15,000 करोड़ की वसूली के बाद भी नहीं बचेगा विजय माल्या! ED ने दे दिया झटका
बॉम्बे हाईकोर्ट ने हाल ही में माल्या को अपना रुख साफ करने का एक आखिरी मौका दिया है कि क्या वे भारत लौटने और भारतीय अदालतों के सामने आत्मसमर्पण करने के लिए तैयार हैं। ED की बात से माल्या को झटका लगा है।

भारत के भगोड़े कारोबारी विजय माल्या को जांच एजेंसी ED ने करारा झटका दिया है। ED ने हाईकोर्ट से साफ कह दिया है कि 15 हजार करोड़ रुपये की वसूली के बाद भी विजय माल्या को राहत नहीं मिलेगी। ED ने कहा है कि बैंकों द्वारा की गई पैसों की वसूली से मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के तहत चल रही आपराधिक कार्यवाही खत्म नहीं होती।
बता दें कि विजय माल्या 2016 में भारत छोड़ने के बाद से ब्रिटेन में हैं। उन्हें 2019 में देश में भगोड़ा घोषित किया जा चुका है। बॉम्बे हाईकोर्ट ने हाल ही में माल्या को यह स्पष्ट करने का आखिरी मौका दिया है कि क्या वह भारत लौटकर अदालत के अधिकार क्षेत्र में खुद को पेश करना चाहते हैं। अब ED के जवाब के बाद कोर्ट इस मामले में आगे की सुनवाई कर सकती है।
क्या-क्या बोली ED?
ED ने माल्या के भारत से बाहर रहने और खुद को अदालत में पेश न करने का मुद्दा उठाते हुए कहा कि माल्या को दी जाने वाली राहत पर विचार करते समय यह एक अहम तथ्य है। ED ने कहा, “उनकी लगातार अनुपस्थिति और उनका आचरण मौजूदा कार्यवाही की पूरी पृष्ठभूमि में प्रासंगिक बने हुए हैं।”
खत्म कर दो केस- माल्या
ED का यह जवाब उस याचिका के जवाब में आया है, जिसमें माल्या ने हाईकोर्ट में लंबे समय से लंबित मामले को खत्म करने की मांग की है। उनका कहना है कि उनसे कर्ज से ज्यादा रकम की वसूली की जा चुकी है। माल्या के वकीलों का दावा है कि भारतीय स्टेट बैंक के नेतृत्व वाले बैंकों के समूह ने करीब 15,000 करोड़ रुपये की वसूली कर ली है, जबकि ब्याज समेत मूल दावा करीब 6,203 करोड़ रुपये का ही था।
हालांकि ED ने इस मामले को केवल कारोबारी विवाद बताने से इनकार कर दिया। एजेंसी ने कहा कि बैंक के बकाये की वसूली को आपराधिक कार्यवाही से जोड़ना गलत है। एजेंसी ने कहा कि बाद में संपत्तियों की वसूली हो जाने से आपराधिक कार्यवाही खत्म नहीं हो जाती। ED ने अपने जवाब में कहा, “PMLA की धारा 8(8) के तहत संपत्तियों की बहाली उस व्यक्ति को संपत्ति वापस देने की कानूनी प्रक्रिया है, जिसका उस संपत्ति पर वैध हित है। यह अपने आप में यह तय नहीं करती कि अपराध या मनी लॉन्ड्रिंग का अपराध हुआ है या नहीं।”
कॉकरोच बनना चाहते हैं विजय माल्या
विजय माल्या ने बीते दिनों अपने एक पोस्ट से खून सुर्खियां बटोरी थीं। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में लिखा था कि उन्हें कॉकरोच बन जाना चाहिए। माल्या ने लिखा, “मेरे साथ जितना अन्याय हुआ है, और हो रहा है, उन्हें देखते हुए सोचता हूं कि क्या मुझे कॉकरोच बन जाना चाहिए। शायद कॉकरोच की जिंदगी बेहतर हो।”


