उज्जैन में गरजा प्रशासन का बुलडोजर, 150 साल पुरानी दरगाह के पास तोड़ा गया निर्माण
मध्य प्रदेश के उज्जैन शहर में जमकर बुलडोजर कार्रवाई हुई। शनिवार सुबह प्रशासन ने 150 साल पुरानी पांच पीर वाली गैब शाह बाबा की दरगाह और मजार के आसपास बने अवैध अतिक्रमण पर बुलडोजर चलाकर कार्रवाई की।
मध्य प्रदेश के उज्जैन शहर में जमकर बुलडोजर कार्रवाई हुई। शनिवार सुबह प्रशासन ने 150 साल पुरानी पांच पीर वाली गैब शाह बाबा की दरगाह और मजार के आसपास बने अवैध अतिक्रमण पर बुलडोजर चलाकर कार्रवाई की। आगर रोड स्थित नजरअली मिल कंपाउंड परिसर में हुई इस कार्रवाई के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए तीन थानों की पुलिस और करीब 50 जवान मौके पर तैनात रहे। नगर निगम की टीम जेसीबी और अन्य मशीनों के साथ सुबह करीब 8:30 बजे मौके पर पहुंची और अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी।
कहां-कहां हुआ बुलडोजर ऐक्शन
उज्जैन नगर निगम अधिकारियों के मुताबिक मजार के आसपास बने शेड, बाउंड्री वॉल और अन्य निर्माण को अवैध मानते हुए पहले कई बार नोटिस जारी किए गए थे। तय समय-सीमा में अतिक्रमण नहीं हटाने पर निगम ने सख्त कदम उठाते हुए कार्रवाई की। इस दौरान तीन जेसीबी, कई डंपर और निगम का भारी अमला मौके पर मौजूद रहा। कार्रवाई में मजार के आसपास बने ढांचों को तोड़ा गया और वर्षों से चल रहे अतिक्रमण को हटाया गया और कुछ पेड़ों की कटाई भी करनी पड़ी।
हिंदू जागरण मंच का आरोप है कि सोशल मीडिया के माध्यम से लगातार प्रशासन का ध्यान इस ओर आकर्षित कराया जा रहा था। संगठन का दावा है कि मजार के आसपास अवैध गतिविधियां और नशे का कारोबार चलने की शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद प्रशासन ने यह कार्रवाई की। संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि अतिक्रमण हटने से अपराध और असामाजिक तत्वों पर लगाम लगेगी।
वहीं, मजार कमेटी के मोहम्मद गुफरान ने बताया कि यह मजार करीब 150 साल पुरानी है और यहां सभी धर्मों के लोग आकर माथा टेकते हैं। उनका कहना है कि नगर निगम ने पहले तार फेंसिंग कराई थी, जिसे अब खुद ही तोड़ दिया गया। कमेटी का दावा है कि उन्होंने नोटिस का जवाब भी दिया था। रमजान नजदीक होने के कारण लोगों में चिंता है कि अब इबादत कैसे होगी।
सीएसपी राहुल देशमुख ने बताया कि कार्रवाई के दौरान किसी तरह का विरोध नहीं हुआ। एहतियातन तीन थानों का पुलिस बल तैनात किया गया था। उन्होंने कहा कि नोटिस देने के बाद ही नियमानुसार अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की गई।
रिपोर्ट: विजेंद्र यादव
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