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Safe Diwali For Kids: बच्चे की है पहली दिवाली तो ऐसे रखें एहतियात

Safe Diwali For Kids: बच्चे के पैदा होने की खुशी के साथ उसका पहला त्योहार हर पैरेंट्स को स्पेशल लगता है। अगर आपके बच्चे की ये पहली दिवाली है तो सेलिब्रेशन के साथ कुछ बातों का ख्याल रखना भी जरूरी है।

Safe Diwali For Kids: बच्चे की है पहली दिवाली तो ऐसे रखें एहतियात
Aparajitaलाइव हिंदुस्तान,नई दिल्लीWed, 08 Nov 2023 02:09 PM
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बच्चे का जन्म माता-पिता के लिए बेहद खास होता है। फिर जब वो पहली बार कोई त्योहार मना रहे हों तो खुशी दोगुनी हो जाती है। दिवाली का त्योहार है तो आपका बच्चा भी पहली बार इसे मना रहा होगा। अगर उसने चलना सीख लिया तो दिए जलाना और फुलझड़ी जलवाने का इरादा होगा। लेकिन इस दौरान कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है। जिससे आपका बच्चा पूरी तरह से सेफ दिवाली एंज्वॉय करे। आगे जानें हम कौन से टिप्स की बात कर रहे।

छोटे बच्चे की पहली दिवाली है तो इन बातों का रखें ध्यान
-बच्चा अगर छोटा है या नवजात शिशु है तो उसके कानों को पूरी तरह से ढंककर रखें। इसके लिए आप बड़े साइज के कॉटन बॉल्स का भी इस्तेमाल कर सकते हैं। जिससे उसके कान में तेज साउंड वाले पटाखों की आवाज धीरे जाए। आसपास बजने वाले तेज साउंड के पटाखों से नवजात शिशु के डरकर रोने या फिर सदमा लगने का डर होता है। 

-बच्चा अगर चलने लगा है तो उसे दियों और फुलझड़ियों के पास से दूर ही रखें। चिंगारी बच्चे के शरीर को जलाने के लिए काफी है और बच्चे के आंख में भी जा सकती है। 

-अक्सर बच्चियों को त्योहार पर लोग भारी लहंगे, दुपट्टे, नेट की फ्रॉक और भारी-भरकम कपड़े पहना देते हैं। लेकिन पटाखे और दिए जलाते समय भूलकर भी इस तरह के कपड़े बच्चियों को ना पहनाएं। इनके आग पकड़ने का डर सबसे ज्यादा होता है और बच्चों की सेफ्टी के लिए खतरा रहता है। 

-पटाखे से जलने वाले फर्स्ट एड किट को अपने पास ही रखें। खासतौर पर बच्चे जब पास में हो। ताकि किसी भी अनहोनी पर आप फौरन कुछ फर्स्ट एड कर सकें। 

-छोटे बच्चों को हर चीज मुंह में डालने की आदत होती है। इसलिए बच्चों के साथ रहें और उन पर नजर रखें। जिससे कि वो किसी हानिकारक चीज को मुंह में ना डाल लें।

-पटाखों या दियों से दूर रखने के साथ ही बच्चों को माचिस से भी दूर रखें। कई बार 2-3 साल वाले बच्चे माचिस के साथ खेलने लगते हैं। जिससे अनहोनी की आशंका बन जाती है। 

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