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3 जून, 2020|11:00|IST

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Covid 19: पीएम मोदी के कहने पर 5 अप्रैल को आप भी जलाने वाले हैं दीया तो भूलकर भी न करें ये गलती, आफत में पड़ सकती है जान

diya candle

चीन के वुहान शहर से फैली कोरोना वायरस नाम की महामारी से विश्वभर में दहशत का माहौल बन गया है। इस बीमारी के संक्रमण के डर से लोग अपने घरों से बाहर तक नहीं निकल पा रहे हैं। कोरोना की वजह से अब तक हजारों लोग अपनी जान से हाथ धो बैठे हैं। ऐसे में बाकी देशों की तरह भारत भी इस बीमारी से अपने देशवासियों को बचाने की पूरी कोशिश कर रहा है। हाल ही में देश में लागू 21 दिनों के लॉकडाउन के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों से पांच अप्रैल को घरों की लाइट बंद करके दीया, मोमबत्ती आदि जलाने की अपील की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोरोना वायरस के खिलाफ जंग में महामारी का अंधकार मिटाने के लिए देशवासियों से रविवार यानी 5 अप्रैल की रात नौ बजे नौ मिनट तक घर की लाइट बंद कर घर के दरवाजे या बालकनी में खड़े रहकर दीया, मोमबत्ती, मोबाइल फ्लैश लाइट या फिर टॉर्चलाइट जलाने की अपील की है।  हालांकि, उन्होंने इस दौरान सोशल डिस्टेंसिंग मानदंडों का पालन करने का भी निर्देश दिया।

कोरोना वायरस नाम की इस महामारी को हराने के लिए अगर आप भी पीएम मोदी की अपील पर अमल करने की सोच रहे हैं और अपने-अपने घरों की बालकनी में खड़े होकर साफ-सफाई के साथ सेनेटाइजर का इस्तेमाल करते हुए मोमबत्ती या दीया जलाने का प्लान बना रहे हैं तो पहले डॉक्टर और इंडियन आर्मी द्वारा जारी एडवाइजरी पर थोड़ा गौर कर लें। इसकी अनदेखी करने पर आपकी जान आफत में पड़ सकती हैं आइए जानते हैं कैसे। 

सेनेटाइजर का इस्तेमाल करने से पहले रहे सतर्क-
हाल ही में हरियाणा से एक खबर आई थी कि एक व्यक्ति रसोई में रखे सामान को अल्कोहोल आधारित सेनेटाइजर से साफ करने के दौरान गलती से आग के संपर्क में आ गया। जिसकी वजह से वो 35 प्रतिशत तक झुलस गया था।  रेवाड़ी के रहने वाले इस 44 वर्षीय व्यक्ति ने अपने बयान में पुलिस को बताया कि घर पर था और चाबी और मोबाइल फोन जैसे अपने घरेलू सामानों को साफ कर रहा था उसी दौरान उसकी पत्नी भी वहां खाना बना रही थी। अचानक व्यक्ति के कुर्ते पर थोड़ा सेनेटाइजर गिर गया जिससे खाना पकाने वाली गैस से उसमें आग लग गई।

डॉक्टरों की क्या है सलाह- 
प्लास्टिक एवं कॉस्मेटिक सर्जरी विभाग के अध्यक्ष महेश मंगल के अनुसार, ''हालांकि हैंड सेनेटाइजर अत्यंत आवश्यक है, लेकिन हम सलाह देते हैं कि अल्कोहल-आधारित सेनेटाइजर का उपयोग बहुत सावधानी से किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा, ''इस उत्पाद में इथाइल अल्कोहल की काफी अधिक मात्रा होती है। कुछ मामलों में यह 62 प्रतिशत तक होती है। इससे सेनेटाइजर अत्यधिक ज्वलनशील बन जाता है और इससे किसी के झुलसे का खतरा होता है। 

भारतीय सेना की एडवाइजरी करती है देशवासियों को सावधान-
भारतीय सेना ने पीएम मोदी की अपील के बाद एक एडवाइजरी जारी करते हुए  देशवासियों को दीप जलाने से पहले कुछ सावधानियां बरतने के लिए कहा है। दरअसल, अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल से इंडियन आर्मी ने कहा कि 5 अप्रैल को रात नौ बजे जब कोरोना वायरस के खिलाफ जंग में एकजुटता दिखाने के लिए दीया या मोमबत्तियां जलाएं तो हमें इस दौरान थोड़ी सावधानी बरतनी है। भारतीय सेना ने कहा कि रविवार को बालकनी या दरवाजे पर दीप या मोमबत्ती जलाने से पहले अपने हाथों को धोने के लिए साबुन का उपयोग करें। दीप या मोमबत्ती जलाने से पहले सैनिटाइजर का इस्तेमाल न करें, क्योंकि इसमें अल्कोहल की मात्रा होती है।  

दरअसल, भारतीय सेना की यह सावधानी इसलिए भी अहम है क्योंकि कोरोना वायरस के खतरे से बचने के लिए लोग अभी लगातार सैनिटाइजर का इस्तेमाल कर रहे हैं। सैनिटाइजर अल्कोहल युक्त होते हैं। कुछ में अल्कोहल की मात्रा अधिक तो किसी में कम होती है। क्योंकि अल्कोहल ज्वलनशील होता है, जिससे आग लगने की गुंजाइश ज्यादा होती है। यही वजह है कि दीप जलाने से पहले किसी तरह की अनहोनी न हो, इसलिए सेना ने लोगों को पहले ही चेताया है। 

कैसे करें नकली सेनेटाइजर की पहचान-

उप्र फार्मेसी काउंसिल के पूर्व चेयरमैन व सिविल अस्पताल में वरिष्ठ फार्मासिस्ट सुनील यादव के मुताबिक बाजार में कई तरह के सैनिटाइजर उपलब्ध है। ऐसे में कोरोना जैसी महामारी से बचने के लिए असली सैनिटाइजर की पहचान होना बेहद जरूरी है। उन्होंने बताया जो सैनिटाइजर सही होगा वह थोड़ा हाथ पर ठंडा सा लगेगा और बहुत जल्दी सूख जाएगा। चिपचिपा नहीं होगा। ज्यादातर अल्कोहल से तैयार सैनिटाइजर वायरस वैक्टीरिया को मारने के लिए अच्छे होते हैं।

बाजार में ऐसे सैनिटाइजर उपलब्ध नहीं है तो घबराने की जरूरत नहीं है। वैसे साबुन से हाथ धोना सबसे अच्छा होता है। हाथ धोते समय यह सावधानी रखे कि  साबुन का झाग जब तक न निकलने लगे तब तक रगड़ते रहे और उल्टा, सीधा, फिर मुट्ठी बांधकर, अंगूठे, नाखूनों और कलाई को पूरी तरह से रगड़ कर साबुन से साफ करना है। यही प्रक्रिया सेनिटाइजर में भी अपनाई जानी है।

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  • Web Title:covid 19 Lockdown:Those of you who plan to burn Diya or candle on 5th April 2020 at 9 after listening prime minister narendra modi please do ensure that there is no Sanitizer on your Hand know why