एमपी के देवास में बवाल; अतिक्रमण हटाने गई टीम पर हमला, 6 घायल, गाड़ियां तोड़ीं
मध्य प्रदेश के देवास जिले में अतिक्रमण हटाने गई वन विभाग और पुलिस की टीम पर ग्रामीणों ने पथराव कर दिया, जिसमें छह वनकर्मी घायल हो गए। इस हमले में सरकारी वाहनों और जेसीबी मशीन को भी नुकसान पहुंचा।
मध्य प्रदेश के देवास जिले के जिनवानी वन परिक्षेत्र में शनिवार को अतिक्रमण हटाने गई वन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम पर पथराव कर दिया गया। भीलआमला गांव के लोगों द्वारा किए गए इस हमले में एक वनपाल और पांच वनरक्षक सहित छह वनकर्मी घायल हो गए, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है। इस हिंसक विरोध प्रदर्शन में सरकारी वाहनों और एक जेसीबी मशीन को भी काफी नुकसान पहुंचा है। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
मध्यप्रदेश में देवास जिले के जिनवानी वन परिक्षेत्र के के कमलापुर बीट अंतर्गत कक्ष क्रमांक 94 में अतिक्रमण हटाने पहुंची वन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम पर ग्रामीणों ने कथित तौर पर पथराव कर दिया। इस हमले में 6 वनकर्मी घायल हो गए। घटना में शासकीय वाहनों और जेसीबी मशीनों को नुकसान पहुंचा है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, जिनवानी वन परिक्षेत्र के कमलापुर बीट अंतर्गत कक्ष क्रमांक 94 में शनिवार को अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के लिए वन विभाग के विभिन्न परिक्षेत्रों का अमला और कमलापुर पुलिस की टीम पहुंची थी। कार्रवाई के दौरान भीलआमला गांव के कुछ महिला-पुरुषों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए टीम पर पथराव कर दिया।
पथराव में जेसीबी मशीन और शासकीय वाहनों के कांच क्षतिग्रस्त हो गए। घटना में वन विभाग के कई कर्मचारी घायल हुए। घायलों में वनरक्षक मोहन पंचोनिया, ज्योति जाट, कमल राणा, देवकरण मालवीय और सूरज धांधे के अलावा वनपाल एवं परिक्षेत्र सहायक केके परमार शामिल हैं।
सभी घायलों को उपचार के लिए कमलापुर स्वास्थ्य केंद्र तथा आरआर अस्पताल चापड़ा भेजा गया।घटना के बाद क्षेत्र में अतिरिक्त बल तैनात कर स्थिति पर नजर रखी जा रही है। पुलिस और वन विभाग दोनों इस मामले की जांच कर रहे हैं। हमले में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है।
वहीं एमपी के बड़वानी में आवारा कुत्तों के हमले से 35 साल की एक महिला लीला बाई की मौत हो गई। अधिकारियों ने बताया कि लीला बाई शुक्रवार की दोपहर को राजघाट रोड इलाके में लकड़ियां और कबाड़ बीनने गई थीं। उसी समय चार-पांच आवारा कुत्तों ने उन पर हमला कर दिया और वे बुरी तरह घायल हो गईं जिससे उनकी मौत हो गई। लीला बाई मजदूरी करके अपने बीमार पति, बुजुर्ग पिता और एक बच्चे का पेट पालती थीं। पूरा परिवार उन्हीं की कमाई पर निर्भर था।
इस घटना से आक्रोशित स्थानीय लोगों ने पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद दिए जाने की मांग की है। लोगों की मानें तो कुछ समय पहले चूना भट्टी इलाके में भी एक बुजुर्ग महिला की इसी तरह कुत्तों के हमले में मौत हो चुकी है। अस्पताल में डॉक्टरों की टीम ने महिला के शव का पोस्टमॉर्टम किया। महिला के गले, सिर, हाथ और पैरों पर कुत्तों के काटने और नोंचने के गहरे निशान मिले हैं। माना जा रहा है कि मौत इन्हीं जख्मों की वजह से हुई है।
लेखक के बारे में
Krishna Bihari Singhकृष्ण बिहारी सिंह वरिष्ठ पत्रकार और स्टेट टीम का हिस्सा (दिल्ली-NCR, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, राजस्थान और गुजरात )
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