
रिश्तों में तनाव के बीच अचानक बांग्लादेशी उच्चायोग पहुंचे रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, क्या वजह?
इससे पहले बुधवार को विदेश मंत्री एस जयशंकर बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के अंतिम संस्कार समारोह में शामिल होने के लिए ढाका पहुंचे थे। उन्होंने खालिदा जिया के बेटे तारिक रहमान से भी मुलाकात की।
Rajnath Singh visit Bangladesh High Commission in Delhi: भारत और बांग्लादेश के रिश्तों में आए तनाव के बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह गुरुवार को नई दिल्ली में स्थित बांग्लादेशी उच्चायोग पहुंचे। दरअसल रक्षा मंत्री यहां बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री बेगम खालिदा जिया के निधन पर संवेदनाएं व्यक्त करने पहुंचे थे। राजनाथ सिंह ने पूर्व प्रधानमंत्री और बीएनपी प्रमुख बेगम खालिदा जिया के निधन पर दुख व्यक्त किया है। वहीं उन्होंने यहां बांग्लादेश के उच्चायोग में शोक पुस्तिका पर हस्ताक्षर भी किए।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में राजनाथ सिंह ने इसकी जानकारी दी है। उन्होंने लिखा, “नई दिल्ली में बांग्लादेश के उच्चायोग का दौरा किया। पूर्व प्रधानमंत्री और बीएनपी अध्यक्ष बेगम खालिदा जिया के निधन पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए शोक पुस्तिका पर हस्ताक्षर किए। हमारी संवेदनाएं उनके परिवार और बांग्लादेश के लोगों के साथ हैं।”
बांग्लादेश के उच्चायुक्त ने क्या लिखा?
वहीं राजनाथ सिंह ने इस दौरान दिल्ली में बांग्लादेश के उच्चायुक्त से मुलाकात भी की। बांग्लादेशी उच्चायुक्त रियाज हमीदुल्लाह ने सोशल मीडिया पर तस्वीरें शेयर करते हुए लिखा कि वे भारत के रक्षा मंत्री का स्वागत कर सम्मानित महसूस कर रहे हैं। उन्होंने लिखा, “बांग्लादेश के उच्चायोग में माननीय रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह का स्वागत करते हुए सम्मानित महसूस कर रहा हूं। उन्होंने भारत की ओर से संवेदनाएं व्यक्त कीं और दिल्ली में पूर्व प्रधानमंत्री बेगम खालिदा जोया को श्रद्धांजलि दी।”
जयशंकर पहुंचे थे ढाका
इससे पहले विदेश मंत्री एस जयशंकर ने बुधवार को ढाका पहुंचकर बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) के नेता तारिक रहमान को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक शोक संदेश पत्र सौंपा। पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए यहां पहुंचने के तुरंत बाद जयशंकर ने बीएनपी के कार्यवाहक अध्यक्ष और जिया के सबसे बड़े बेटे रहमान से मुलाकात की और जिया के निधन पर भारत की ओर से गहरी संवेदना व्यक्त की।





