
जबरदस्ती की बात क्यों करते हो... गांजा तस्करी में भाई की गिरफ्तारी के सवाल पर भड़कीं MP की मंत्री
मध्य प्रदेश के सतना में पुलिस ने राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी के भाई अनिल बागरी को 9 लाख रुपये के 46 किलोग्राम से अधिक गांजा तस्करी के आरोप में गिरफ्तार किया है, जिसके बाद मंत्री ने मीडिया के सवालों पर नाराजगी जताई, और विपक्ष ने इस घटना पर सरकार को घेरा है।
मध्य प्रदेश के सतना जिले में पुलिस ने एक बड़ा छापा मारा है, जहां राज्य मंत्री (नगरीय विकास एवं आवास) प्रतिमा बागरी के भाई अनिल बागरी को गांजा तस्करी के आरोप में गिरफ्तार किया गया। अनिल बागरी और उनके साथी पंकज सिंह के पास से 46 किलोग्राम से अधिक गांजा बरामद हुआ। गांजा धान की बोरियों में छिपाकर रखा गया था, जिसकी अनुमानित कीमत 9 लाख रुपये बताई जा रही है। इसे लेकर जब मंत्री प्रतिमा बागरी से सवाल पूछा गया तो उल्टा मीडिया पर ही भड़क गईं।
मंत्री की तीखी प्रतिक्रिया
घटना के बाद मंत्री प्रतिमा बागरी खजुराहो में मुख्यमंत्री मोहन यादव की समीक्षा बैठक में शामिल हुईं। बाहर निकलते ही मीडिया ने उनसे भाई की गिरफ्तारी पर सवाल किया, तो वे भड़क गईं। उन्होंने पत्रकारों से कहा, "जबरदस्ती की बात क्यों करते हो तुम लोग?" और बिना कोई टिप्पणी किए वहां से चली गईं। यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जहां लोग उनकी नाराजगी पर बहस कर रहे हैं।
कांग्रेस ने साधा निशाना
मंत्री की प्रतिक्रिया का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। एमपी कांग्रेस ने वीडियो शेयर करते हुए सरकार पर निशाना साधा है। कांग्रेस ने लिखा, तस्करी के आरोप में गिरफ्तार भाई का प्रश्न पूछने पर मीडिया पर झल्लाती "मंत्री साहिबा" का गुस्सा देखिए! मध्य प्रदेश सरकार के मंत्रियों के रिश्तेदार अब खुलेआम तस्करी में पकड़ा रहे हैं! राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी के सगे भाई अनिल बागरी को पुलिस ने गांजा तस्करी में गिरफ्तार किया। इससे पहले उनके बहनोई को भी इसी तरह के आरोपों में पकड़ा जा चुका है! यह गिरफ्तारी बताती है कि भाजपा की सरकार में मंत्रियों के रिश्तेदार किस तरह काले काम कर रहे हैं!
परिवार का पुराना विवाद
यह प्रतिमा बागरी के परिवार की दूसरी ऐसी घटना है। महज पांच दिन पहले उनके बहनोई शैलेंद्र सिंह (सोम) को उत्तर प्रदेश के बांदा जिले में 10.5 किलोग्राम गांजा के साथ गिरफ्तार किया गया था। पुलिस जांच में पता चला कि अनिल बागरी और शैलेंद्र मिलकर तस्करी का नेटवर्क चला रहे थे। शैलेंद्र फिलहाल बांदा जेल में बंद हैं, और सतना पुलिस उन्हें प्रोडक्शन वारंट पर लाकर पूछताछ करने की तैयारी में है।





