थलपति विजय की AI फोटो और वीडियो पोस्ट करने वाले को उठा ले गई चेन्नई पुलिस, गंभीर आरोप
पुलिस ने नीरज को दिल्ली के बुराड़ी इलाके से गिरफ्तार किया। अब चेन्नई पुलिस उसे वहां की अदालत में पेश करने के लिए चेन्नई ले जाएगी। पुलिस के मुताबिक, 20 अगस्त को फेसबुक पर विजय थलपति हेल्प नाम से एक पेज बनाया गया था।

दिल्ली की तीस हजारी अदालत ने तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय थलापति की AI से बनाई गई तस्वीरों और वीडियो के मामले की सुनवाई की। कोर्ट ने इस आरोप में गिरफ्तार नीरज को 2 दिन की ट्रांजिट रिमांड पर चेन्नई पुलिस को सौंपने की मंजूरी दी। आरोप है कि नीरज ने थलपति विजय के नाम और तस्वीर का इस्तेमाल कर लोगों को झूठे वादों के जरिए गुमराह करने की कोशिश की। इस मामले में चेन्नई के अन्ना नगर स्थित साइबर अपराध थाने में 5 सितंबर को मामला दर्ज किया गया था।
पुलिस ने नीरज को दिल्ली के बुराड़ी इलाके से गिरफ्तार किया। अब चेन्नई पुलिस उसे वहां की अदालत में पेश करने के लिए चेन्नई ले जाएगी। पुलिस के मुताबिक, 20 अगस्त को फेसबुक पर विजय थलपति हेल्प नाम से एक पेज बनाया गया था। इस पेज पर करीब 90 लोग जुड़े थे, जबकि यह 167 पेजों को देख रहा था। पेज पर विजय थलपति और उनकी पार्टी की तस्वीरें लगाई गई थीं। साथ ही ऐसा संदेश लिखा गया था, जिससे यह लगे कि मुख्यमंत्री बनने के बाद विजय थलपति पूरे देश में लोगों की मदद कर रहे हैं।
थलपति विजय के नाम से झूठी घोषणाएं
रिपोर्ट के मुताबिक, पेज पर एक मोबाइल नंबर भी दिया गया था। जांच में यह नंबर नीरज के नाम पर मिला। पुलिस का कहना है कि इस पेज पर ऐसे वीडियो और तस्वीरें भी डाली गईं, जिनमें विजय थलपति को एक करोड़पति कार्यक्रम में हिस्सा लेते और लोगों को पैसे से जुड़े फायदे देने की घोषणा करते हुए दिखाया गया था। जांच एजेंसी के अनुसार, पेज पर AI से बनाई गई तस्वीरों के जरिए मुफ्त घर, बाइक और दूसरी सुविधाएं देने का दावा भी किया गया। इससे लोगों को ऐसा लग सकता था कि ये घोषणाएं खुद मुख्यमंत्री की ओर से की गई हैं।
पुलिस ने कहा कि साइबर एक्सपर्ट की टीम ने विजय थलपति से जुड़े कई फेसबुक पेजों की जांच की है। जांच में सामने आया कि ऐसे अकाउंट अलग-अलग राज्यों से चलाए जा रहे थे। पुलिस को शक है कि इनका इस्तेमाल जानबूझकर झूठे डिजिटल वीडियो और तस्वीरें बनाने और फैलाने के लिए किया गया। इससे लोगों को ठगने के साथ विजय थलपति की छवि खराब करने की कोशिश भी हो सकती है। मामले की सुनवाई के दौरान सरकारी वकील अमन गौरव के जरिए पुलिस ने नीरज को चेन्नई ले जाने के लिए दो दिन की हिरासत मांगी थी।


