बेटे की हत्या के आरोप में जेल गई थी मां, MP हाई कोर्ट से मिली बड़ी राहत; अब दोषमुक्त

Feb 25, 2026 02:57 pm ISTMohammad Azam लाइव हिन्दुस्तान, गुना
share Share
Follow Us on

गुना में बेटे हत्या के आरोपों पर दर्ज एफआईआर मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने खारिज कर दी है। हाईकोर्ट की ग्वालियर बेंच ने गुना सीजेएम कोर्ट द्वारा मां पर हत्या और सबूत छुपाने के मामले में लिए गए संज्ञान को भी रद्द कर दिया है।

बेटे की हत्या के आरोप में जेल गई थी मां, MP हाई कोर्ट से मिली बड़ी राहत; अब दोषमुक्त

मध्य प्रदेश के गुना में अपने बेटे अभ्युदय की हत्या के आरोपों सजा काट रही माँ अलका जैन को लेकर हाई कोर्ट ने ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। बेटे हत्या के आरोपों पर दर्ज एफआईआर मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने खारिज कर दी है। हाईकोर्ट की ग्वालियर बेंच ने गुना सीजेएम कोर्ट द्वारा मां पर हत्या और सबूत छुपाने के मामले में लिए गए संज्ञान को भी रद्द कर दिया है।

हाईकोर्ट ने कहा है कि बिना ठोस सबूत के आपराधिक कार्यवाही जारी रखना न्याय का उल्लंघन है। इस आदेश के बाद अलका जैन अपने बेटे की हत्या के आरोपों से पूरी तरह से मुक्त हो गई हैं।

क्या था पूरा मामला

14 साल के अभ्युदय जैन का शव 14 फरवरी 2025 को घर के बाथरूम में मिला था। पुलिस ने पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर उसकी मां अलका जैन को हत्या का आरोपी माना था। 22 फरवरी को इस मामले में कोतवाली थाने में एफआईआर दर्ज की गई थी। 8 मार्च को पुलिस ने अलका जैन को गिरफ्तार किया और 17 जून को उन्हें जमानत मिली थी।

IG के निर्देश पर हुआ था SIT का गठन

अभ्युदय के पिता अनुपम जैन पुलिस की शुरुआती पड़ताल से संतुष्ट नहीं थे, जिसके बाद आईजी के निर्देश पर शिवपुरी डीएसपी अवनीत शर्मा के नेतृत्व में एक एसआईटी बनाई गई थी। एसआईटी ने भोपाल के गांधी मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों से मेडिको लीगल राय मांगी, जिसमें यह सामने आया कि अभ्युदय की मौत फांसी पर लटकने से हुई थी। इसी आधार पर एसआईटी ने मां अलका को बेकसूर मानते हुए 5 मई को कोर्ट में अपनी खारिजी रिपोर्ट पेश की थी।

SIT की रिपोर्ट हो गई थी निरस्त

9 मई 2025 को गुना की सीजेएम मधुलिका मुले ने एसआईटी की रिपोर्ट को निरस्त कर दिया था। कोर्ट ने खुद ही मामले में हत्या और साक्ष्य छुपाने की धाराओं में संज्ञान लेते हुए अलका जैन के खिलाफ आपराधिक मुकदमा चलाने का आदेश दिया था। इसी आदेश के खिलाफ अलका जैन ने हाईकोर्ट में याचिका लगाई थी, जिस पर 9 फरवरी को सुनवाई के बाद कोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था।

हाईकोर्ट की ग्वालियर बेंच ने मंगलवार को कहा तथ्यों को देखते हुए कहा कि यह स्पष्ट है कि निचली अदालत के निष्कर्ष अनुमानों और अटकलों पर आधारित हैं, न कि कानूनी रूप से मान्य और निर्णायक साक्ष्यों पर। उपरोक्त तथ्यों और स्थापित कानूनी सिद्धांतों के मद्देनजर, न्यायालय का यह मत है कि किसी भी ठोस सबूत के अभाव में और एसआईटी रिपोर्ट और अंतिम रिपोर्ट में याचिकाकर्ता को दोषमुक्त किए जाने के बावजूद, उसके विरुद्ध आपराधिक कार्यवाही जारी रखना विधि का दुरुपयोग होगा और न्याय का उल्लंघन होगा।

Mohammad Azam

लेखक के बारे में

Mohammad Azam

संक्षिप्त विवरण

मोहम्मद आजम पिछले 3.5 सालों से पत्रकारिता कर रहे हैं और वर्तमान में लाइव हिन्दुस्तान में स्टेट टीम में बतौर कंटेंट प्रोडूसर काम कर रहे हैं।


विस्तृत बायो

परिचय और अनुभव: मोहम्मद आजम पिछले तीन सालों से ज्यादा समय से पत्रकारिता कर रहे हैं। कम समय में आजम ने पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया की बारीकियां सीखी हैं और अब भारत के अग्रणी समाचार संस्थान ‘लाइव हिन्दुस्तान’ (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में स्टेट न्यूज टीम में अपनी सेवाएं दे रहे हैं।


शैक्षणिक पृष्ठभूमि

आजम ने ग्रेजुएशन तक विज्ञान की पढ़ाई की है, लेकिन राजनीतिक विषयों में रुचि उनको पत्रकारिता की तरफ खींच लाई। आजम ने अपना पोस्ट ग्रेजुएशन देश के अग्रणी संस्थानों में से एक भारतीय जनसंचार संस्थान से पूरा किया। विज्ञान बैकग्राउंड होने के चलते आजम को फैक्ट आधारित पत्रकारिता करने में महारत हासिल है।


राजनीतिक पत्रकारिता में आजम

आजम की देश की राजनीति में काफी रुचि है। आजादी के पहले से लेकर आजादी के बाद की राजनीतिक घटनाओं की कई किताबों का अध्ययन होने के चलते अच्छी समझ है। यही कारण रहा कि आजम ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत राजनीतिक बीट से की। राजनीति के साथ आजम क्राइम और सोशल मीडिया पर वायरल चल रही खबरों में भी अच्छी महारत हासिल है।


पत्रकारिता का उद्देश्य

आजम का मानना है कि पत्रकारिता जनपक्षीय होनी चाहिए। पत्रकारिता के दौरान अपनी भावनाओं को काबू में रखकर तथ्य आधारित पत्रकारिता आजम को जिम्मेदार बनाती है। पत्रकारिता में आजम तथ्य आधारित सूचनाएं पहुंचाने के साथ ही, साहित्यिक लेखन में भी महारत हासिल है।


विशेषज्ञता ( Area of Expertise )

पॉलिटिकल और क्राइम की खबरें
राजनीति से जुड़े लोगों के इंटरव्यू
क्राइम और वायरल खबरें
पॉलिटिकल एक्सप्लेनर

और पढ़ें
लेटेस्ट एजुकेशन न्यूज़ , CBSE Board Result, MP Board 10th result, MP Board 12th result अपडेट हिंदी में हिंदुस्तान पर|