Hindi NewsIndia NewsAtul Subhash Suicide Case Mother Big Step Reached Supreme Court for Grandson Custody
अतुल सुभाष की आत्महत्या के बाद मां ने उठाया बड़ा कदम, क्यों पहुंचीं सुप्रीम कोर्ट?

अतुल सुभाष की आत्महत्या के बाद मां ने उठाया बड़ा कदम, क्यों पहुंचीं सुप्रीम कोर्ट?

संक्षेप:

  • बेंगलुरु में सुसाइड करने वाले एआई इंजीनियर अतुल सुभाष की मां ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। उन्होंने कोर्ट से अपने पोते की कस्टडी की मांग की है। इस मामले में सात जनवरी को सुनवाई होगी।

Dec 20, 2024 04:36 pm ISTMadan Tiwari लाइव हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
share Share
Follow Us on

बेंगलुरु के एआई इंजीनियर अतुल सुभाष की आत्महत्या के बाद उनकी मां ने अपने चार साल के पोते के लिए बड़ा कदम उठाया है। अतुल की मां ने पोते की कस्टडी के लिए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। अतुल सुभाष ने नौ दिसंबर को अपनी पत्नी निकिता सिंघानिया और उसके परिवार के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए सुसाइड कर लिया था। इसके बाद सोशल मीडिया पर काफी बवाल हुआ और अतुल को न्याय दिलाने की मांग की जाने लगी। अतुल की मां की याचिका पर अब सात जनवरी को सुप्रीम कोर्ट सुनवाई करेगा।

प्यार से लेकर प्रमोशन तक 2026 का पूरा हाल जानें ✨अभी पढ़ें

‘एनडीटीवी’ के अनुसार, अतुल सुभाष की मां अंजू मोदी ने अपने पोते की कस्टडी अपने पास रखने के लिए हेबस कॉर्पस दायर की है। याचिका में दावा किया गया है कि सुभाष की पत्नी निकिता और न ही उसके परिवार के किसी अन्य सदस्य ने यह नहीं बताया है कि बच्चा अभी आखिर कहां पर है। अपने याचिका में अंजू मोदी ने आरोप लगाया है कि सिंघानिया परिवार पोते की जानकारी हासिल करने में बाधा डाल रहा है। इसके साथ ही, सुभाष के पिता पवन कुमार भी पोते की कस्टडी की कई बार मांग कर चुके हैं।

सूत्रों के अनुसार, पुलिस के साथ पूछताछ में निकिता ने बताया है कि बच्चा फरीदाबाद के एक बोर्डिंग स्कूल में पढ़ रहा है, जिसकी देखभाल उसके चाचा सुशील सिंघानिया कर रहे हैं। पोते की कस्टडी को लेकर दायर की गई याचिका पर अब सात जनवरी को सुनवाई होगी। इसके लिए जस्टिस बीवी नगरत्ना और जस्टिस एन कोटिश्वर सिंह ने यूपी, हरियाणा और कर्नाटक सरकार को नोटिस जारी करके स्थिति को साफ करने के लिए कहा है।

पिछले दिनों बेंगलुरु पुलिस ने निकिता सिंघानिया, उसकी मां और उसके भाई को गिरफ्तार किया था। तीनों की गिरफ्तारी प्रयागराज और गुरुग्राम से हुई थी। पुलिस तीनों से लगातार मामले की पूछताछ कर रही है। वहीं, इलाहाबाद हाई कोर्ट ने सोमवार को अतुल सुभाष आत्महत्या मामले के एक और आरोपी सुशील सिंघानिया को अग्रिम जमानत दे दी थी। सुशील सिंघानिया, अतुल सुभाष की पत्नी के चाचा हैं। पुलिस ने बताया कि आरोपी निकिता सिंघानिया को हरियाणा के गुरुग्राम से गिरफ्तार किया गया।

डीसीपी के अनुसार, निशा सिंघानिया और अनुराग सिंघानिया समेत अन्य आरोपियों को उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में होटल रामेश्वरम के पास से गिरफ्तार किया गया। डीसीपी कुमार ने बताया था, "आरोपी निकिता सिंघानिया को गुरुग्राम के ब्लॉसम स्टेज पीजी के पास से गिरफ्तार किया गया। आरोपी निशा सिंघानिया और अनुराग सिंघानिया को यूपी के प्रयागराज में होटल रामेश्वरम के पास से गिरफ्तार किया गया। उन्हें बेंगलुरु लाया गया और जज के सामने पेश किया गया। उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है...कई टीमों को कई जगहों पर भेजा गया।''

ये भी पढ़ें:अतुल सुभाष सुसाइडः समस्तीपुर में भी एफआईआर दर्ज, क्या है शिकायत?
ये भी पढ़ें:संसद में उठाओ अतुल सुभाष का मुद्दा, कार्यकर्ताओं ने किया राहुल गांधी का पीछा
ये भी पढ़ें:पोते को लाने की अपील और आंखों में आंसू, अतुल के पिता से मिले पुरुष आयोग के सदस्य

एक निजी फर्म के 34 वर्षीय डिप्टी जनरल मैनेजर अतुल सुभाष ने 9 दिसंबर को अपने बेंगलुरु अपार्टमेंट में आत्महत्या कर ली थी। उन्होंने 24 पन्नों का सुसाइड नोट छोड़ा, जिसमें उन्होंने अपनी पत्नी और उनके रिश्तेदारों पर उत्पीड़न का आरोप लगाया। अपने सुसाइड नोट में उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि एक जज ने मामले को समाधान करने के लिए 5 लाख रुपये की मांग की थी। इस बीच, मृतक बेंगलुरु के तकनीकी विशेषज्ञ अतुल सुभाष के पिता ने अपने पोते की कस्टडी के लिए गुहार लगाई। सुभाष के पिता पवन कुमार मोदी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और अन्य लोगों से अपने पोते की देखभाल सुनिश्चित करने की अपील की है।

Madan Tiwari

लेखक के बारे में

Madan Tiwari

लखनऊ के रहने वाले मदन तिवारी को मीडिया में एक दशक से भी ज्यादा का अनुभव है। वर्तमान में हिन्दुस्तान अखबार की न्यूज वेबसाइट लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स डिजिटल) में डिप्टी न्यूज एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। जागरण इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड मास कम्युनिकेशन से पत्रकारिता की पढ़ाई की। कक्षा 12वीं के बाद से ही दैनिक जागरण, अमर उजाला, जनसत्ता समेत तमाम अखबारों में संपादकीय पृष्ठ पर लिखना शुरू किया। महज दो सालों में विभिन्न राष्ट्रीय और क्षेत्रियों अखबारों में दो सौ से अधिक आलेख प्रकाशित हुए। ग्रेजुएशन करते समय ही मीडिया में नौकरी की शुरुआत की। लाइव हिन्दुस्तान में अभी दूसरी पारी है और दोनों पारियों को मिलाकर यहां आठ साल से ज्यादा हो चुके हैं। मदन आजतक जैसे अन्य संस्थानों में भी काम कर चुके हैं।


यूपी-बिहार की पॉलिटिक्स से लेकर राष्ट्रीय स्तर की राजनीतिक खबरों को कवर करने का लंबा अनुभव है। पॉलिटिकल न्यूज में ज्यादा रुचि है और पिछले एक दशक में देशभर में हुए विभिन्न विधानसभा चुनावों के साथ-साथ लोकसभा चुनावों को भी कवर किया है। लाइव हिन्दुस्तान के लिए मदन देश-विदेश में रोजाना घटित होने वाली खबरों के साथ-साथ पॉलिटिकल खबरों का एनालिसिस, विभिन्न अहम विषयों पर एक्सप्लेनर, ब्रेकिंग न्यूज, वायरल न्यूज आदि कवर करते हैं। इसके अलावा, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ वॉर से लेकर मिडिल ईस्ट में असली वॉर तक की इंटरनेशनल खबरों पर लिखते-पढ़ते रहते हैं। पिछले एक दशक में पत्रकारिता क्षेत्र में कई पुरस्कार मिल चुके हैं। मदन ने लाइव हिन्दुस्तान में काम करते हुए जर्नलिस्ट ऑफ द ईयर, मंथली अवॉर्ड्स, पॉपुलर च्वॉइस, एचटी स्टार अवॉर्ड्स समेत कई पुरस्कार जीते हैं।

और पढ़ें
इंडिया न्यूज़ , विधानसभा चुनाव और आज का मौसम से जुड़ी ताजा खबरें हिंदी में | लेटेस्ट Hindi News, बॉलीवुड न्यूज , बिजनेस न्यूज , क्रिकेट न्यूज पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।