एग्जाम प्रेशर को कहें बाय: स्मार्ट स्टडी हैबिट्स जो जरूर अपनाएं

Nov 21, 2025 04:32 pm ISTShubhangi Gupta लाइव हिन्दुस्तान
share

बोर्ड एग्जाम की तैयारी कठिन नहीं, बस स्मार्ट प्लानिंग और शांत दिमाग चाहिए। इन सरल टिप्स को अपनाकर आप पढ़ाई को तनावमुक्त, फोकस्ड और प्रभावी बना सकते हैं।

एग्जाम प्रेशर को कहें बाय: स्मार्ट स्टडी हैबिट्स जो जरूर अपनाएं

बोर्ड एग्जाम की तैयारी ज्यादातर स्टूडेंट्स के लिए तनावभरी हो सकती है लेकिन कुछ सरल और संतुलित आदतें इस सफर को काफी आसान बना देती हैं। सही रूटीन, सकारात्मक सोच और स्मार्ट पढ़ाई तकनीक ना सिर्फ परफॉर्मेंस सुधारती हैं बल्कि तनाव को भी दूर रखती हैं। थोड़ी-सी प्लानिंग और माइंड मैनेजमेंट से आप किसी भी एग्जाम को आत्मविश्वास के साथ फेस कर सकते हैं।

बोर्ड एग्जाम के दौरान तनाव कम करने के बेहतरीन टिप्स

  • स्टडी प्लान को छोटा और रियलिस्टिक रखें: लंबा और भारी टाइमटेबल तनाव बढ़ा सकता है। छोटे-छोटे टारगेट सेट करें और हर सेशन के बाद ब्रेक लें। इससे दिमाग फ्रेश रहेगा और प्रोडक्टिविटी भी बढ़ेगी।
  • नियमित रिविजन सबसे जरूरी: एक बार पढ़कर छोड़ देने से दिमाग कंटेंट जल्दी भूलता है। हर दिन कम से कम एक घंटा पुराना कंटेंट दोहराने के लिए रखें। इससे कॉन्फिडेंस भी बढ़ता है और लास्ट-मिनट पैनिक भी कम होता है।
  • नींद बिल्कुल ना काटें: एग्जाम के टाइम देर रात तक पढ़ना आम है लेकिन 6–8 घंटे की नींद मेमोरी और फोकस के लिए जरूरी है। नींद पूरी होगी तो दिमाग बेहतर काम करेगा।
  • मोबाइल और सोशल मीडिया से दूरी रखें: स्क्रीन टाइम बढ़ने से फोकस टूटता है और दिमाग थक जाता है। पढ़ाई करते समय मोबाइल को दूर रखें या ‘Do Not Disturb’ मोड ऑन करें।

  • हल्का व्यायाम और 10 मिनट मेडिटेशन: तेज वॉक, स्ट्रेचिंग या आसान सांस लेने की एक्सरसाइज तनाव को तुरंत कम करती है। मेडिटेशन से मन शांत रहता है और एंग्ज़ायटी कम होती है।
  • हेल्दी स्नैक्स खाते रहें: जंक फूड थकान बढ़ाता है। एग्जाम की तैयारी में मेवा, फल, सलाद, नारियल पानी और गर्म दूध जैसे विकल्प फायदेमंद रहते हैं और एनर्जी भी बनाए रखते हैं।
  • बार-बार तुलना करना बंद करें: क्लासमेट्स की मार्कशीट या प्रोग्रेस से खुद की तुलना करना तनाव बढ़ाता है। याद रखें, हर किसी की पढ़ने की क्षमता अलग होती है।
  • प्रैक्टिस पेपर्स जरूर हल करें: मॉक टेस्ट टाइम मैनेजमेंट और स्पीड सुधारते हैं। इससे डर कम होता है और पेपर पैटर्न अच्छी तरह समझ आता है।
  • परिवार से बातचीत करते रहें: अपना तनाव किसी करीबी से साझा करना हमेशा मददगार होता है। मन हल्का होता है और सपोर्ट भी मिलता है।

Shubhangi Gupta

लेखक के बारे में

Shubhangi Gupta

परिचय एवं अनुभव

शुभांगी गुप्ता एक अनुभवी जर्नलिस्ट हैं जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 5 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वह पिछले 4+ वर्षों से देश के प्रतिष्ठित डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म लाइव हिंदुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) से जुड़ी हुई हैं। यहां वह बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर कार्यरत हैं। इससे पहले शुभांगी लगभग एक साल अमर उजाला डिजिटल में भी काम कर चुकी हैं।


करियर का सफर

लाइव हिंदुस्तान में शुभांगी लाइफस्टाइल टीम का हिस्सा हैं, जहां वह हेल्थ, फिटनेस, फैशन, ब्यूटी, फूड और रिश्तों जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर लगातार पाठक-केंद्रित कंटेंट तैयार कर रही हैं।


विशेषज्ञता

शुभांगी की लेखन शैली की खास बात यह है कि वह जटिल विषयों को भी बेहद सरल और समझने योग्य भाषा में प्रस्तुत करती हैं। उनका मानना है कि अच्छी पत्रकारिता केवल जानकारी देने तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि पाठकों की रोजमर्रा की जिंदगी को बेहतर और आसान बनाने में भी सहायक होनी चाहिए। इसी सोच के साथ वह एक्सपर्ट्स की राय, रिसर्च और अपने व्यक्तिगत अनुभवों को जोड़कर ऐसे ‘हैंडी टिप्स’ साझा करती हैं जिनसे पाठक खुद को सीधे जुड़ा हुआ महसूस करते हैं।


पुरस्कार

लाइव हिंदुस्तान में काम करते हुए शुभांगी को ज्यादा रीडर एंगेजमेंट के लिए मंथली अवॉर्ड से भी सम्मानित किया जा चुका है, जो उनके कंटेंट की लोकप्रियता और प्रभाव को दर्शाता है। डिजिटल ट्रेंड्स और ऑडियंस की पसंद को समझना उनकी बड़ी ताकत है।


शैक्षणिक पृष्ठभूमि

शुभांगी ने जर्नलिज्म के साथ-साथ एल.एल.बी की पढ़ाई भी की है, जिससे उनके कंटेंट में तथ्यात्मक मजबूती और संतुलित दृष्टिकोण देखने को मिलता है। वह पत्रकारिता को सिर्फ एक पेशा नहीं, बल्कि समाज से जुड़ने और लोगों की जिंदगी में सकारात्मक बदलाव लाने का माध्यम मानती हैं।

और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।