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3 दिसंबर, 2020|4:19|IST

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कोरोना के प्रसार को रोकने वाला वाइरोसेक्योर फैब्रिक लांच

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ग्राहकों की सुरक्षा चिंताओं को दूर करने और उन्हें कोरोना वायरस (कोविड-19) के खिलाफ एक व्यवहार्य एवं सुरक्षित समाधान की पेशकश करने के लिए, भारत की प्रमुख टेक्सनटाइल मैन्युफैक्चरर आरएसडब्ल्यूएम लिमिटेड ने एंटी-वायरल फैब्रिक रेंज 'वाइरोसेक्योर' को लॉन्च किया है। इसी के साथ कंपनी ने अपने नवीनतम इनोवेशन की घोषणा की है। नई रेंज को एचईआईक्यू के साथ महत्ववपूर्ण तकनीकी साझेदारी में पेश किया गया है। एचईआईक्यू फैब्रिक पर सुरक्षात्म क कोटिंग बनाने के लिए अपनी एंटीवायरल 'वाइरोब्लॉक' तकनीक का इस्ते माल करने की अनुमति देता है ताकि सार्स-कोव-2 के खिलाफ महज 3० मिनट में प्रोटेक्शोन दिया जा सके। वाइरोसेक्योर के साथ आरएसडब्ल्यूएम वित्तीय वर्ष 2०2०-2०21 में 2० प्रतिशत बिक्री का लक्ष्य रख रही है। 
लॉन्च के अवसर पर मयूर सूटिंग और एलएनजे डेनिम के बिजनेस हेड और सीईओ श्री सुकेतु शाह ने कहा,“दुनिया कोविड-19 के प्रकोप से जूझ रही है। ऐसे में बतौर कंपनी हमारे पास अपने ग्राहकों के प्रति जिम्मेदारी है और हम प्रतिबद्ध भी हैं कि उन्हें इस नए नॉर्मल को अपनाने के लिए संसाधनों से लैस करें। पांच से अधिक दशकों की विरासत के साथ, आरएसडब्ल्यूएम डेनिम और सूटिंग के क्षेत्र में लगातार नए-नए उत्पाद लाती रही है और अपने समझदार ग्राहकों की फैब्रिक जरूरतों को पूरा भी करती रही है। इसके लिए, हमें वाइरोसेक्योर फैब्रिक लॉन्चे कर खुशी हो रही है, जो रोग फैलाने वाले विषाणुओं के फैलाव और प्रसार के खिलाफ एंटी-कोविड सुरक्षा प्रदान करता है। अपने पार्टनर एचईआईक्यू के साथ मिलकर हमारा लक्ष्य एक सुरक्षित व भविष्य के लिए तैयार माहौल बनाते हुए जीवनशैली में सहज निरंतरता लाना है, ताकि हम ग्राहकों का विश्वसनीय विकल्प बनें। एंटी-वायरल फैब्रिक तकनीक की मांग में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है और इसके साथ, हम इस वित्तीय वर्ष में वाइरोसेक्योर फैब्रिक से 2० प्रतिशत की बिक्री का लक्ष्य रख रहे हैं।” 
एचईआईक्यू वाइरोब्लॉक तकनीक दुनिया की उन पहली टेक्संटाइल तकनीकों में शामिल है, जिनका प्रभाव प्रयोगशाला में सार्स-कोव-2 के खिलाफ साबित हो चुका है। ऑस्ट्रेलिया के मेलबर्न में स्थित पीटर डोहटीर् इंस्टीट्यूट फॉर इन्फेक्शन ऐंड इम्युनिटी के साथ मिलकर इस स्विस टेक्सटाइल इनोवेटर ने कई परीक्षए किए, जो यह बताते हैं कि उपचारित कपड़ों में सार्स-कोव-2 वायरस स्ट्रेरन के खिलाफ तेज एंटीवायरल गुण हैं। एचईआईक्यू वाइरोब्लॉक एनपीजेओ3 के फैब्रिक सैंपल वायरस के संपर्क में आने के 3० मिनट बाद इसको खत्म कर देते हैं। यह 99.9 प्रतिशत तक सार्स-कोव-2 वायरस कम करता है। वाइरोब्लॉक उपचारित कपड़े एलजीर् विरोधी, सेल्फं-सैनिटाइजिंग और जर्म रेजिस्टेंट हैं। इस फैब्रिक को मयूर सूटिंग ने एचईआईक्यू वाइरोब्लॉक तकनीक से बनाया है और इसे एचईआईक्यू की स्विट्जरलैंड लैबोरेटरीज में सफलतापूर्वक जांचा-परखा गया है। 
आरएसडब्ल्यूएम से संबंध के बारे में एचईआईक्यू ग्रुप के सीईओ कालोर् सेन्टोन्जे ने कहा,“हम इस उद्देश्य से संचालित हैं कि लोगों व समुदायों की जिंदगी रोजमरार् के उत्पादों को बेहतर करके सुधारनी है। एचईआईक्यू वाइरोब्लॉक एक काफी सफल इनोवेशन है, जो उन्नत सिल्वकर एवं वेसिकल तकनीक का विशेष मिश्रण है। यह इंसानी कोरोना वायरस 229 ई और सार्स-कोव-2 के खिलाफ कारगर है और प्रयोगशाला-जांच से यह साबित हो चुका है कि इसने 3० दिनों में 99.99 प्रतिशत वायरस कम किए हैं। सेंदाई वायरस पर भी जांच की गई, जिसका नतीजा रहा कि यह दो मिनट में 99.2 प्रतिशत वायरस खत्म करता है औऱ पांच मिनट में 99.7 प्रतिशत वायरस कम करता है। एक बड़ी फैब्रिक कंपनी के रूप में, हम आरएसडब्ल्यूएम के साथ साझेदारी कर प्रसन्न हैं, जिससे हम अपनी तकनीक भारत के करोड़ों ग्राहक तक पहुंचाते हैं और दुनिया भर के बड़े समुदायों को लाभान्वित करते हैं।”
'वाइरोसेक्योर' एक प्रीमियम सेग्मेंट ब्रांड है, जिसे आरएसडब्ल्यूएम के सूटिंग और शर्टिंग के प्रतिष्ठित ब्रांड मयूर के अंतर्गत बेचा जाएगा। मयूर वाइरोसेक्योर फैब्रिक सूटिंग और शर्टिंग जरूरतों के अलावा, पुलिसकर्मियों और रक्षाकर्मियों की वदीर्, स्कूली बच्चों तथा स्वास्थ्यकर्मियों के लिए यूनिफॉर्म बनाने में होता है। 
वाइरोसिक्योोर देशभर में आगामी 2० जुलाई से मल्टीि-ब्रांड आउटलेट्स पर उपलब्ध होंगे और इनकी कीमत काफी किफायती होगी। 

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  • Web Title:Virosecure fabric launches to prevent the spread of corona