रांची में भी ट्रेजरी घोटाला, पशुपालन विभाग से निकाल लिए 3 करोड़ रुपए; एक गिरफ्तार

Mohammad Azam हिन्दुस्तान, रांची
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झारखंड में बोकारो और हजारीबाग के बाद रांची ट्रेजरी से भी 2.94 करोड़ की अवैध निकासी का मामला सामने आया है। इस बार मामला पुलिस विभाग से नहीं, बल्कि पशुपालन विभाग से जुड़ा है। 

रांची में भी ट्रेजरी घोटाला, पशुपालन विभाग से निकाल लिए 3 करोड़ रुपए; एक गिरफ्तार

बोकारो और हजारीबाग के बाद रांची ट्रेजरी से भी 2.94 करोड़ की अवैध निकासी का मामला सामने आया है। इस बार मामला पुलिस विभाग से नहीं, बल्कि पशुपालन विभाग से जुड़ा है। मामले में कांके स्थित इंस्टीट्यूट ऑफ एनिमल हेल्थ एंड प्रोडक्शन के दो कर्मचारियों मुनिंद्र कुमार और संजीव कुमार के खिलाफ कोतवाली थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई है। आरोप है कि दोनों ने वेतन मद में हेरफर कर राशि की निकासी की। पुलिस ने मुनिंद्र सिंह को गिरफ्तार कर लिया है।

रांची डीसी के निर्देश मजिस्ट्रेट मो जफर हसनात की ओर से कोतवाली थाने में दर्ज की गई प्राथमिकी में कहा गया है कि मुनिंद्र ने अपने दो अलग-अलग बैंक खातों में कुल 1.52 करोड़ की अवैध निकासी की है। जांच में यह भी बात सामने आई कि संजीव कुमार ने अपने बैंक खाते में 1.41 करोड़ रुपए ट्रांसफर किए हैं। प्राथमिकी में कहा गया है कि दोनों के विरुद्ध जालसाजी और सरकारी राशि के गबन के तहत उचित धाराओं में मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू की जाए। इधर, पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।

मामले में जांच कमेटी ने 13 अप्रैल को सौंपी थी रिपोर्ट

रांची डीसी के आदेश पर जांच कमेटी गठित की गई थी। जांच टीम ने 13 अप्रैल को अपनी रिपोर्ट सौंपी, जिसमें 67 पेज के साक्ष्य संलग्र किए गए थे। रिपोर्ट में स्पष्ट किया गया है कि इन कर्मियों ने मिलीभगत कर सरकारी नियमों को ताक पर रखकर करोड़ों रुपये का चूना लगाया है।

कुबेर पोर्टल पर वेतन बिल में छेड़‌छाड़ कर राशि निकाली

प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि इन कर्मियों ने वित्तीय वर्ष 2023-24, 2024-25 और 2025-26 के दौरान कुबेर पोर्टल पर वेतन बिल में छेड़‌छाड़ की। आरोपियों ने अपने मूल वेतन में अवैध रूप से वृद्धि दिखाई और निर्धारित सीमा से अधिक राशि ट्रेजरी से निकाल ली।

खासमहल भूमि पर शंभु ने बनाया आलीशान भवन

हजारीबाग। हजारीबाग कोषागार से अवैध निकासी की जांच पता चला है कि हजारीबाग एसपी कोठी के पीछे सिपाही शंभु कुमार ने खासमहल जमीन पर एक तीन मंजिला भवन बनाया है। संकेत मिले हैं कि इसके निर्माण पर खर्च करोड़ों रुपये ट्रेजरी मामले से जुड़े हैं। वह जमीन मूल रूप से सैयद बाकर मेहंदी की पत्नी अमीर बानो के नाम पर वर्ष 2038 तक आवंटित है। आरोप है कि शंभु ने बिना किसी वैध लीज हस्तांतरण के भूखंड पर भवन खड़ा कर दिया। उस भवन पर नोटिस चस्पा कर शंभु को पक्ष मांगा गया है। जिला प्रशासन ने इस विवादित खासमहल जमीन को वापस लेने (रिज्यूम) की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

बता दें कि जांच में यह भी सामने आया है कि हजारीबाग व बिहार के गयाजी में शंभु कुमार ने लगभग आठ करोड़ रुपये की अचल संपत्ति अर्जित की है। गयाजी में खरीदी गई कृषि और व्यावसायिक जमीन से जुड़े नौ दस्तावेज भी जब्त किए गए हैं। जांच टीम आरोपी के रिश्तेदारों और उससे जुड़े 21 संदिग्ध बैंक खातों के माध्यम से हुए लेन-देन की गहन जांच कर रही है।

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