फोटो गैलरी

अगला लेख

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

Hindi News मध्य प्रदेशशराब की तस्करी की ऐसी तरकीब कि पुलिस के उड़ गए होश, कैसे मिला सुराग?

शराब की तस्करी की ऐसी तरकीब कि पुलिस के उड़ गए होश, कैसे मिला सुराग?

MP Crime News: मध्य प्रदेश के ग्वालियर में अवैध शराब की तस्करी के लिए माफिया ने ऐसी तकनीक अपनाई जिसे देख पुलिस के भी होश उड़ गए। पढ़ें यह रिपोर्ट...

शराब की तस्करी की ऐसी तरकीब कि पुलिस के उड़ गए होश, कैसे मिला सुराग?
Krishna Singhलाइव हिन्दुस्तान,ग्वालियरSat, 11 May 2024 05:45 PM
ऐप पर पढ़ें

ग्वालियर में अवैध शराब की तस्करी के लिए माफिया ने ऐसी तकनीक अपनाई जिसे देख पुलिस के भी होश उड़ गए। पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर दूध बेचने की आड़ में बल्टों में अवैध रूप से शराब भर कर सप्लाई करने ले जा रहे एक तस्कर को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी लेने पर उसकी गाड़ी पर टंगी दूध की टंकियों में 10 पेटी देशी शराब के क्वार्टर भरे हुए बरामद किए। घटना ग्वालियर थाना क्षेत्र की है। फिलहाल पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करके उसके खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत केस दर्ज कर पूछताछ शुरू कर दी है। 

ग्वालियर थाना टीआई जितेंद्र सिंह का कहना है कि मुखबिर के जरिए सूचना मिली थी कि एक दूधिया दूध की आड़ में शराब तस्करी करने ले जा रहा है। इस पर ग्वालियर थाना क्षेत्र के तानसेन चौराहे के पास चैकिंग लगाई गई। जब दूधिया की गाड़ी रोककर तलाशी ली गई तो उसकी गाड़ी पर चार टंकी दूध की टंगी हुई मिली जिनमें दूध की जगह अवैध देशी शराब भरी हुई थी। पकड़ी गई शराब 10 पेटी के करीब है। आरोपी ने बताया है कि वह मुरैना मैं शराब बेचने के लिए ले जा रहा था क्योंकि ग्वालियर में शराब सस्ती है और मुरैना में महंगी... 

आरोपी का नाम धर्मेंद्र सिंह गुर्जर है। वह मुरैना जिले का निवासी है। पुलिस आरोपी से पूछताछ करने में जुटी है। ग्वालियर थाना क्षेत्र के टीआई जितेंद्र सिंह ने बताया कि आरोपी मुरैना से दूध लेकर आता था और ग्वालियर से शराब भरकर ले जाता था। तस्कर ने बताया कि मुरैना की अपेक्षा ग्वालियर में शराब की पेटी सस्ती है इसलिए उसे मोटा मुनाफा हो रहा था। तस्कर कितने दिनों से ऐसा कर रहा था पुलिस इसका पता लगा रही है। पुलिस आरोपी का आपराधिक रिकॉर्ड भी खंगाल रही है।

पुलिस ने बताया कि जिन दूध की टंकियों में शराब भरी थी, वो नई हैं। तस्कर ने टंकी रखने के लिए मोटर साइकल पर जो पट्टी लगवाई थी वह भी नई जैसी दिखाई दे रही है। पुलिस इससे दो अंदाजे लगा रही है। पहला यह कि तस्कर ने हाल में यह तरीका अपनाया होगा या तस्कर पहले से ऐसा कर रहा होगा। पुलिस शराब तस्करी के इस तकनीक को देखकर हैरान है। आम तौर पर पुलिस दूध पहुंचाने वाले ग्वालों को तस्कर होने के संदेह से नहीं देखती है।

रिपोर्ट- अमित गौर