बंगाल में बाबरी मस्जिद बनाने से कोई नहीं रोक सकता, चुनाव के बीच हुमायूं कबीर ने भरी हुंकार
हुमायूं कबीर ने कहा कि जब 1992 में मस्जिद गिरी तब उसे कोई नहीं रोक सका था, लेकिन बंगाल में 37 फीसदी आबादी मुस्लिम है। मुर्शिदाबाद में तो यह आंकड़ा 70 फीसदी से ज्यादा है। यहां मस्जिद बनाने से कोई नहीं रोक सकता है।

पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में बाबरी मस्जिद बनवा रहे तृणमूल कांग्रेस के सस्पेंडेड विधायक और आम जनता उन्न्यन पार्टी के फाउंडर हुमायूं कबीर ने हुंकार भरी है। उन्होंने कहा है कि बंगाल में बाबरी मस्जिद बनाने से कोई उन्हें नहीं रोक सकता। हुमायूं ने जब बाबरी मस्जिद बनाने का ऐलान किया था, तो राज्य में विवाद छिड़ गया था। ममता बनर्जी की पार्टी से उन्हें बाहर का रास्ता दिखा दिया गया, जिसके बाद उन्होंने नया दल बनाया और अब बंगाल चुनाव में उनकी नजर राज्य के मुस्लिम वोटरों पर है। यहां तक कि भवानीपुर में उन्होंने ममता के खिलाफ मुस्लिम उम्मीदवार भी खड़ा किया है।
एनडीटीवी से बात करते हुए हुमायूं कबीर से पूछा गया कि वे पश्चिम बंगाल में क्यों बाबरी मस्जिद बनवा रहे, यूपी में क्यों नहीं तो इस पर उन्होंने जवाब दिया कि जब 1992 में मस्जिद गिरी तब उसे कोई नहीं रोक सका था, लेकिन बंगाल में 37 फीसदी आबादी मुस्लिम है। मुर्शिदाबाद में तो यह आंकड़ा 70 फीसदी से ज्यादा है। यहीं बेलडांगा में बाबरी मस्जिद की तरह मस्जिद बनाई जा रही है। कबीर ने कहा कि मस्जिद बनने की समय सीमा दो साल ठेकेदार की तरफ से दी गई है। इसे रोकने की हिम्मत किसी में भी नहीं है। मैं अपना वादा पूरा करूंगा।
कबीर ने कहा, ''बंगाल में 294 सीटें हैं, इसमें से 100 सीटों पर मुस्लिम अहम रोल निभाते हैं। बाकी 194 का क्या? टीएमसी कई मंदिर बना रही है और दुर्गा पूजा पर लाखों रुपये दे रही। ऐसे में हिंदू उन्हें वोट क्यों नहीं देंगे। मेरा मानना है कि मुसलमानों को किसी मुस्लिम को ही वोट देना चाहिए।'' उन्होंने राहुल गांधी और अभिषेक बनर्जी पर निशाना साधते हुए कहा कि दोनों साथ चाय पीते हैं और बंगाल में लोगों को बेवकूफ बनाने की कोशिश करते हैं।
हुमायूं ने एआईएमआईएम चीफ ओवैसी को अपना बड़ा भाई बताया, लेकिन पार्टी पर निशाना भी साधा। उन्होंने कहा कि ओवैसी ने बंगाल में एआईएमआईएम का प्रमुख इमरान सोलंकी को बनाया है और एडवोकेट आदिल हसन को ऑब्जर्वर बनाया हुआ है। दोनों ही चोर हैं और टीएमसी के साथ मिलकर पैसे कमाने की कोशिश में लगे हुए हैं। पिछले दिनों आए एक स्टिंग ऑपरेशन में तृणमूल कांग्रेस ने हुमायूं पर भाजपा के साथ मिलकर हजार करोड़ रुपये की डील करने का आरोप लगाया था। हालांकि, कबीर ने इस वीडियो को खारिज करते हुए एआई वीडियो बता दिया था।
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