
घी में 80% तेल और जानवरों के अंश;इंदौर की फैक्ट्री में चल रहा था मिलावट का गंदा खेल
पालदा स्थित श्री राम मिल्क फूड एंड डेरी इंडस्ट्रीज के मालिक नरेंद्र गुप्ता और उनकी पत्नी मंजू अग्रवाल हैं। वर्ष 2018 में शुरू हुए इस कारोबार पर 2021 में भी मिलावट का केस दर्ज हो चुका है, जिसमें पत्नी को जेल तक जाना पड़ा था।
इंदौर में हाल ही में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की ओर से उद्घाटित हाईटेक फूड एंड ड्रग लैब का असर अब जमीन पर दिखने लगा है। जिला प्रशासन के सख्त रुख और कलेक्टर शिवम वर्मा के निर्देश पर पालदा क्षेत्र में संचालित एक घी फैक्ट्री पर हुई कार्रवाई ने मिलावट के खतरनाक खेल को उजागर कर दिया। अक्टूबर में जब्त किए गए करीब 20 लाख रुपए के घी की जांच रिपोर्ट ने प्रशासन और आम जनता दोनों को चौंका दिया है।
घी के 10 सैंपल में से 7 पूरी तरह फेल पाए गए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, इन सैंपलों में असली घी की मात्रा महज 10 से 20 फीसदी निकली, जबकि शेष हिस्सा वनस्पति और अन्य तेल का था। इससे भी गंभीर बात यह कि घी में जानवरों के अंश मिलने की पुष्टि लैब अधिकारियों ने प्रशासन को कर दी है। कुछ सैंपलों को उच्च स्तरीय पुष्टि के लिए केंद्र की मैसूर लैब भेजा गया है।
पहले भी पकड़े जा चुके, फिर भी धड़ल्ले से कारोबार
पालदा स्थित श्री राम मिल्क फूड एंड डेरी इंडस्ट्रीज के मालिक नरेंद्र गुप्ता और उनकी पत्नी मंजू अग्रवाल हैं। वर्ष 2018 में शुरू हुए इस कारोबार पर 2021 में भी मिलावट का केस दर्ज हो चुका है, जिसमें पत्नी को जेल तक जाना पड़ा था। इसके बाद कागजों में खेल करते हुए गुप्ता ने पत्नी को अलग दिखाया और अपने नौकर ओमप्रकाश को हिस्सेदार बना दिया। हालांकि, हकीकत यह है कि बैंक लेन-देन और ट्रेडमार्क आज भी गुप्ता दंपती के नाम पर ही चल रहे हैं।
कई जिलों में फेल सैंपल, कागजों में मालिक बदलते रहे
इंदौर, उज्जैन, हरदा, धार, देवास, मंदसौर सहित कई जिलों में इस फर्म के सैंपल फेल हुए। कार्रवाई से बचने के लिए कागजों में मालिक बदले जाते रहे, लेकिन नेटवर्क वही रहा मिलावट का।
एक ही परिसर, तीन-तीन लाइसेंस एक ही स्टोर
फूड एंड सेफ्टी ऑफिसर मनीष स्वामी की जांच में खुलासा हुआ कि एक ही परिसर में तीन अलग-अलग खाद्य प्रतिष्ठान संचालित हो रहे थे और तीनों का भंडारण एक ही जगह किया जा रहा था-
➤श्री राम मिल्क फूड डेरी इंडस्ट्रीज
➤SRMI राम मिल्क फूड एंड डेरी इंडस्ट्रीज
➤SRMI मिल्क फूड डेरी इंडस्ट्रीज LLP
यह व्यवस्था खुद में नियमों की खुली अवहेलना है।
सस्ता घी, बड़ा शक, श्याम मार्केटिंग पर भी कार्रवाई
खाद्य सुरक्षा प्रशासन ने गाड़ी अड्डा, इंदौर स्थित श्याम मार्केटिंग पर भी बड़ी कार्रवाई करते हुए घी के सैंपल लिए। मौके पर मौजूद सौरभ शीतलानी के परिसर में पाया गया घी महज 270 रुपए में बिक रहा था,कीमत इतनी कम कि नकली होने का शक गहराया और सैंपल तुरंत जांच के लिए भेजे गए। हाईटेक लैब की रिपोर्ट ने साफ कर दिया है कि इंदौर में घी के नाम पर जनता की सेहत से खुला खिलवाड़ हो रहा था। अब सवाल यह है कि क्या इस बार कागजी खेल से बच निकलने दिया जाएगा या कड़ी कानूनी कार्रवाई कर मिलावट माफिया की कमर तोड़ी जाएगी। जनता जवाब चाहती है—और प्रशासन पर नजर है।
रिपोर्ट --हेमंत





