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Hindi News मध्य प्रदेशसेना जैसी वर्दी में दिखेंगे नगर निगम कर्मचारी, जिम्मेदारों ने बताई इसके पीछे की अजीब वजह

सेना जैसी वर्दी में दिखेंगे नगर निगम कर्मचारी, जिम्मेदारों ने बताई इसके पीछे की अजीब वजह

इंदौर में नगर निगम के अतिक्रमण निरोधक दस्ते की नई ड्रेस को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। यह ड्रेस बिल्कुल सेना की वर्दी से मिलती जुलती है। जिसके बाद कांग्रेस ने इसे सेना का अपमान बताया है।

सेना जैसी वर्दी में दिखेंगे नगर निगम कर्मचारी, जिम्मेदारों ने बताई इसके पीछे की अजीब वजह
Sourabh Jainभाषा,इंदौरWed, 15 May 2024 09:06 PM
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इंदौर नगर निगम के अतिक्रमण निरोधक दस्ते के कर्मचारियों के लिए तय नई वर्दी पर विवाद खड़ा हो गया है। कांग्रेस ने इस यूनिफॉर्म को फौजियों जैसी वर्दी करार देते हुए आरोप लगाया कि दस्ते के भ्रष्ट कर्मचारियों द्वारा यह वर्दी पहनना सेना का अपमान है। वहीं नगर निगम अधिकारियों का कहना है कि इससे कार्रवाई के दौरान लोगों से विवाद कम होंगे।

अधिकारियों ने कहा कि इंदौर नगर निगम के अतिक्रमण निरोधक दस्ते के कर्मचारियों के लिए 'कैमोफ्लॉज' वर्दी का चयन किया गया है ताकि उनमें अनुशासन की भावना बढ़े और ड्यूटी के वक्त उनका पहनावा एक जैसा रहे।

कांग्रेस बोली- यह सेना का अपमान

इस बारे में नगर निगम में प्रतिपक्ष के नेता चिंटू चौकसे ने बुधवार को संवाददाता सम्मेलन में कहा, 'इंदौर नगर निगम प्रशासन ने अतिक्रमण रोधी दस्ते के कर्मचारियों के लिए फौजियों जैसी वर्दी चुनकर सेना का अपमान किया है। ये कर्मचारी ठेलों और रेहड़ी वालों से अवैध वसूली के लिए बदनाम हैं।'

'महापौर माफी मांगे'

चौकसे ने कहा कि अतिक्रमण रोधी दस्ते के कर्मचारियों का फौजियों जैसी वर्दी पहनना कानूनन गलत है, इसलिए नगर निगम प्रशासन को इन कर्मचारियों के लिए ऐसी वर्दी चुनने का फैसला तुरंत वापस लेना चाहिए। उन्होंने यह मांग भी की कि सेना के कथित अपमान के लिए महापौर पुष्यमित्र भार्गव को इस्तीफा देना चाहिए और निगम आयुक्त शिवम वर्मा को इस पद से हटाया जाना चाहिए।

महापौर बोले- यह अपराध नहीं

उधर इस मामले को लेकर महापौर भार्गव ने कहा कि अतिक्रमण रोधी दस्ते के कर्मचारियों की नई वर्दी को फौजियों की वर्दी से जोड़ा जाना सरासर गलत है। राजनीति में आने से पहले मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय के अतिरिक्त महाधिवक्ता रह चुके भार्गव ने कहा, 'कैमोफ्लॉज वर्दी पहनना कोई अपराध नहीं है। अपराध तब है, जब कोई इस वर्दी पर सेना के प्रतीक चिन्ह धारण करे।'

'आपत्ति आई तो कदम उठाएंगे'

इस बारे में नगर निगम के आयुक्त शिवम वर्मा ने कहा कि अतिक्रमण रोधी दस्ते के कर्मचारियों के लिए नई वर्दी का चयन अनुशासन और उनके पहनावे में एकरूपता के मकसद से किया गया है। उन्होंने कहा, 'यातायात सुधार और अतिक्रमण हटाने जैसी कार्रवाई के दौरान विवाद होते हैं। ऐसे ड्रेस कोड से इनसे बचा जा सकेगा। अगर इस वर्दी पर किसी को कोई आपत्ति है, तो हम इसका परीक्षण करेंगे और नियमों के मुताबिक उचित कदम उठाएंगे।'