
सपा सांसद की नसीहत डीके शिवकुमार को रास नहीं आई, दिल्ली आने पर क्या दिखाएंगे?
राय ने गुस्से में सोशल मीडिया पर अपनी निराशा ज़ाहिर करते हुए और कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया पर निशाना साधते हुए लिखा था कि बेंगलुरु शहर बदहाल ट्रैफ़िक के लिए बदनाम हो गया है।
कर्नाटक के उप मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता डीके शिवकुमार को सहयोगी दल समाजवादी पार्टी के सांसद राजीव राय की एक आलोचना और नसीहत रास नहीं आई और वे बिदक पड़े। शिवकुमार ने सपा सांसद को दिल्ली पहुंचकर वहां के हाल से रू-ब-रू कराने की बात कही है। दरअसल, सपा सांसद राय रविवार को बेंगलुरु में ट्रैफिक जाम में फंस गए थे, जिसकी वजह से उन्हें दिल्ली की फ्लाइट पकड़ने में देरी होने का अंदेशा सता रहा था। उन्होंने इस बारे में सोशल मीडिया पर अपनी भड़ास निकाली थी।
राय ने गुस्से में सोशल मीडिया पर अपनी निराशा जाहिर करते हुए और कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया पर निशाना साधते हुए लिखा था कि बेंगलुरु शहर बदहाल ट्रैफिक के लिए बदनाम हो गया है। उन्होंने बेंगलुरु ट्रैफिक पुलिस को “बेकार और गैर-ज़िम्मेदार” भी बताया था। जब आज पत्रकारों ने उप मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार से राय की आलोचना पर प्रतिक्रिया जानी चाही तो उन्होंने तपाक से कहा, “मुझे उनसे दिल्ली में मिलने दो...मैं उनसे दिल्ली में मिलूंगा और उन्हें दिल्ली का ट्रैफिक दिखाऊंगा...”
सपा सांसद ने क्या ट्वीट किया था?
सपा सांसद ने ट्वीट किया था, “कर्नाटक के माननीय CM, मुझे अफसोस है, लेकिन आपका ट्रैफिक मैनेजमेंट सबसे खराब है, और ट्रैफिक पुलिस सबसे गैर-जिम्मेदार, बेकार है। वे फोन कॉल भी नहीं उठाते, मैंने उनसे बात करने की कोशिश की, लेकिन उनमें से किसी ने भी मेरा कॉल नहीं उठाया।” राय ने आगे लिखा, "राजकुमार समाधि रोड पर एक ही जगह पर एक घंटे से फंसा हुआ हूं। मेरी फ़्लाइट छूट जाएगी। कल मुझे पार्लियामेंट सेशन में जाना है।" उन्होंने आगे लिखा, “आस-पास एक भी पुलिसवाला नहीं दिख रहा।”
बेंगलुरु की सड़कों पर गड्ढों को लेकर भी हुआ था बवाल
MP ने इससे आगे लिखा, "ये नाकाबिल अधिकारी इस खूबसूरत शहर का नाम और रौनक खराब करने के लिए काफी हैं। इसमें कोई शक नहीं कि अब बेंगलुरु का ट्रैफिक सबसे बदनाम ट्रैफिक बन गया है।" यातायात के मामले में ग्लोबल इंडेक्स में दुनिया के सबसे धीमे शहरों में बेंगलुरु शहर शुमार हो चुका है। यह हालत तब है जब सभी राजनीतिक दलों के वादों में यह शामिल है, बावजूद यह शहर जाम की समस्या से जूझ रहा है। बता दें कि कुछ दिनों पहले कई उद्योगपतियों ने भी बेंगलुरु की सड़कों पर गड्ढों को लेकर नाराजगी जताई थी, जिस पर खूब बवाल मचा था।





