फोटो गैलरी

Hindi News मध्य प्रदेशमहिलाओं के मतदान से राजनीतिक दलों को उम्मीद, MP-छत्तीसगढ़ में वोटिंग परसेंट को लेकर सीटों का गुणा-भाग तेज

महिलाओं के मतदान से राजनीतिक दलों को उम्मीद, MP-छत्तीसगढ़ में वोटिंग परसेंट को लेकर सीटों का गुणा-भाग तेज

मध्य प्रदेश व छत्तीसगढ़ में मतदान के प्रतिशत को लेकर सीटों का गुणा-भाग किया जा रहा है। ज्यादा मतदान और कम मतदान को लेकर कोई एक राय नहीं बनाई जा सकती है।

महिलाओं के मतदान से राजनीतिक दलों को उम्मीद, MP-छत्तीसगढ़ में वोटिंग परसेंट को लेकर सीटों का गुणा-भाग तेज
Praveen Sharmaनई दिल्ली। हिन्दुस्तानSun, 19 Nov 2023 01:00 PM
ऐप पर पढ़ें

मध्य प्रदेश व छत्तीसगढ़ में मतदान के प्रतिशत को लेकर सीटों का गुणा-भाग किया जा रहा है। ज्यादा मतदान और कम मतदान को लेकर कोई एक राय नहीं बनाई जा सकती है। मध्य प्रदेश में इस बार पिछली बार से आधा फीसद से कुछ ज्यादा मतदान हुआ है। छत्तीसगढ़ में 1.8 फीसद कम। मध्य प्रदेश में भाजपा और छत्तीसगढ़ में कांग्रेस सत्ता में है। हालांकि, पिछले आंकड़ों में भारी मतदान और कम मतदान दोनों स्थितियों में अलग-अलग तरह के नतीजे आए थे। दोनों दलों के अपने-अपने अनुमान हैं, लेकिन सबकी नजर महिला मतदाताओं पर ज्यादा है। दोनों दलों ने दोनों राज्यों में महिलाओं को लुभाने में कोर कसर नहीं छोड़ी थी।

बड़ा मुद्दा या बड़ी लहर न होने पर ज्यादा मतदान सत्ता पक्ष को लाभ देता है। वहीं, बदलाव की लहर होने पर कम मतदान भी सत्ता बदल देता है। मध्य प्रदेश व छत्तीसगढ़ में इस बार कोई बड़ा मुद्दा व लहर नहीं दिखी। ऐसे में वादों, घोषणाओं और उपलब्धियों से लोगों को लुभाने की जमकर कोशिश की गई।

चार फीसदी से ज्यादा मतदान अहम : मध्य प्रदेश में 1990 के बाद बीते तीन दशक में देखा जाए तो हर चुनाव में मत प्रतिशत बढ़ा है, लेकिन जब चार फीसदी से ज्यादा की बढ़ोतरी हुई तो सरकारें पलट गईं। 1990 में ही 4.42 फीसदी ज्यादा मतदान होने पर कांग्रेस को भाजपा के हाथों सत्ता गंवानी पड़ी थी। इसके बाद 1993 में 5.96 फीसदी ज्यादा मतदान होने पर सत्ता भाजपा के कांग्रेस के पास चली गई। 2003 में सबसे ज्यादा बढ़ोतरी 7.04 फीसद की हुई। भाजपा ने कांग्रेस से सत्ता छीन ली।

गौरतलब है कि मध्य प्रदेश की 230 सदस्यीय विधानसभा सीटों के एक चरण 17 नवंबर को मतदान हुआ। वहीं, छत्तीसगढ़ में 90 सीटों पर दो चरणों में 7 और 17 नवंबर को वोट डाले गए थे। दोनों ही राज्यों में आगामी 3 दिसंबर को वोटों की गिनती होगी। 

हिन्दुस्तान का वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें