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Hindi News मध्य प्रदेशहो सकता है मेरे शब्द मोदी जी को पसंद ना आए हों, टिकट कटने पर क्या बोलीं प्रज्ञा ठाकुर

हो सकता है मेरे शब्द मोदी जी को पसंद ना आए हों, टिकट कटने पर क्या बोलीं प्रज्ञा ठाकुर

चुनावों के लिए बीजेपी की तरफ से जारी की गई उम्मीदवारों की पहली लिस्ट में कई मौजूदा सांसदों का टिकट काटा गया है। इस लिस्ट में भोपाल से सांसद प्रज्ञा ठाकुर भी शामिल है।

हो सकता है मेरे शब्द मोदी जी को पसंद ना आए हों, टिकट कटने पर क्या बोलीं प्रज्ञा ठाकुर
Aditi Sharmaलाइव हिन्दुस्तान,भोपालSun, 03 Mar 2024 06:14 PM
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लोकसभा चुनावों के लिए बीजेपी की तरफ से जारी की गई उम्मीदवारों की पहली लिस्ट में कई मौजूदा सांसदों का टिकट काटा गया है। इस लिस्ट में भोपाल से सांसद प्रज्ञा ठाकुर भी शामिल हैं। उनकी जगह इस बार आलोक शर्मा को मौका दिया गया है। आज तक की रिपोर्ट के मुताबिक टिकट काटे जाने के बारे में जब प्रज्ञा ठाकुर से सवाल किया गया तो उन्होंने कहा, हो सकता है मैनें कुछ ऐसे शब्द बोले हों जो मोदी जी को पसंद ना आए हों।

उन्होंने आगे कहा, किसे टिकट देना है और किसे नहीं ये संगठन का फैसला होता है। इसमें ये बिल्कुल नहीं सोचना चाहिए कि क्यों टिकट काटा और कैसे काटा। उन्होंने कहा, मैंने पहले भी टिकट नहीं मांगा था और अब भी नहीं।

बता दें, बीजेपी ने कल ही 195 उम्मीदवारों की लिस्ट जारी की है। इसमें 34 मौजूदा सांसदों का टिकट काटा गया है। प्रज्ञा ठाकुर का टिकट काटे जाने की अटकलें पहले हीं लगाई जा रही थी। माना जा रहा था कि पार्टी नेतृ्तव प्रज्ञा ठाकुर के विवादित बयानों से नाखुश है। ऐसे में उनकी टिकट पर कैंची चलने की आशंका सबसे ज्यादा थी।

गोडसे को देशभक्त कहने से पीएम मोदी भी हो गए थे नाराज

अक्सर विवादित बयान देकर आलोचनाओं में घिरी रहने वाली प्रज्ञा ठाकुर ने एक बयान ऐसा दे दिया था जिसकी आलोचना पीएम मोदी ने भी की थी और कहा था कि वो उन्हें कभी माफ नहीं कर पाएंगे। दरअसल उन्होंने महात्मा गांधी के हत्यारे नाथुराम गोडसे को सच्चा देशभक्त बता दिया था। उनके इस बयान से विपक्ष के साथ-साथ पार्टी के भीतर भी काफी आलोचना हुई। पीएम मोदी ने यहां तक कह दिया था कि भले ही उन्होंने माफी मांग ली हो लेकिन वह उन्हें कभी माफ नहीं कर पाएंगे। 

रिपोर्ट के मुताबिक प्रज्ञा ठाकुर से जब गोडसे वाले बयान के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि उन्होंने तब जो कहा वो सच था लेकिन मीडिया ने उसे विवादित बयान कहकर मुद्दे को हवा दी। वहीं पार्टी छोड़ने के विचार पर उन्होंने कहा, मेरा पार्टी छोड़ने का कोई मन नहीं है। मैं संगठन की दी हुई हर जिम्मेदारी निभाऊंगी। 

बता दें, साध्वी प्रज्ञा ने साल 2019 में कांग्रेस के कद्दावर नेता और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह को बड़े अंतर से हराया था। इसके बाद से ही वह कई बार विवादित बयानों के चलते सुर्खियों में बनी रहीं। 

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