट्रीय सम्मान के अपमान की रोकथाम (संशोधन) विधेयक, 2026 और सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) विकास संशोधन विधेयक, 2026 शामिल हैं। पहले से लंबित दो विधेयक विदेशी अंशदान (विनियमन) संशोधन विधेयक 2026, जिसे 25 मार्च 2026 को लोकसभा में पेश किया गया था।
मंगल मिलन बैठक
संसद सत्र के दौरान 21 जुलाई (मंगलवार) को राजग संसदीय दल की बैठक होगी। इस बैठक को मंगल मिलन नाम दिया गया है। दरअसल, राजग संसदीय दल की बैठक सत्र के दौरान मंगलवार को ही होती रही है। इसीलिए इस बैठक को यह नाम दिया गया है।
लेखक के बारे में
Himanshu Jhaबिहार के दरभंगा जिले से ताल्लुक रखने वाले हिमांशु शेखर झा डिजिटल मीडिया जगत का एक जाना-माना नाम हैं। विज्ञान पृष्ठभूमि से होने के बावजूद (BCA और MCA), पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून के कारण उन्होंने IGNOU से पत्रकारिता में डिप्लोमा किया और मीडिया को ही अपना कर्मक्षेत्र चुना।
एक दशक से भी अधिक समय का अनुभव रखने वाले हिमांशु ने देश के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों जैसे दैनिक भास्कर, न्यूज़-18 और ज़ी न्यूज़ में अपनी सेवाएं दी हैं। वर्तमान में, वे वर्ष 2019 से लाइव हिन्दुस्तान के साथ जुड़े हुए हैं।
हिमांशु की पहचान विशेष रूप से राजनीति के विश्लेषक के तौर पर होती है। उन्हें बिहार की क्षेत्रीय राजनीति के साथ-साथ राष्ट्रीय राजनीति की गहरी और बारीक समझ है। एक पत्रकार के रूप में उन्होंने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनावों और कई विधानसभा चुनावों को बेहद करीब से कवर किया है, जो उनके वृहद अनुभव और राजनीतिक दृष्टि को दर्शाता है।
काम के इतर, हिमांशु को सिनेमा का विशेष शौक है। वे विशेष रूप से सियासी और क्राइम बेस्ड वेब सीरीज़ देखना पसंद करते हैं, जो कहीं न कहीं समाज और सत्ता के समीकरणों को समझने की उनकी जिज्ञासा को भी प्रदर्शित करता है।
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