DA Image
22 सितम्बर, 2020|11:19|IST

अगली स्टोरी

Covid-19:वैज्ञानिकों ने जताई चिंता, आंखों की नमी चुरा रहे फेस मास्क

pollution mask

कोरोना वायरस से बचाव के लिए इन दिनों फेस मास्क पहनना जरूरी हो गया है। इससे वायरस का प्रसार थम भी जाए, मगर लगातार मास्क पहनने से लोगों में एक नई समस्या सामने आ रही है। मास्क लोगों के आंखों की नमी चुरा रहा है। 

वाटरलू विश्वविद्यालय में ऑप्टोमेट्री एंड विजन साइंस स्कूल के प्रोफेसर लिंडन जोन्स के मुताबिक वैज्ञानिकों ने इस स्थिति को एमएडीई (मास्क एसोसिएटिड ड्राई आई) नाम दिया है। उन्होंने कहा कि लोगों में शुष्क नेत्र रोग के मामले बढ़ रहे हैं।

दुनियाभर में लाखों लोग जो पहले से ही इस समस्या से जूझ रहे हैं, उनमें इसके लक्षण और ज्यादा बिगड़ गए हैं। ऐसे रोगी जिनमें पहले से इसके लक्षण नहीं थे, उनमें भी बदलाव दिखाई दे रहे हैं। खासकर कुछ पढ़ने या लंबे समय तक डिजिटल उपकरणों का इस्तेमाल करने के दौरान इनमें इजाफा देखा जा रहा है। 

आंसू के ग्लैंड में असंतुलन है वजह: जोन्स के मुताबिक हमारे आंसुओं में असंतुलन होने पर आंखें शुष्क हो जाती हैं। आंखों की सतह को कोट करने वाली तरल परत सूखने लगती है। प्रोफेसर जोन्स के मुताबिक मास्क पहनना ‘टियर फिल्म’ के संतुलन को प्रभावित कर सकता है, क्योंकि इसके दौरान मुंह और नाक से बाहर की ओर हवा का प्रसार कम हो जाता है।

कोरोना का खतरा बढ़ सकता है-
वैज्ञानिकों ने चिंता जाहिर करते हुए कहा है कि आंखों के लागातार शुष्क रहने से उन्हें बार-बार छूने की आदत बढ़ सकती है। इससे कोरोना संक्रमण का खतरा भी बढ़ सकता है। प्रोफेसर जोन्स ने कहा कि मुंह, नाक और आंखों  को छूने से कोरोना वायरस प्रसार की संभावना बढ़ जाती हैं।

वैज्ञानिकों ने सुझाव दिया है कि आंखों के शुष्क होने पर तुरंत डॉक्टर से जांच कराएं और बताए गए नियमों का पालन करें। एसी में बैठने का वक्त कम करें। डिजिटल उपकरण पर काम करते हुए बीच-बीच में ब्रेक लेते रहें।

  • Hindi News से जुड़े ताजा अपडेट के लिए हमें पर लाइक और पर फॉलो करें।
  • Web Title:Covid-19: Scientists have expressed concern over side effects of wearing face masks now face masks are stealing moisture from the eyes