ईरान-अमेरिका युद्ध में फिर निशाना बने भारतीय, एक लापता; केंद्र सरकार ने जताई चिंता
ईरान अमेरिका युद्ध में एक बार फिर से भारतीय नागरिक निशाना बने हैं। ओमान तट से गुजर रहे जिस जहाज पर ईरान ने हमला किया था, उस पर 11 भारतीय सवार थे। सरकार के मुताबिक 10 को सुरक्षित बचा लिया गया है, जबकि एक अभी भी लापता है।

अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध एक बार फिर से शुरू हो गया है। लेकिन इसके बीच एक बार फिर से भारतीय नाविक हमलों का निशाना बने हैं। ईरान तरफ से जिस साइप्रस के झंडे वाले जहाज पर हमला किया गया था। उसमें 11 भारतीय नाविक सवार थे। इसमें से एक अभी लापता है, जबकि करीब 10 नागरिकों को बचा लिया गया है। इस हमले के बाद ही अमेरिका ने एक बार फिर से ईरान के करीब 140 ठिकानों को निशाना बनाया है। इसके बाद ईरान ने भी पलटवार करते हुए कई अमेरिकी ठिकानों पर मिसाइल से हमला किया है।
भारत सरकार ने इस बात की पुष्टि की है कि घटना के समय जहाज पर 11 भारतीय नाविक मौजूद थे। इनमें से 10 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है, जबकि एक भारतीय नाविक अभी भी लापता है।
विदेश मंत्रालय ने जताई चिंता
विदेश मंत्रालय ने इस हमले को लेकर एक बयान जारी कर घटना की निंदा की है। जारी बयान में मंत्रालय ने कहा, "हम आज ओमान के तट पर कमर्शियल जहाज़ GFS गैलेक्सी पर हुए हमले की निंदा करते हैं। जहाज़ पर मौजूद 11 भारतीय नागरिकों में से 10 को अब तक बचा लिया गया है, जबकि एक भारतीय नागरिक के लापता होने की खबर है। भारतीय दूतावास स्थिति के ऊपर कड़ी निगरानी रखे हुए है। ओमानी अधिकारियों के साथ भी बचाव और राहत कार्य में लगातार बातचीत कर रहे हैं।"
कूटनीति के माध्यम से करें मुद्दा सुलझाने का प्रयास- विदेश मंत्रालय
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने जारी बयान में भारत सरकार की चिंता के बारे में भी बताया। बयान में लिखा, "इस व्यापारिक क्षेत्र में जहाजों पर लगातार होने वाले हमले बेहद चिंताजनक हैं। हम एक बार फिर से तनाव को कम करने और कूटनीति के माध्यम से समाधान ढूंढ़ने का आह्वान करते हैं, ताकि क्षेत्र में एक बार फिर से शांति स्थापित हो सके।"
ईरानी मीडिया के मुताबिक, IRGC ने पहले जहाज को रोकने के लिए गोलीबारी की थी, लेकिन इसके बाद भी जब जहाज नहीं रुका, तो उन्होंने उस पर क्रूज मिसाइल दाग दी। वहीं, अमेरिका की तरफ से कहा गया कि ईरान ने जहाज पर क्रूज मिसाइल से हमला कर दिया, जिससे उसके इंजन रूम में आग लग गई। हमले के तुरंत बाद गैलैक्सी नामक इस जहाज में आग लग गई। उसके बाद लोगों को वहां से भागना पड़ा।
जहाज पर हमले के बाद अमेरिकी ने किया ईरान पर हमला
इस जहाज पर हमले की खबर सामने आने के बाद पहले से ही मन बनाकर बैठे अमेरिका ने ईरान के 140 ठिकानों पर हमला बोल दिया। ईरान की सरकारी मीडिया के मुताबिक, बुशहर, जस्क समेत कई शहरों में धमाकों की आवाजें सुनाई दी हैं। इस हमले की जानकारी देते हुए सेंटकॉम ने कहा कि उन्होंने ईरान के ठिकानों को निशाना बनाया है। ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट से गुजर रहे जहाज को निशाना बनाकर सीजफायर का उल्लंघन किया है। जहाज पर हुए हमले के जवाब में ईरान पर हमला किया गया है। अमेरिका द्वारा किए गए हमल के कुछ ही देर बाद ईरान ने भी पश्चिम एशिया में मौजूद अमेरिकी ठिकानो को निशाना बनाना शुरू कर दिया। ईरान की तरफ से बताया गया कि उन्होंने कुवैत, बहरीन और अन्य क्षेत्रीय देशों में मौजूद अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया है। इसके साथ ही ईरान ने ऐलान किया कि अब जब तक शांति स्थापित नहीं हो जाती , तब तक के लिए होर्मुज स्ट्रेट भी बंद है।


