'पीएम मोदी ने आसिम मुनीर की छुट्टी कर दी', ब्रिक्स में आए ईरानी पत्रकार ने पाकिस्तान को दिखाया आईना
ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में आने के बाद ईरान के एक पत्रकार ने कहा कि पीएम मोदी ने आसिम मुनीर की छुट्टी कर दी है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान ईरान-अमेरिका के बीच मध्यस्थता में बुरी तरह फेल हुआ है।

भारत की मेजबानी में आयोजित BRICS शिखर सम्मेलन में भारत की कूटननीति से दोस्त तो क्या चीन जैसे देश भी प्रभावित हैं। रूस और यूक्रेन में युद्ध रुकवाने की पहल करने के बाद अब ईरान भी भारत की ही ओर देखने लगा है। इस सम्मेलन में सबसे बड़ी बात यही निकलकर सामने आई कि भारत की कूटनीति किसी तीसरे की मोहताज नहीं है। उधर ईरान और अमेरिका के बीच युद्ध को रुकवाने के लिए पाकिस्तान जिस तरह से क्रेडिट लूट कार्यक्रम चला रहा था, उसकी पोल खुलती चली जा रही है। इसी बीच ईरान से आए पत्रकार बसीम लालेह ने कहा, आसिम मुनीर, तुम्हारी तो छुट्टी हो गई है।
लालेह ने कहा कि पश्चिम एशिया में संकट के दौरान संवाद को लेकर भारत ज्यादा बड़ी भूमिका निभा रहा है। उन्होंने कहा कि ब्रिक्स के दौरान ईरान और यूएई दोनों से पीएम मोदी की वार्ता और फिर यूएई और ईरान की बातचीत होना इसका पुख्ता प्रमाण है। वहीं पाकिस्तान अब तक आंचलिक शांति को लेकर कोई उदाहरण नहीं स्थापित कर पाया है। होर्मुज और खाड़ी देशों को लेकर पाकिस्तान की भूमिका संदिग्ध है।
आसिम मुनीर की छुट्टी
लालेह ने कहा, अगर आसिम मुनीर की बात करें तो वह तो हर मोर्चे पर फेल हैं। मुझे लगता है कि जिस तरह से भारत में ईरानी राष्ट्रपति पेजेश्कियन और अबू धाबी के क्राउन प्रिंस के बीच वार्ता हुई है इससे होर्मुज को लेकर भी कोई ना कोई रास्ता खुलेगा। पीएम मोदी के नेतृत्व में ब्रिक्स की मेजबानी शानदार रही और इसके बाद पाकिस्तान की पश्चिमी एशिया मेंकोई जगह नहीं रह गई है। उन्होंने उम्मीद जताई की दो महीने में ही पश्चिम एशिया में छिड़े युद्ध पर सकारात्मक रुख नजर आएगा।
लालेह ने कहा कि पाकिस्तान खुद भी दूसरों पर आश्रित है। ऐसे में उसके पास स्वतंत्र होकर सोचने की क्षमता ही नहीं है। इसीलिए उसकी विदेशनीति और कूटनीति भी लचर है। दुनियाभर में भारत को बड़ी तवज्जो मिल रही है। प्रधानमंत्री मोदी ने मतभेदों को भुलाकर साथ आने और विचार करने पर जोर दिया है जो कि पश्चिम एशिया के लिए बहुत ही फायदेमंद साबित होगा। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान खुद आतंकवाद का व्यापार करता है और ऐसे में वह शांति की बात नहीं कर सकता है।
आपको बता दें कि सऊदी अरब पर हमला करने वालों के खिलाफ भी पाकिस्तान लामबंद नहीं कर पा रहा है। जबकि सऊदी क्राउन प्रिंस के साथ पाकिस्तान में तुर्की के साथ मक्का जॉइंट डिफेंस एग्रीमेंट में इसपर सहमति जताई थी। ऐसे में पाकिस्तान पहले ही टेस्ट में फेल हो गया है। आसिम मुनीर मक्का पैक्ट से पीछे हटते नजर आ रहे हैं।


