कॉकरोच प्रोटेस्ट के बाद इस्तीफा देने वाले धर्मेंद्र प्रधान ने तोड़ी चुप्पी, बोले-10 साल में 20 करोड़ बच्चे...

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कॉकरोच पार्टी प्रोटेस्ट के बाद इस्तीफा देने वाले पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपनी चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने कहा कि जेन जी हमारे ही बच्चे हैं। कुछ लोगों ने उन्हें गुमराह करने की कोशिश की है। बात दें, ओडिशा में प्रधान के BJD कार्यकर्ता लगातार नारेबाजी कर रहे हैं।

Dharmendra Pradhan Resignation Live
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा

नीट पेपर लीक को लेकर हुए कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन के बाद इस्तीफा देने वाले पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का बयान सामने आया है। उन्होंने अपने इस्तीफे को लेकर फिर से दोहराया कि नीट पेपर लीक के मामले में युवा पीढ़ी को गुमराह करने की कोशिश हुई थी। इसके बाद देश और बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उन्होंने इस्तीफा दे दिया।

वरिष्ठ भाजपा नेता और संबलपुर से सांसद धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार को भुवनेश्वर के जीएम विश्वविद्यालय में छात्रों और शिक्षकों को दिए अपने संबोधन के दौरान इस्तीफे पर पहली सार्वजनिक प्रतिक्रिया दी। उन्होंने जोर देकर कहा, "जेन जी हमारे बच्चे हैं। कुछ लोगों ने उन्हें गुमराह करने की कोशिश की। भारत में हर साल कम से कम दो करोड़ बच्चे जन्म लेते हैं। पिछले 10 वर्षों में 20 करोड़ बच्चे पैदा हुए हैं। उनकी अपनी आकांक्षाएं हैं और वे भारत को 'विश्व गुरु' बनाएंगे। मेरे लिए पद महत्वपूर्ण नहीं था।''

ओडिशा में प्रधान का विरोध कर रहे BJD कार्यकर्ता

बता दें, राष्ट्रीय स्तर पर विरोध का सामना कर रहे पूर्व शिक्षा मंत्री के लिए उनके गृह राज्य में भी हालात सामान्य नहीं है। क्षेत्रीय पार्टी बीजेडी के कार्यकर्ता उनके लगभग हर कार्यक्रम में विरोध प्रदर्शन करते हुए नजर आते हैं। रायराखोल में ऐसे ही एक कार्यक्रम के दौरान प्रधान के खिलाफ जमकर नारेबाजी हुई। इसका जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि वह इन नारों से परेशान नहीं है। उन्होंने कहा, "मैं एक किसान का बेटा हूं। भले ही आप मुझे वापस जाने के लिए कहें, मैं वापस नहीं जाऊंगा, मैं लौटकर आऊंगा।"

नवीन पटनायक पर लगाया लोगों को भड़काने का आरोप

धर्मेंद्र प्रधान ने बीजू जनता दल के अध्यक्ष नवीन पटनायक के ऊपर युवाओं को उनके खिलाफ बरगलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, "नवीन बाबू मुझे ओडिशा के लोगों के लिए शर्म की बात और एक बुरा व्यक्ति भी कहते हैं। क्या मैंने कभी ऐसा कुछ किया है जिससे ओडिशा के लोगों को शर्मिंदगी उठानी पड़े?" इस पर सभा में मौजूद लोगों ने जोर से "नहीं" में जवाब दिया। उन्होंने कहा, "हो सकता है कि मैं राज्य के लिए सम्मान न ला रहा होऊं, लेकिन मैंने अपने काम से कभी भी लोगों को शर्मिंदा नहीं किया है। मैं कभी भी ऐसा कोई काम नहीं करूंगा जिससे राज्य की प्रतिष्ठा धूमिल हो।"

बता दें, जिस दौरान प्रधान यह बयान दे रहे थे उस दौरान मंच पर बीजेडी विधायक और ओडिशा विधानसभा के उपनेता प्रसन्ना आचार्य भी मौजूद थे।

इस्तीफे के बाद भी प्रधान ने छात्रों को गुमराह करने का लगाया था आरोप

पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने इस्तीफे को सार्वजनिक करने के बाद भी बयान जारी किया था। उस दौरान भी उन्होंने छात्रों को गुमराह किए जाने का आरोप लगाया था। उन्होंने कहा था कि जेन जी को गुमराह किया गया है। लेकिन 20 जुलाई की घटना को देखते हुए और बच्चों और देश की सुरक्षा को ध्यान में रखकर वह इस्तीफा दे रहे हैं।

Upendra Thapak

लेखक के बारे में

Upendra Thapak

उपेंद्र ने डिजिटल पत्रकारिता की शुरुआत लाइव हिन्दुस्तान से की है। पिछले एक साल से वे होम टीम में कंटेंट प्रोड्यूसर के तौर पर कार्यरत हैं। उन्होंने लोकसभा चुनाव 2024, ऑपरेशन सिंदूर और कई राज्यों के विधानसभा चुनावों की कवरेज की है। पत्रकारिता की पढ़ाई भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), नई दिल्ली (बैच 2023-24) से पूरी करने वाले उपेंद्र को इतिहास, अंतर्राष्ट्रीय संबंध, राजनीति, खेल, विज्ञान और समसामयिक घटनाओं से जुड़े विषयों में गहरी रुचि है। स्नातक स्तर पर बायोटेक्नोलॉजी की पढ़ाई करने के कारण उन्हें मेडिकल और वैज्ञानिक विषयों की भाषा की भी अच्छी समझ है। वे मूल रूप से मध्यप्रदेश के भिंड जिले के निवासी हैं।

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