MP में लाड़ली बहना योजना की 38वीं किस्त जारी, खाते में पहुंचे 1500; UCC पर क्या बोले मोहन यादव?
सीएम ने 'मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना' की 38वीं किस्त जारी की। बहनों के खातों में सिंगल क्लिक से 1835 करोड़ रुपये से अधिक की राशि ट्रांसफर की गई। मध्य प्रदेश में यूनिफॉर्म सिविल कोड (यूसीसी) कब से लागू किया जाएगा? मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इसकी भी जानकारी दी है।

भिंड के लहार में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार को प्रदेश की 1 करोड़ 25 लाख 15 हजार से अधिक बहनों को 1500 रुपये की सौगात दी। सीएम ने 'मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना' की 38वीं किस्त जारी की। बहनों के खातों में सिंगल क्लिक से 1835 करोड़ रुपये से अधिक की राशि ट्रांसफर की गई। यह योजना महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने और परिवार में उनकी भागीदारी को मजबूत करने के उद्देश्य से चलाई जा रही है।
सीएम ने इस दौरान यूनिफॉर्म सिविल कोड (यूसीसी) कब लागू होगा इसकी भी जानकारी दी। सीएम ने बताया कि राज्य में इसी जुलाई को यूसीसी लागू होगा। सीएम ने इस दौरान कहा कि जब देश एक है तो कानून भी एक ही हो। जब एक व्यक्ति एक शादी कर रहा है तो दूसरा दो तीन शादियां क्यों करे।
बता दें कि उत्तराखंड, गुजरात और असम के बाद मध्य प्रदेश यूसीसी लागू करने वाला देश का चौथा राज्य बनने की तैयारी में है। आपको बता दें कि यूसीसीका मतलब है, भारत में रहने वाले प्रत्येक नागरिक के लिए एक समान कानून, चाहे वह किसी भी धर्म या जाति का ही क्यों न हो।
कार्यक्रम के दौरान और कौन-कौन मौजूद रहा?
इसके पहले सीएम लहार विधायक अम्बरीश शर्मा के पैतृक गांव सीकरी जागीर पहुंचकर उनकी माता स्वर्गीय अरुणा देवी को श्रद्धांजलि अर्पित की और परिजनों से मिलकर शोक संवेदना व्यक्त की। मुख्यमंत्री के साथ प्रभारी मंत्री प्रहलाद पटेल, मंत्री राकेश शुक्ला, लहार विधायक अम्बरीश शर्मा, भिंड विधायक नरेंद्र सिंह कुशवाह, पूर्व मंत्री लालसिंह आर्य समेत कई जनप्रतिनिधि मौजूद हैं।
कैसी थी सीएम के स्वागत की तैयारी?
सीएम ने कहा कि एमपी में बड़ी तादात में सांदीपनि स्कूल खोले जाएंगे। इनमें भिंड जिले को मिलेंगे चार सांदीपानि स्कूल मिलेंगे।सीएम ने गुरु पूर्णिमा पर यह दिए जाने की बात कही। लहार में मुख्यमंत्री के स्वागत को लेकर भाजपा कार्यकर्ताओं में खासा उत्साह दिखाई दिया। महाराणा प्रताप चौराहे से पचपेड़ा तिराहे तक रोड शो के दौरान 100 से अधिक स्थानों पर उनके स्वागत के लिए कार्यकर्ता तैयारी की गई। पूरे मार्ग पर स्वागत द्वार बनाए गए। जगह-जगह स्वागत गीत बजाए गए और रोड शो मार्ग पर रेड कार्पेट बिछाया गया है। हालांकि पहले रोड शो होने वाला था, लेकिन सीएम नहीं पहुंचे। वह सीधे कार्यक्रम स्थल पर ही पहुंच गए हैं। लहार कस्बे को सजाया गया था। बाजारों और प्रमुख चौराहों पर भाजपा के झंडे और बैनर लगाए गए।
नेशनल हाइवे के चौड़ीकरण का मुद्दा
मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान नेशनल हाइवे-719 (NH-719) के चौड़ीकरण का मुद्दा भी उठा। संत समाज मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपकर भिंड-इटावा मार्ग का चौड़ीकरण कराने और निर्माण कार्य में तेजी लाने की मांग करने पहुंचा था। संत समिति के अध्यक्ष कालीदास महाराज मुख्यमंत्री से मिलने पहुंचे थे। वे NH-719 के चौड़ीकरण की मांग को लेकर ज्ञापन देना चाहते थे। आरोप है कि प्रशासन ने उन्हें मुख्यमंत्री से मिलने से रोक दिया। इससे कालीदास महाराज ने नाराजगी जताई।
'मौत का हाईवे' कहने लगे हैं लोग?
संत समाज का कहना है कि लंबे समय से बदहाल और संकरी पड़ी इस सड़क पर लगातार हादसे हो रहे हैं। उनका दावा है कि हर साल 200 से अधिक लोगों की सड़क दुर्घटनाओं में मौत होती है।इसी कारण लोग इस मार्ग को 'मौत का हाईवे' कहने लगे हैं। संत समाज ने कहा कि हाईवे का चौड़ीकरण होने से दुर्घटनाएं कम होंगी और लोगों को सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिलेगी।
रिपोर्ट - अमित कुमार


