फोटो गैलरी

अगला लेख

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

Hindi News महाराष्ट्रअजित पवार के 19 विधायक बदलेंगे पाला, शरद पवार के पोते रोहित ने बढ़ा दी महाराष्ट्र में हलचल

अजित पवार के 19 विधायक बदलेंगे पाला, शरद पवार के पोते रोहित ने बढ़ा दी महाराष्ट्र में हलचल

रोहित पवार ने कहा, 'एनसीपी के कई विधायक हैं जिन्होंने जुलाई 2023 में पार्टी में हुए विभाजन के बाद कभी भी पार्टी के संस्थापक शरद पवार और दूसरे सीनियर नेताओं के खिलाफ गलत बात नहीं की।'

अजित पवार के 19 विधायक बदलेंगे पाला, शरद पवार के पोते रोहित ने बढ़ा दी महाराष्ट्र में हलचल
mumbai--india---june-10--2024-dy-cm-ajit-pawar-int jpg
Niteesh Kumarएजेंसी,मुंबईTue, 18 Jun 2024 10:08 AM
ऐप पर पढ़ें

लोकसभा चुनाव के बाद जिन राज्यों में हलचल तेज हैं, उनमें महाराष्ट्र का नाम सबसे आगे है। यहां एकनाथ शिंदे और अजित पवार ने बगावत की थी और भाजपा के साथ सरकार का हिस्सा हैं। अब लोकसभा चुनावों में जब एनडीए को करारा झटका लगा है तो दोनों नेताओं के साथ आए विधायक अब शरद पवार और उद्धव ठाकरे खेमे के संपर्क में हैं। इस बीच शरद पवार के पोते रोहित पवार ने ऐसा दावा किया है, जो अजित पवार की टेंशन बढ़ा सकता है। उनका कहना है कि अजित पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी के 18 से 19 विधायक विधानसभा के आगामी मॉनसून सत्र के बाद उनके पाले में आ जाएंगे।

रोहित पवार ने कहा कि एनसीपी के कई विधायक हैं, जिन्होंने जुलाई 2023 में पार्टी में हुए विभाजन के बाद कभी भी पार्टी के संस्थापक शरद पवार और अन्य वरिष्ठ नेताओं के खिलाफ गलत बात नहीं की। शरद पवार के पोते ने कहा, ‘लेकिन उन्हें विधानसभा सत्र में भाग लेना है और अपने निर्वाचन क्षेत्रों के लिए विकास निधि प्राप्त करनी है। इसलिए वे सत्र समाप्त होने तक प्रतीक्षा करेंगे। एनसीपी के 18 से 19 विधायक हमारे और पवार साहब के संपर्क में हैं, और वे मानसून सत्र के बाद उनके पक्ष में आ जाएंगे। ’

बता दें कि अविभाजित एनसीपी ने 2019 के चुनावों में 54 विधानसभा सीटें जीती थीं। जुलाई 2023 में जब पार्टी विभाजित हुई, तो अजित पवार के नेतृत्व वाले गुट ने लगभग 40 विधायकों के समर्थन का दावा किया था। विधानमंडल का मानसून सत्र 27 जून से शुरू होगा और 12 जुलाई को समाप्त होगा। राज्य में अक्टूबर में होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले यह आखिरी सत्र होगा। यही नहीं उद्धव गुट के नेता भी दावा कर रहे हैं कि शिंदे के विधायक टूट सकते हैं। हालांकि पिछले दिनों सख्त तेवर दिखाते हुए उद्धव ठाकरे ने कहा था कि हम उन लोगों को वापस नहीं लेंगे, जो मुश्किल वक्त में छोड़ गए थे।