उज्जैन में महामंडलेश्वर को हनीट्रैप में फंसाने की बड़ी साजिश बेनकाब, साध्वी समेत 2 पर FIR
मध्य प्रदेश के उज्जैन में बनारस की महिला को 50 हजार रुपये का लालच देकर कथित तौर पर महामंडलेश्वर शांति स्वरूपानंद महाराज को हनीट्रैप में फंसाने की साजिश का खुलासा हुआ है। पुलिस की पूछताछ में महिला ने आरोप लगाए हुए कहा कि उसे महामंडलेश्वर को रेप केस में फंसाने के लिए बुलाया गया था।

मध्य प्रदेश के उज्जैन में बनारस की महिला को 50 हजार रुपये का लालच देकर कथित तौर पर महामंडलेश्वर शांति स्वरूपानंद महाराज को हनीट्रैप में फंसाने की साजिश का खुलासा हुआ है। पुलिस की पूछताछ में महिला ने आरोप लगाए हुए कहा कि उसे महामंडलेश्वर को रेप केस में फंसाने के लिए बुलाया गया था। मना करने पर अश्लील फोटो वायरल करने के लिए धमकाया गया था। पुलिस ने इस मामले में पूर्व महामंडलेश्वर साध्वी सहित एक अन्य पर मामला दर्ज कर जांच कर शुरू दी है। फिलहाल दोनों फरार बताए जा रहे हैं। ऐसा बताया जा रहा है कि आरोपी साध्वी पहले भी एक मामले में जेल जा चुकी है।
उज्जैन में स्थित दत्त अखाड़ा परिसर में 8 मार्च को रंगपंचमी के दिन आरोपी घनश्याम पटेल अपने साथियों के साथ उज्जैन पहुंचा था। वह यहां पर बनारस से आई एक महिला के बयान रिकॉर्ड कर रहा था। इसी दौरान आनंदपुरी महाराज, पंडित लोकेश शर्मा और संजय गोस्वामी वहां पहुंच गए और उन्होंने तुरंत पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा को सूचित किया। पुलिस मौके पर पहुंची और महिला को पूछताछ के लिए थाने लाकर वीडियो फुटेज और अन्य तथ्यों की जांच की। इस दौरान पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि बनारस निवासी महिला को लालच देकर आरोपी झूठा आरोप लगवाने की साजिश रच रहे थे। महिला के द्वारा आरोप लगाया कि साध्वी मंदाकिनी पुरी और आरोपी घनश्याम पटेल ने उसे साजिश में शामिल किया था। दोनों मिलकर महामंडलेश्वर शांति स्वरूपानंद महाराज को बलात्कार के झूठे मामले में फंसाकर ब्लैकमेल करने की योजना बना रहे थे।
साध्वी मंदाकिनी पुरी और घनश्याम पटेल के खिलाफ केस दर्ज
जानकारी के अनुसार, पुलिस ने इस मामले में पूर्व महामंडलेश्वर साध्वी मंदाकिनी पुरी और घनश्याम पटेल के खिलाफ केस दर्ज किया है। एफआईआर दर्ज होने के बाद आरोपी ने महिला पर 1 लाख रुपये मांगने के आरोप लगाए हैं और वीडियो और पत्र वायरल कर उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। पुलिस ने गहनता से इस मामले में जांच शुरू कर दी है।
फोटो वायरल करने के आरोप
महिला ने पुलिस को बताया कि 27 फरवरी को घनश्याम पटेल उससे मिलने बनारस आया था। उसने 50 हजार रुपए देने का लालच देकर उज्जैन आकर महामंडलेश्वर के खिलाफ झूठा रेप केस दर्ज कराने को कहा था। महिला ने जब ऐसा करने से मना किया तो उसे धमकाया गया कि उसके अश्लील फोटो वायरल कर दिए जाएंगे। बदनामी के डर के कारण महिला घनश्याम से संपर्क में रही। घनश्याम ने उसके बेटे के मोबाइल पर 2000 रुपये भेजे और उज्जैन आने के लिए संजय ट्रैवल्स से टिकट भी बुक कराया था।
महिला से बातचीत के वीडियो वायरल जांच की मांग
बताया जा रहा है कि एफआईआर दर्ज होने के बाद घनश्याम पटेल ने आरोप लगाने वाली महिला के कुछ वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल किए हैं, जिसमें वो महामंडलेश्वर शांति स्वरूपानंद महाराज पर गंभीर आरोप लगा रही है। उसने एक पत्र सोशल मीडिया पर जारी कर कहा कि वीडियो एविडेंस एक्ट की धारा 64C के सर्टिफिकेट के साथ भेजा है। उसे पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच के साथ ही महिला के विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। घनश्याम पटेल ने महिला पर आरोप लगाते हुए कहा कि महिला का इंटरव्यू नहीं चलाने और एक लाख रुपये एक्सटॉर्शन मनी नहीं देने के कारण महिला ने मेरे खिलाफ अपने साथियों के साथ मिलकर षड्यंत्र पूर्वक फर्जी केस दर्ज कराया है।
पूछताछ में कुछ अन्य लोगों के नाम भी सामने आए
महाकाल थाना प्रभारी गगन बादल ने बताया कि महिला के बयान और मोबाइल की जांच के बाद पुलिस ने साध्वी मंदाकिनी पुरी निवासी गढ़कालिका और घनश्याम पटेल के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है। पुलिस को सूचना मिली थी कि रगपंचमी के दिन दत्त अखाड़ा परिसर में महंत आनंदपुरी महाराज ने कुछ संदिग्ध लोगों के पकड़ा है। पुलिस ने मौके से पकड़े गए लोगों से पूछताछ की है। फिलहाल इस मामले की जांच जारी है और कुछ अन्य लोगों के नाम भी सामने आए हैं।
रिपोर्ट : विजेन्द्र यादव


