
आंध्र प्रदेश बस हादसे का ड्राइवर गिरफ्तार, आग लगने के बाद सवारियों को छोड़ भाग गया था
आंध्र प्रदेश में जलकर खाक हुई बस के ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया गया है। इस बस हादसे में 20 लोगों की मौत हो गई थी। हादसे के बाद बस ड्राइवर वहां से भाग निकला था।
आंध्र प्रदेश में जलकर खाक हुई बस के ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया गया है। इस बस हादसे में 20 लोगों की मौत हो गई थी। हादसे के बाद बस ड्राइवर वहां से भाग निकला था। पुलिस का कहना है कि भागने के बजाए अगर ड्राइवर ने वहां रुककर लोगों की मदद की होती तो शायद इतनी मौतें न हुई होतीं। इस ड्राइवर का नाम लक्ष्मय्या है।
भारी वाहन के लाइसेंस के लिए नकली प्रमाण पत्र
जांचकर्ताओं ने पाया कि लक्ष्मय्या ने केवल कक्षा 5 तक पढ़ाई की है। उसने भारी वाहन चलाने का लाइसेंस पाने के लिए दसवीं का नकली प्रमाण पत्र इस्तेमाल किया था। लाइसेंसिंग नियमों के अनुसार, किसी भी परिवहन वाहन को चलाने के लिए किसी को कक्षा 8 तक पढ़ाई करनी जरूरी है।
गौरतलब है कि आंध्र प्रदेश के कुरनूल जिले के चिन्ना टेकुरु गांव में 24 अक्टूबर को मोटरसाइकिल एक स्लीपर बस के नीचे आ गई थी। बस के टक्कर मारने से पहले ही मोटरसाइकिल एक अन्य हादसे का शिकार हुई थी। बस में 44 यात्री सवार थे। टक्कर के बाद मोटरसाइकिल बस के नीचे कुछ दूरी तक घिसटती रही जिससे उसकी पेट्रोल की टंकी फट गई और आग लग गई।
बाइक सवार दोनों व्यक्ति नशे में थे
बता दें कि आंध्र प्रदेश पुलिस ने रविवार को पुष्टि की कि बेंगलुरु जा रही बस में आग लगने की घटना से जुड़ी मोटरसाइकिल पर सवार दोनों व्यक्ति नशे में थे। कुरनूल रेंज के पुलिस उप महानिरीक्षक (डीआईजी) कोया प्रवीण ने कहा कि फोरेंसिक जांच से अभी-अभी पुष्टि हुई है कि मोटरसाइकिल पर सवार दोनों व्यक्ति (शिव शंकर और एरी स्वामी) नशे में थे।

डीआईजी ने शनिवार रात बताया कि दोनों ने एक ढाबे पर खाना खाया था और स्वामी ने शराब पीने की बात स्वीकार की है। पुलिस के अनुसार, शिव शंकर देर रात करीब दो बजे लक्ष्मीपुरम गांव से स्वामी को तुग्गली गांव छोड़ने के लिए निकला था। कुरनूल के पुलिस अधीक्षक विक्रांत पाटिल ने बताया कि रास्ते में दोनों देर रात दो बजकर 24 मिनट पर पेट्रोल भराने के लिए एक कार शोरूम के पास पेट्रोल पंप पर रुके थे।
पेट्रोल पंप पर उनके रुकने का एक वीडियो वायरल हुआ था जिसमें शंकर लापरवाही से दोपहिया वाहन चलाते दिख रहा है। पेट्रोल पंप से रवाना होने के कुछ ही देर बाद दोपहिया वाहन फिसल गया, जिससे शंकर दाहिनी ओर गिरकर डिवाइडर से टकरा गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पिछले कुछ दिनों में दक्षिणी राज्य में व्यापक पैमाने पर बारिश हुई है जिससे सड़कों पर फिसलन है।
पाटिल ने बताया कि स्वामी ने शंकर को सड़क के बीच से खींचकर उसकी जांच की और पाया कि उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। पाटिल ने कहा कि जब वह मोटरसाइकिल को सड़क से हटाने के बारे में सोच ही रहा था तभी बस तेजी से आई और दो पहिया वाहन को कुचलते हुए कुछ दूर तक घसीटती हुई ले गई।
लगातार दो दुर्घटनाएं होने और बस में भीषण आग लगने से स्वामी डर गया और अपने पैतृक गांव तुग्गली चला गया। बाद में पुलिस स्वामी को लेकर आई और इस भयावह दुर्घटना के महत्वपूर्ण विवरण का पता लगाने के लिए उससे पूछताछ की।





