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Hindi News मध्य प्रदेशक्या शिवराज के लिए कृषि मंत्रालय पहले से था फिक्स, वायरल हो रहा पीएम मोदी का एक पत्र

क्या शिवराज के लिए कृषि मंत्रालय पहले से था फिक्स, वायरल हो रहा पीएम मोदी का एक पत्र

शिवराज सिंह चौहान को कैबिनेट मंत्री के रूप में ग्रामीण विकास के साथ कृषि एवं कृषि कल्याण मंत्रालय की जिम्मेदारी दी गई है। क्या ऐसा पहले से फिक्स था? रिपोर्ट में इसी बात की पड़ताल...

क्या शिवराज के लिए कृषि मंत्रालय पहले से था फिक्स, वायरल हो रहा पीएम मोदी का एक पत्र
Krishna Singhश्रुति तोमर,भोपालMon, 10 Jun 2024 10:56 PM
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मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को कैबिनेट मंत्री के रूप में ग्रामीण विकास के साथ कृषि एवं कृषि कल्याण मंत्रालय की जिम्मेदारी दी गई है। क्या प्रधानमंत्री मोदी ने पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को लोकसभा चुनाव जीतने के बाद उन्हें क्या मिलेगा, इसका संकेत पहले ही दे दिया था। क्या शिवराज के काम ने उन्हें सबसे महत्वपूर्ण मंत्रालय की जिम्मेदारी दिलाने में मदद की। आइए इस रिपोर्ट में करते हैं इसकी पड़ताल...

शिवराज सिंह चौहान की जमकर की थी तारीफ
दरअसल, प्रधानमंत्री मोदी की ओर से अप्रैल के आखिरी हफ्ते में लोकसभा चुनाव के उम्मीदवारों को लिखा एक पत्र वायरल हो रहा है। इसमें उन्होंने कृषि क्षेत्र में योगदान के लिए शिवराज सिंह चौहान की प्रशंसा की थी। पत्र में पीएम मोदी ने शिवराज सिंह चौहान को साथी कार्यकर्ता के तौर पर संबोधित किया था। पीएम ने उनसे आग्रह किया था कि वे अपनी ओर से सभी मतदाताओं को यह गारंटी दें कि मोदी के जीवन का हर पल देशवासियों के लिए समर्पित है। 

गिनाई थीं शिवराज की उपलब्धियां
पत्र में पीएम ने कहा था कि कृषि क्षेत्र में अपने अभूतपूर्व काम की वजह से शिवराज सिंह चौहान प्रेरणास्रोत हैं। पीएम मोदी ने पत्र में कहा था, "आपके कार्यकाल में मध्य प्रदेश बीमारू राज्य की छवि से निकल कर अग्रणी राज्यों में शामिल हो गया है। आपने जिस तरह से प्रदेश में सकारात्मक विकास किया, महिलाओं, बच्चों और युवाओं को सशक्त बनाने के लिए विभिन्न योजनाएं लागू कीं, उसकी देन है कि मध्य प्रदेश के लोग आपको अपने परिवार का हिस्सा मानते हैं और आपको 'मामाजी' के रूप में सम्मान देते हैं।"

बताया था प्रेरणास्रोत
प्रधानमंत्री ने पत्र में कहा था, "कृषि और उससे जुड़े क्षेत्रों में आपकी (शिवराज सिंह चौहान) दूरदर्शी नीतियों ने मध्य प्रदेश के किसानों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया है। चाहे विज्ञान के साथ उत्पादन बढ़ाने के लिए संस्थानों की स्थापना हो, उपज की बिक्री के लिए नए आयाम स्थापित करना हो, विकास से जुड़े कार्यों में स्व-सहायता समूहों को शामिल करना हो, पशुशालाओं की स्थापना हो या किसानों के सशक्तिकरण के लिए प्रभावी कार्यक्रम... जब भी कृषि क्षेत्र की बात आती है, तो आप प्रेरणा के स्रोत के रूप में सामने आते हैं।"

क्या पीएम मोदी ने शिवराज के लिए पहले से तय कर लिया था काम
पीएम मोदी के पत्र और उसके मजमून को शिवराज सिंह चौहान की केंद्र में भूमिका के संकेत के रूप में लिया जा रहा है। शिवराज दिसंबर 2023 में मुख्यमंत्री पद से हटाए जाने के बाद भाजपा में अपनी नई भूमिका का इंतजार कर रहे थे। शिवराज के कार्यकाल में मध्य प्रदेश ने लगातार सात बार कृषि कर्मण पुरस्कार जीता, जो किसी भी राज्य के लिए एक रिकॉर्ड है। इसी तरह, उनकी भावांतर योजना ने बाकी राज्यों से खूब तारीफें बटोरी, जिसमें सरकार ने एमएसपी और वास्तविक बिक्री मूल्य के अंतर को किसानों को देने का फैसला किया था। 

खुद को साबित करने की चुनौती
विश्लेषकों का मानना ​​है कि शिवराज सिंह चौहान ने अपने कार्यकाल में कृषि पुरुष की छवि बनाई है। इसी वजह से वह कृषि मंत्रालय के लिए पीएम मोदी की पसंद बन गए हैं। हालांकि कृषि मंत्रालय संभालना उनके लिए बड़ी चुनौती होगी। राजनीतिक विश्लेषक गिरिजा शंकर का कहना है कि शिवराज सिंह चौहान के कार्यकाल में कृषि के क्षेत्र में उल्लेखनीय काम हुआ है। खासकर एमपी में किसानों की आय दोगुनी करने की दिशा में अभूतपूर्व पहल हुई है। अब उन्हें कृषि और किसानों की आय में सुधार के लिए अपने विजन को देश में लागू करने का काम दिया गया है। अब शिवराज के लिए खुद को साबित करने की बड़ी चुनौती है।