सीने-गले में रहती है जलन? एसिडिटी में भूलकर भी न खाएं ये चीजें, डॉक्टर से जानें क्या खाना है फायदेमंद

लाइव हिन्दुस्तान
Follow us on Google News
share

एसिडिटी की समस्या किसी को भी हो सकती है और इस समस्या से राहत पाने के लिए आपको खान-पान में कुछ बदलाव करने चाहिए। डॉक्टर ने बताया है कि सीने-गले में जलन होने पर क्या खाएं और क्या नहीं।

5 foods to control acidity doctor shares
एसिडिटी में भूलकर भी न खाएं ये चीजें, जानें क्या खाना है फायदेमंद

एसिडिटी की समस्या ज्यादातर लोगों में होती है और इससे छुटकारा पाने के लिए लोग दवाई खाने लगते हैं। शुरू में ये समस्या हल्की लगती है लेकिन बाद में बढ़कर गंभीर हो सकती है। एसिडिटी यानी पेट में बनने वाला एसिड ऊपर खाने की नली में आ जाता है, जिससे सीने या गले में जलन, खट्टी डकार और मुंह में खट्टा स्वाद महसूस हो सकता है। इसे अक्सर एसिड रिफ्लक्स कहा जाता है। एसिडिटी होने के कुछ कारण है जैसे- बहुत ज्यादा या जल्दी-जल्दी खाना, तला-भुना, मसालेदार या बहुत ज्यादा फैट वाला खाना, ज्यादा चाय-कॉफी, कार्बोनेटेड ड्रिंक्स या शराब. खाना खाने के तुरंत बाद लेट जाना, लंबे समय तक खाली पेट रहना या अनियमित भोजन करना। ऐसे कई कारण एसिडिटी की समस्या का कारण बनते हैं और फिर पेट, सीने, गले की जलन से हम परेशान हो जाते हैं।

दवाई खाने से राहत मिल जाती है लेकिन ये लंबे समय के लिए प्रभावी नहीं होती और इसके लिए आपको अपनी खान-पान की कुछ आदतों में बदलाव करना होगा। डाइटीशियन मनप्रीत कालरा ने कुछ ऐसी चीजों के बारे में बताया है, जिन्हें खाने से एसिड रिफ्लक्स होता है, तो वहीं कुछ चीजें ऐसी हैं, जो इससे राहत दिलाती हैं।

कौन सी चीजों से बढ़ जाती है एसिडिटी?

बहुत ज्यादा मसालेदार चीजें- लाल मिर्च, काली मिर्च, हरी मिर्च और तीखी चटनी जैसी चीजें कुछ लोगों में एसिडिटी और सीने की जलन को बढ़ा सकती हैं। अगर आपको बार-बार एसिड रिफ्लक्स की समस्या होती है, तो इन्हें खाना कम करें।

तला-भुना और ज्यादा तेल वाला खाना- पकौड़े, समोसे, पूरी, कचौरी, फ्रेंच फ्राइज और दूसरे डीप-फ्राइड फूड पचने में भारी होते हैं। इनमें मौजूद ज्यादा फैट पेट को देर तक भरा रख सकता है और कुछ लोगों में एसिड रिफ्लक्स की समस्या बढ़ा सकता है। खासतौर पर स्ट्रीट फूड्स वाला तला भुना खाना नुकसानदायक है।

कैफीन और एसिडिक ड्रिंक्स- कॉफी, एनर्जी ड्रिंक्स, कोला और दूसरे कैफीन वाले ड्रिंक्स एसिडिटी के लक्षणों को बढ़ा सकते हैं। वहीं संतरे जैसे खट्टे फलों के जूस और शराब भी कुछ लोगों में सीने की जलन को ट्रिगर कर सकते हैं।

ज्यादा मीठी चीजें- चॉकलेट, पेपरमिंट टी, मिंट कैंडी और मिंट वाली च्युइंग गम कुछ लोगों में एसिड रिफ्लक्स बढ़ा सकते हैं। ऐसा इसलिए हो सकता है क्योंकि यह चीजें लोअर एसोफेजियल स्फिंक्टर (LES) यानी पेट और खाने की नली के बीच मौजूद वाल्व को ढीला कर सकते हैं, जिससे पेट का एसिड ऊपर आने की संभावना बढ़ जाती है।

क्या खाना है फायदेमंद

कम एसिड वाले और हल्के फल- केला, पपीता, तरबूज, खरबूजा और नाशपाती जैसे फल आमतौर पर पेट के लिए हल्के माने जाते हैं। इनमें फाइबर और पानी की अच्छी मात्रा होती है, जो पाचन को बेहतर रखने में मदद कर सकती है। एसिडिटी की समस्या में बहुत खट्टे फलों को खाने के बजाय इन फलों को खाएं।

सही अनाज खाएं- ओट्स, उबले या हल्के पके चावल, साबुत गेहूं, दलिया और पोहा जैसे अनाज डाइट में शामिल करें। इनमें मौजूद फाइबर पेट को लंबे समय तक भरा रखते हैं। इन्हें बहुत ज्यादा तेल-मसाले के साथ खाने से बचना चाहिए।

कम फैट वाले प्रोटीन- मूंग दाल, टोफू, सीमित मात्रा में पनीर और सोयाबीन जैसे ऑप्शन प्रोटीन की जरूरत पूरी करने में मदद कर सकते हैं। एसिडिटी होने पर इन्हें कम तेल और कम मसालों में पकाकर खाना बेहतर रहता है, क्योंकि बहुत ज्यादा तेल-मसाला पेट-गले-सीने की जलन बढ़ा सकता है।

पेट को रखें हाइड्रेट- पर्याप्त मात्रा में सादा पानी पीना सबसे जरूरी है। इसके अलावा नारियल पानी, सौंफ का पानी और छाछ भी पिया जा सकते है। यह शरीर में पानी की कमी नहीं होने देते और कुछ लोगों को पेट की परेशानी में आराम महसूस हो सकता है।

नोट- यह खबर सामान्य जानकारियों पर आधारित है। किसी भी तरह की विशेष जानकारी के लिए स्वास्थ्य विशेषज्ञ से उचित सलाह लें।

Deepali Srivastava

लेखक के बारे में

Deepali Srivastava

दीपाली श्रीवास्तव पिछले 8 वर्षों से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय हैं और 5 सालों से लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में डेप्युटी चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं। संस्थान में साल 2021 में वेब स्टोरी से अपने सफर की शुरुआत करने के बाद, वह आज लाइफस्टाइल टीम का अहम हिस्सा हैं। डिजिटल मीडिया के बदलते ट्रेंड्स, यूजर बिहेवियर और पाठकों की रुचि को समझने में उनकी मजबूत पकड़ उन्हें एक भरोसेमंद और प्रभावशाली कंटेंट प्रोफेशनल बनाती है।


करियर का सफर

दीपाली ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत साल 2018 में राजस्थान पत्रिका की डिजिटल टीम से की। करियर के शुरुआती दौर से ही वह डिजिटल मीडिया से जुड़ी रही हैं। इसके बाद उन्होंने इन्शॉर्ट्स, सत्य हिंदी, बॉलीवुडशादीज.कॉम और अमर उजाला जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में काम किया। इस दौरान उन्होंने एंटरटेनमेंट और लाइफस्टाइल बीट पर लेखन के साथ-साथ सेलेब्रिटी इंटरव्यू, वीडियो स्टोरीज, फिल्म रिव्यू और रिसर्च-बेस्ड कंटेंट की कवरेज की।


एजुकेशन

दीपाली श्रीवास्तव के पास B.Sc (Mathematics) और मास कम्युनिकेशन की डिग्री है। यही शैक्षणिक पृष्ठभूमि उनके काम में तथ्यों की सटीकता, डेटा-आधारित रिसर्च और कंटेंट की विश्वसनीयता को मजबूत बनाती है।


पत्रकारिता का उद्देश्य

दीपाली का मानना है कि डिजिटल युग में एक पत्रकार की सबसे बड़ी जिम्मेदारी फैक्ट-चेकिंग और प्रमाणिक जानकारी देना है। उनका उद्देश्य किसी भी बीट पर काम करते हुए पाठकों तक सही, उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी पहुंचाना है, ताकि वे बेहतर और जागरूक निर्णय ले सकें।


विशेषज्ञता

हेल्थ, फिटनेस और किचन हैक्स
ट्रैवल, फैशन, रिलेशनशिप और ब्यूटी
एंटरटेनमेंट बीट
सेलेब्रिटी न्यूज
वीडियो स्टोरीज
फिल्मों के रिव्यू

और पढ़ें
Hindi News , Lifestyle News in Hindi , Health News , Recipe , Fashion , Beauty और Fitness से जुड़ी ताज़ा खबरें पढ़ने के लिए Live Hindustan App अभी डाउनलोड करें।
Hindi Newsलाइफस्टाइल न्यूज़हेल्थएसिडिटी से सीने-गले में जलन? डॉक्टर से जानें क्या खाएं, किन चीजों से करें परहेज