ट्रेंडिंग न्यूज़

अगला लेख

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

Hindi News झारखंडगद्दारों की वजह से हारी; सीता सोरेन ने भाजपा के पूर्व सांसद पर लगाया बड़ा आरोप, जांच की भी बात

गद्दारों की वजह से हारी; सीता सोरेन ने भाजपा के पूर्व सांसद पर लगाया बड़ा आरोप, जांच की भी बात

सुनील सोरेन ने कहा कि वह साबित कर दें कि चुनाव में मैं बिक गया हूं तो राजनीतिक छोड़ दूंगा। ऐसा आरोप दुर्भाग्यपूर्ण है। मेरे चरित्र पर कीचड़ उछालने की सूचना मैं प्रदेश व केंद्र इकाई से मिलकर दूंगा।

गद्दारों की वजह से हारी; सीता सोरेन ने भाजपा के पूर्व सांसद पर लगाया बड़ा आरोप, जांच की भी बात
Devesh Mishraराजकुमार कुशवाहा,दुमकाTue, 18 Jun 2024 07:08 AM
ऐप पर पढ़ें

झारखंड के दुमका लोकसभा सीट से मिली भाजपा को हार के बाद भाजपा प्रत्याशी सीता सोरेन ने बड़ा बयान दिया है। हिन्दुस्तान संवाददाता से फोन पर बातचीत में सीता ने कहा है कि केंद्रीय व प्रदेश नेतृत्व को दुमका में हार की समीक्षा के अलावे ग्रास रूट पर जांच करानी चाहिए। केंद्रीय नेतृत्व टीम बना गांव-गांव में पहुंचकर जांच करे तो पर्दे में रहकर पार्टी को हराने वाले पार्टी में छुपे गद्दारों की सूची सामने आ जाएगी। केंद्र में अगर भाजपा को इस बार पूर्ण बहुमत नहीं मिला है तो इन्हीं गद्दारों की वजह से। इन पर पार्टी सख्त कार्रवाई करे। बता दें कि इस चुनाव में भाजपा ने सुनील सोरेन का टिकट काटकर सीता सोरेन को चुनावी मैदान में उतारा था। झामुमो से बगावत कर सीता भाजपा में शामिल हुईं हैं। 

पूर्व सांसद ने पार्टी को हराने में लगा दिया दम: सीता
यह पूछे जाने पर कि पूर्व सांसद सुनील सोरेन का दावा है कि उन्होंने तन, मन, धन से चुनाव के दौरान पार्टी हित में काम किया है। उस पर सीता सोरेन ने कहा कि पूर्व सांसद ने केवल झामुमो का झंडा नहीं पकड़ा था, बाकि भाजपा को हराने व झामुमो को जिताने का काम किया है। चुनाव हारने के तुरंत बाद खुशी में पार्टी मानने का काम किया। सीता ने आरोप लगाया है कि वह काफी कम अंतर से इसलिए हार गईं क्योंकि पर्दे में रहकर पूर्व सांसद सुनील सोरेन, पूर्व मंत्री डॉ लुईस मरांडी व सारठ विधायक रणधीर सिंह ने पार्टी को हराने के लिए पूरी ताकत लगा रखी थी। चुनाव के दौरान पार्टी का मंच तो साझा किया, पर बैकडोर से चुनाव हराने के लिए पूरी ताकत लगा दी।

सीता आरोप साबित कर दें तो राजनीति छोड़ दूंगा: सुनील
सीता के आरोपों पर पूर्व सांसद सुनील सोरेन ने कहा कि वह साबित कर दें कि चुनाव में मैं बिक गया हूं तो राजनीतिक छोड़ दूंगा। ऐसा आरोप दुर्भाग्यपूर्ण है। मेरे चरित्र पर कीचड़ उछालने की सूचना मैं प्रदेश व केंद्र इकाई से मिलकर दूंगा। जबकि पूर्व मंत्री लुईस मरांडी से उनके मोबाइल पर बात करने का प्रयास किया गया, पर उन्होंने फोन नहीं उठाया। वहीं, सारठ के विधायक रणधीर सिंह ने कहा कि कल पार्टी में शामिल होने वाली सीता सोरेन से काम के बदले सर्टिफिकेट लेने की आवश्यकता नहीं है।

सीता सोरेन के क्या-क्या आरोप

● पार्टी विरोधी काम के बाद भी विधानसभा में फिर से टिकट लेने का संबंधित लोग प्रयास कर रहे

● पीएम और मुझे देखकर जनता ने वोट किया

● पार्टी के नीचे के कार्यर्काओं ने तन, मन और धन से काम किया