NDA के ऑफर पर अभिजीत दीपके का जवाब, पूछा- पर मैं तो एंटी-नेशनल था?
इससे पहले मोदी सरकार के मंत्री ने अभिजीत दीपके को NDA में शामिल होने का न्योता दिया था। अब केंद्रीय मंत्री के ऑफर पर कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर अभिजीत दीपके की प्रतिक्रिया सामने आई है।

अभिजीत दीपके को हाल ही में सत्तारूढ़ NDA में शामिल होने का न्योता मिला था। केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले ने कहा था कि कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर दीपके को RPI(A) में शामिल हो जाना चाहिए। अब इस पर अभिजीत दीपके की प्रतिक्रिया सामने आई है। दीपके ने इसका जवाब एक तंज के रूप में दिया है और कहा है कि एक महीने पहले तक उन्हें एंटी नेशनल का टैग दिया जा रहा था।
गौरतलब है कि अभिजीत दीपके ने हाल ही में दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए विरोध प्रदर्शनों के दौरान कॉकरोच जनता पार्टी की अगुवाई की थी। आंदोलन में सफलता मिलने के बाद से ही दीपके सुर्खियों में हैं। इस बीच NDA से मिले ऑफर की एक खबर को शेयर करते हुए दीपके ने इंस्टाग्राम पर लिखा, “पर अभी एक महीने पहले तो मैं एंटी-नेशनल था तुम्हारे लिए?”
रामदास आठवले ने दिया था न्योता
इससे पहले केंद्रीय मंत्री रामदास आठले ने अभिजीत दीपके को एनडीए के घटक के घटक दल रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (आठवले) में शामिल होने का न्योता दिया था। आठवले ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा था, "मुझे लगता है कि अभिजीत दीपके एक आंबेडकरवादी हैं। वह युवा और सक्रिय हैं। उन्हें डॉ बाबासाहेब आंबेडकर का सपना पूरा करने और समाज व पार्टी को मजबूत करने के लिए RPI(A) में शामिल होने पर विचार करना चाहिए।”
रामदास आठवले ने दीपके की तारीफ भी की। उन्होंने कहा था, “बीते दिनों उन्होंने पेपर लीक को लेकर बहुत अच्छे से आंदोलन किया।… हम भी आंदोलन करते करते आए हैं।… इसीलिए अभिजीत दीपके जी से मेरा निवेदन यह है कि अरविंद केजरीवाल जी के साथ ज्यादा न रह कर, उन्हें रिपब्लिकन पार्टी की टीम में रहना चाहिए। हम उनके अनुभव का अच्छा उपयोग कर सकते हैं।… कॉकरोच जनता पार्टी चलाने का कोई फायदा नहीं है।”
दीपके का तीखा तंज
अभिजीत दीपके ने आठवले की इस पेशकश पर तंज कसा है। दरअसल दीपके ने याद दिलाया कि जब बीते महीने जंतर-मंतर पर नीट पेपर लीक के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे थे, तब सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने उन्हें निशाना बनाया था और उनके और उनकी टीम के लिए एंटी नेशनल जैसे शब्दों के प्रयोग भी किए गए। गौरतलब है कि जंतर-मंतर पर CJP के नेतृत्व में हजारों छात्रों ने एक महीने से ज्यादा समय तक आंदोलन किया था। दबाव बढ़ने के बाद 25 जुलाई को धर्मेंद्र प्रधान को केंद्रीय शिक्षा मंत्री के पद से इस्तीफा देना पड़ा था। इस आंदोलन को कॉकरोच जनता पार्टी ने बड़ी जीत के रूप में पेश किया।
राजनीति में आएंगे अभिजीत दीपके?
इससे पहले अभिजीत दीपके ने कई बार कहा है कि CJP फिलहाल एक राजनीतिक दल के रूप में चुनाव नहीं लड़ेगी। उनके मुताबिक पार्टी फिलहाल देश में एक 'प्रेशर ग्रुप' यानी दबाव समूह के रूप में काम करेगी और देशहित के मुद्दे उठाएगी। CJP ने हाल ही में महाराष्ट्र में 'स्कूल ठीक करो' अभियान शुरू किया है। इसका उद्देश्य सरकारी स्कूलों की बदहाल व्यवस्था को सुधारना है।


