चिथड़े उड़े थे फिर भी नहीं सुधरे! सीमा पार से आतंकी सरगनाओं ने उगला जहर- दिल्ली हिलेगी, आगरा जलेगा
कश्मीर एकजुटता दिवस के बहाने पाकिस्तान में जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर के कमांडरों ने भारत के खिलाफ जिहाद का आह्वान किया है। दिल्ली, आगरा और दक्कन पर हमले की धमकी के बाद भारतीय खुफिया एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं। पढ़ें पूरी रिपोर्ट।

तथाकथित कश्मीर एकजुटता दिवस के अवसर पर पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में सक्रिय आतंकी संगठनों ने एक बार फिर भारत के खिलाफ जहर उगला है। जैश-ए-मोहम्मद (JeM) और लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के शीर्ष कमांडरों ने सार्वजनिक सभाओं में भड़काऊ भाषण देते हुए भारत के प्रमुख शहरों पर हमले और सीधे जिहाद का आह्वान किया है। इन धमकियों के बाद भारतीय खुफिया एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं।
लश्कर की 'आगरा और दिल्ली' को दहलाने की साजिश
लाहौर में आयोजित एक रैली में लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी सैयद अब्दुल रहमान नकवी ने भारत की क्षेत्रीय अखंडता को सीधी चुनौती दी। नकवी, जो हाफिज सईद के राजनीतिक मोर्चे 'पाकिस्तान मरकजी मुस्लिम लीग' का कमांडर है, ने भीड़ को संबोधित करते हुए कहा- हम आगरा में आग लगा देंगे, दक्कन को जगाएंगे और दिल्ली को हिला कर रख देंगे।
नकवी ने 'अखंड भारत' के विचार को ध्वस्त करने और अपने पूर्वजों के 'वसीयतनामे' को पूरा करने की कसम खाई। गौरतलब है कि नकवी के हाफिज सईद और उसके बेटे तलहा सईद के साथ बेहद करीबी संबंध हैं।
जैश कमांडर की वैश्विक ताकतों को धमकी
दूसरी ओर, PoK के रावलाकोट में जैश-ए-मोहम्मद के कमांडर मसूद इलियास कश्मीरी ने एक बड़ी जनसभा को संबोधित किया। कश्मीरी ने पाकिस्तानी युवाओं को आतंकी संगठन में शामिल होने के लिए उकसाते हुए कहा कि उसके समर्थक दुश्मन को कुचलने के लिए पूरी ताकत और आतंक के साथ तैयार हैं।
मसूद इलियास कश्मीरी के भाषण की मुख्य बातें:
वैश्विक धमकी: उसने दिल्ली के साथ-साथ अमेरिका, इंग्लैंड और इजरायली पीएम नेतन्याहू को कड़ा संदेश देने की चेतावनी दी।
नई खेप का प्रदर्शन: रैली में जैश के 'नेक्स्ट-जेनरेशन' यानी नए भर्ती हुए आतंकवादियों के कैडर को सार्वजनिक रूप से पेश किया गया।
पुरानी बौखलाहट: यह वही मसूद कश्मीरी है जिसने पहले बहावलपुर में जैश मुख्यालय पर भारतीय हमलों के विनाशकारी प्रभाव को स्वीकार किया था, जिसमें उसने बताया था कि कैसे धमाकों ने आतंकवादियों के चिथड़े उड़ा दिए थे।
भारतीय सुरक्षा एजेंसियां सतर्क
इन भड़काऊ भाषणों और सीमा पार से संभावित घुसपैठ की कोशिशों को देखते हुए भारतीय खुफिया तंत्र ने नियंत्रण रेखा (LoC) और अंतरराष्ट्रीय सीमा पर चौकसी बढ़ा दी है। सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की बयानबाजी हताशा का प्रतीक है, लेकिन जमीनी स्तर पर किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए सेना और सुरक्षा बल पूरी तरह मुस्तैद हैं।
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