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लापरवाही: पति की मदद की खातिर ट्रेन में चिल्लाती रही पत्नी, किसी ने ना सुनी, मौत

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झारखंड के चक्रधरपुर रेल मंडल के कर्मचारियों की एक बड़ी लापरवाही सामने आयी है। एक बीमार यात्री 100 किलोमीटर तक तबीयत खराब होने से तड़पता रहा, लेकिन उसे समय पर मेडिकल ट्रीटमेंट नहीं मिली और आखिर में बंडामुंडा रेलवे स्टेशन में उसकी जान चली गई। घटना पूरी से हरिद्वार तक चलने वाली उत्कल एक्सप्रेस ट्रेन की है। 

बताया जाता है की छतीसगढ़ के रायगढ़ स्थित सावित्री कॉलोनी निवासी मोहम्मद अनवर अपने लीवर से संबंधित समस्या का इलाज कराने ओड़िशा के कटक स्थित एक निजी अस्पताल गए थे। एक हफ्ते तक वहां इलाज के बाद स्वस्थ होने पर डॉक्टरों ने रिलीज कर दिया। इसके बाद वे अपने घर वापस पुरी-हरिद्वार उत्कल एक्सप्रेस से लौट रहे थे। लौटने के दौरान ट्रेन जैसे ही चक्रधरपुर स्टेशन पहुंची उसकी तबीयत बिगड़ने लगी। उल्टी, सांस लेने में तकलीफ और बेचैनी से उसकी हालत बिगड़ती चली गई। साथ में सफर कर रही उसकी पत्नी असीमा बेगम ने चक्रधरपुर रेलवे स्टेशन पर उतरकर कुछ लोगों से मदद की गुहार लगाई। लेकिन तब तक ट्रेन खुल गई। ट्रेन में वापस चढ़कर असीमा बेगम ने लोगों से मदद और मेडिकल ट्रीटमेंट की सहायता के लिए चिल्लाती-चीखती रही। लेकिन चक्रधरपुर रेलवे स्टेशन पर तैनात किसी भी रेल कर्मी पर उसकी चीख की नजर नहीं पड़ी।

तड़पते पति को लेकर बंडामुंडा में उतर गई असीमा : असीमा ने बताया कि ट्रेन में सफर करने वाले कुछ यात्रियों की सलाह पर वह बंडामुंडा रेलवे स्टेशन जायें। इसके बाद कुछ यात्रियों की मदद से वह ट्रेन से बंडामुंडा में उतर गई। ट्रेन से उतरने के महज दस मिनट के अंदर अनवर ने दम तोड़ दिया। इससे वह जोर-जोर से रोने लगीं। इसी दौरान इसकी सूचना दक्षिण पूर्व रेलवे मेंस तृणमूल कांग्रेस के जहांगीर हक को दी। इसके बाद जहांगीर हक सहित अन्य रेल कर्मी टीआरडी कर्मचारी एमके कन्हाई और वीएस राव पहुंचे और 108 एमबुलेंस को फोन किया। इसके बाद जब एमबुलेंस पहुंची तो उसे लाद कर रेलवे अस्पताल बंडामुंडा ले जाया गया। जहां डॉक्टर एस कुजूर ने मृत घोषित कर दिया। 

टाटा में दी थी टीटीई को सूचना: असीमा बेगम ने बताया कि उसके पास जेनरल टिकट था और वह जेनरल बोगी में सफर कर रही थीं। जब जब ट्रेन टाटा पहुंचने वाली थी। उससे पहले ही उसके पति की थोड़ी थोड़ी तबीयत बिगड़ने लगी थी। जब ट्रेन टाटा पहुंची तो एक टीटीई जेनरल बोगी में टिकट जांच करने आये थे। इसी दौरान उन्होंने टीटीई से पति के तबीयत खराब होने के बारे में बतायी। इस पर टीटीई ने कहा कि वह कंट्रोल को सूचित कर दे रहे हैं और चक्रधरपुर में मेडिकल सुविधा मिलेगी। लेकिन जब ट्रेन चक्रधरपुर पहुंची तो वहां कोई नहीं मिला।

हर यात्री को मिलनी चाहिए मेडिकल सुविधा : जहांगीर हक 
दक्षिण पूर्व रेलवे मेंस तृणमूल कांग्रेस के संयुक्त महासचिव जहांगीर हक ने कहा कि रेलवे नियम के तहत रेलवे में सफर करने वाले हर यात्री को मेडिकल सुविधा देने हैं, चाहे वह एसी में सफर करें या फिर जेनरल में है। उन्होंने कहा कि असीमा बेगम ने टीटीई को सूचना दी थी। इसकी जांच होनी चाहिए। 

मामले की जांच होगी : भास्कर 
चक्रधरपुर रेल मंडल के वरीय वाणिज्य प्रबंधक सह जनसम्पर्क अधिकारी भास्कर ने कहा कि सूचना मिलने पर रेलवे ने मदद की है फिर भी मामले की जांच की जा रही है कि महिला ने किस टीटीई को सूचना दी थी। जांच के बाद इसमें जिसकी भी लापरवाही होगी उसके खिलाफ कार्रवाई होगी।

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  • Web Title:woman died as she not get treatment on time during train journey in jharkhand