चकाचौंध वाली IT जॉब छोड़ किसान बना था युवक, खेत में काम करते समय बिजली गिरने से मौत

लाइव हिन्दुस्तान
Follow us on Google News
share

रोशन ने करियर की शुरुआत IT से की थी। हाल ही में उन्होंने अपनी नौकरी से इस्तीफा दे दिया था और खेती में जुड़ गए थे। इस काम में उनका साथ उनके एक सहकर्मी भी दे रहे थे। खबर है कि रोशन ने कृषि क्षेत्र में कदम रखा ही था।

चकाचौंध वाली IT जॉब छोड़ किसान बना था युवक, खेत में काम करते समय बिजली गिरने से मौत

शहर की तेज रफ्तार जिंदगी, आसमान छूती इमारतें, मोटी तनख्वाह और आकर्षक लाइफस्टाइल। IT सेक्टर की यह चकाचौंध इंजीनियरिंग की राह पकड़े हर युवक का सपना होती है। जरा सोचिए कि सालों की पढ़ाई और इस माहौल को छोड़, कोई मिट्टी से जुड़ने के लिए खेती की राह चुन ले और वही मिट्टी उसकी आखिरी मंजिल बन जाए। किस्मत का ऐसा ही एक क्रूर खेल बेंगलुरु के एक युवा टेक प्रोफेशनल के साथ हुआ है, जिसने खेती के लिए कॉर्पोरेट की दुनिया तो छोड़ दी, लेकिन काल ने उसे खेत में ही अपना शिकार बना लिया।

कहानी कर्नाटक के कोदागु जिले के मदिकेरी के पास हेरवानंद गांव के रहने वाले होसोकुलु रोशन बालकृष्ण की है। IT यानी इंफर्मेशन टेक्नोलॉजी क्षेत्र में अच्छा जीवन गुजार रहे होसोकुलु को शायद नहीं पता था कि उनका जुनून ही उनकी जान का दुश्मन बन जाएगा। वह अब इस दुनिया में नहीं है। गांव में ही उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया है। वह अपने पीछे पत्नी और एक बेटे को छोड़ गए हैं।

नौकरी छोड़ खेती की

रोशन ने करियर की शुरुआत IT से की थी। हाल ही में उन्होंने अपनी नौकरी से इस्तीफा दे दिया था और खेती में जुड़ गए थे। इस काम में उनका साथ उनके एक सहकर्मी भी दे रहे थे। खबर है कि रोशन ने कृषि क्षेत्र में कदम रखा ही था। वह मुख्य रुप से खेती में काम आने वाले आधुनिक उपकरणों के इस्तेमाल के लिए काम कर रहे थे। साथ ही इसका प्रचार भी करते थे।

कैसे हुई मौत

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, मंगलवार को मैसूर के पास धान के खेत में उनपर आकाशीय बिजली गिर पड़ी थी। इस घटना में उनकी मौत हो गई। दरअसल, रोशन, पत्नी और बच्चे के साथ अपनी प्रॉपर्टी देखने के लिए गए थे और येलवाला के पास रुके थे। यहां वह खेत में आम तोड़ने के लिए गए थे। इसी बीच अचानक आकाश से बिजली गिरी और रोशन मौके पर ही गिर गए।

इस दौरान रोशन के साथ एक और शख्स मौजूद था, लेकिन उन्हें घटना में सिर्फ मामूली चोटें आईं हैं। स्थानीय जिला प्रशासन ने परिवार को आर्थिक सहायता देने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। खबर है कि उन्हें 5 लाख रुपये दिए जाएंगे। इसमें से 4 लाख रुपये SDRF यानी स्टेट डिजास्टर रिस्पॉन्स फंड और 1 लाख रुपये नेशनल डिजास्टर रिस्पॉन्स फंड से मिलेंगे।

इस खबर पर आपकी क्या राय है?

Nisarg Dixit

लेखक के बारे में

Nisarg Dixit

निसर्ग दीक्षित न्यूजरूम में करीब एक दशक का अनुभव लिए निसर्ग दीक्षित शोर से ज़्यादा सार पर भरोसा करते हैं। पिछले 4 साल से वह लाइव हिनुस्तान में डिप्टी चीफ प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं, जहां खबरों की योजना, लेखन, सत्यापन और प्रस्तुति की जिम्मेदारी संभालते हैं। इससे पहले दैनिक भास्कर और न्यूज़18 जैसे बड़े मीडिया संस्थानों में काम कर चुके हैं, जहाँ उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग से लेकर डेस्क तक की भूमिकाएं निभाईं। उन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई की, जिसने उनके काम करने के तरीके को व्यावहारिक और तथ्य आधारित बनाया। निसर्ग की खास रुचि खोजी रिपोर्टिंग, ब्रेकिंग स्टोरीज़ और विज़ुअल न्यूज़ स्टोरीज़ में है। वे जटिल मुद्दों को सरल भाषा और स्पष्ट तथ्यों के साथ प्रस्तुत करने में विश्वास रखते हैं। राजनीति और जांच पड़ताल से जुड़े विषयों पर उनकी मजबूत पकड़ है। निसर्ग लोकसभा चुनावों, कई राज्यों के विधानसभा चुनावों और अहम घटनाओं को कवर कर चुके हैं। साथ ही संसदीय कार्यवाही और सुप्रीम कोर्ट की महत्वपूर्ण सुनवाइयों को नियमित रूप से कवर करते हैं। गूगल जर्नलिस्ट्स स्टूडियो में भी निसर्ग योगदान देते हैं।

और पढ़ें
Hindi News , इंडिया न्यूज़ , आज का मौसम , विधानसभा चुनाव और उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 से जुड़ी नवीनतम खबरों और पल-पल की जानकारी के लिए हमारे साथ जुड़े रहें। सभी बड़ी खबरें सबसे पहले पाने के लिए लाइव हिन्दुस्तान ऐप अभी डाउनलोड करें।