मुस्लिम युवक से मारपीट के बाद बवाल, प्रदर्शन के बीच पुलिस ने दागे आंसू गैस के गोले; भोपाल में भारी तनाव
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में हिंदू युवती के साथ होटल में मिले मुस्लिम युवक से मारपीट और धार्मिक टिप्पणी को लेकर अब तूल पकड़ता जा रहा है। घटना 9 मई रात की बताई जा रही है। हिंदू लड़की और मुस्लिम युवक के मिलने की सूचना पर कुछ हिंदू संगठन के कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे और जमकर हंगामा किया।

मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में हिंदू युवती के साथ होटल में मिले मुस्लिम युवक से मारपीट और धार्मिक टिप्पणी को लेकर अब तूल पकड़ता जा रहा है। घटना 9 मई रात की बताई जा रही है। हिंदू लड़की और मुस्लिम युवक के मिलने की सूचना पर कुछ हिंदू संगठन के कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे और जमकर हंगामा किया। आरोप है कि इस दौरान युवक के साथ बेरहमी से मारपीट की गई, उसके चेहरे पर स्याही और गोबर पोता गया और उसे सड़क पर घुमाया गयाओर धर्म विशेष के खिलाफ अभद्र टिप्पणियां किए जाने के आरोप लगाए गए।
घटना के विरोध में मुस्लिम समाज के एक वर्ग ने पुलिस कमिश्नर कार्यालय पहुंचकर प्रदर्शन किया और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने मामला बढ़ता देख धार्मिक सौहार्द बिगाड़ने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध थाना गोविंदपुरा में धारा 299 BNS के तहत केस दर्ज किया गया है। वरिष्ठ अधिकारियों के नेतृत्व में टीम गठित कर 2 लोगों को अभिरक्षा में लिया गया है और पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।
पुलिस ने छोड़े आंसू गैस के गोले
भोपाल के गोविंदपुरा थाना क्षेत्र स्थित गौतम नगर के एक होटल में 9 मई की रात हिंदू संगठन से जुड़े कुछ कार्यकर्ताओं ने हिन्दू युवती ओर मुस्लिम युवक को पकड़ लिया था। उन्होंने लड़के के साथ मारपीट करते हुए पुलिस के हवाले कर दि.ाष आरोप है कि इस दौरान धार्मिक भावनाएं आहत करने वाली आपत्तिजनक टिप्पणियां भी की गईं, जिनके वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गए। वायरल वीडियो के विरोध में मुस्लिम समाज के हजारों लोग ताजुल मस्जिद, पीरगेट और इमामीगेट क्षेत्र में एकत्र हो गए ओर रात एक बजे तक चले प्रदर्शन के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झूमाझटकी भी हुई। स्थिति नियंत्रित करने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े। पुराने शहर में धारा 144 लागू कर दी गई है।
हालांकि पुलिस पूछताछ के दौरान युवती ने बताया कि वह पिछले करीब पांच सालों से युवक आरिफ खान के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही है और वह उसके खिलाफ किसी प्रकार की कानूनी कार्रवाई नहीं चाहती। लड़की ने यह भी कहा कि उसके साथ कोई जबरदस्ती नहीं हुई है। उसने बताया कि दोनों होटल में मिलने पहुंचे थे क्योंकि जहां वह रह रही है वहां बाहरी लोगों के आने की अनुमति नहीं है।
घटना के विरोध में मंगलवार दोपहर मुस्लिम समाज के लोग ताजुल मस्जिद के बाहर एकत्र हुए। इसके बाद शहर काजी सैयद मुश्ताक अली नदवी, विधायक आरिफ मसूद और विधायक अतीक अकील ने पुलिस कमिश्नर संजय सिंह से मुलाकात कर आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई की मांग की। वहीं शहर काजी सैयद मुश्ताक अली नदवी ने भी पुलिस कमिश्नर संजय कुमार से मुलाकात कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करने की मांग उठाई। समाज के लोगों का कहना है कि इस घटना से धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं और कानून हाथ में लेने वालों पर सख्त कदम उठाए जाने चाहिए।
पुलिस पर धीमी कार्रवाई करने का आरोप
बताया जा रहा है कि पुलिस की धीमी कार्यवाही को लेकर रात करीब 8:30 बजे एक बार फिर हजारों लोग सड़कों पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि पुलिस कार्रवाई धीमी है। उन्होंने आरोपियों पर एनएसए लगाने, गिरफ्तारी के बाद जुलूस निकालने और बुल्डोजर कार्रवाई की मांग की। इस दौरान जमकर नारेबाजी हुई। पुलिस ने बैरिकेडिंग कर रास्ते बंद किए और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए हल्का बल प्रयोग किया। उस दौरान मोती मस्जिद क्षेत्र में कुछ युवकों द्वारा पुलिस पर पथराव किए जाने की भी सूचना है। पथराव में थाना तलैया का एक वाहन क्षतिग्रस्त हो गया। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े। पूरे घटनाक्रम के बाद पुराने शहर के कई संवेदनशील इलाकों में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
शाहजहांनाबाद संभाग के एसीपी अनिल वाजपेयी के अनुसार फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है,लोगों को घर भेज दिया गया है और पुराने शहर में पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है, पुलिस पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है ओर दो आरोपियों को अभिरक्षा में लिया गया है। पुलिस ने धर्म विशेष पर टीका टिप्पणी करने वाले एवं वीडियो फुटेज व साक्षियों के कथनों के आधार पर आरोपियों रोहित सिंह, बृजेंद्र प्रजापति, जीतू कुशवाह, रंजीत सूर्यवंशी,लाला राम मीणा को चिन्हित कर लिया गया है। प्रकरण में धारा 191(2),3(5) BNS का इजाफा किया गया, जिनके खिलाफ कार्रवाई कर जेल भेजा जा रहा है। उसमें एक नाबालिग है, जिसको cwc के सामने प्रस्तुत कर बाल संप्रेषण गृह के लिए भेजा जाएगा।
लेखक के बारे में
Aditi Sharmaअदिति शर्मा
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