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Hindi News झारखंडआलमगीर आलम से शुरू हुई पूछताछ, ED ने दागे कई सवाल; कमीशन पर मंत्री ने साधी चुप्पी

आलमगीर आलम से शुरू हुई पूछताछ, ED ने दागे कई सवाल; कमीशन पर मंत्री ने साधी चुप्पी

प्रवर्तन निदेशालय ने मंत्री आलमगीर आलम से पूछताछ शुरू कर दी है। एजेंसी के रांची जोनल कार्यालय लाया गया, जहां दिन के करीब 12.15 बजे से पूछताछ शुरू हुई। मंत्री ने कमीशन के पैसे के सवाल पर चुप्पी साध ली।

आलमगीर आलम से शुरू हुई पूछताछ, ED ने दागे कई सवाल; कमीशन पर मंत्री ने साधी चुप्पी
Sneha Baluniहिन्दुस्तान,रांचीSat, 18 May 2024 07:44 AM
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ईडी ने शुक्रवार को झारखंड के ग्रामीण विकास मंत्री आलमगीर आलम को छह दिनों की रिमांड पर ले लिया। उन्हें एजेंसी के रांची जोनल कार्यालय लाया गया, जहां दिन के करीब 12.15 बजे से पूछताछ शुरू हुई। पूछताछ शुरू होते ही ईडी के अधिकारियों ने उनपर सवालों की बौछार कर दी। हालांकि ठेकों के मैनेज होने और उससे मिलने वाले कमीशन पर आलम ने चुप्पी साध ली। आलमगीर और संजीव लाल को आमने-सामने बैठाकर भी क्रॉस सवाल किए गए।

ईडी ने आलमगीर से पूछताछ की शुरुआत उनके पीएस संजीव लाल के नौकर के यहां से मिले दस्तावेजों पर आधारित सवालों से की। उनसे ग्रामीण विकास और ग्रामीण कार्य विभाग में होने वाले टेंडर और उसको मैनेज किए जाने संबंधी सवाल पूछे गए। इसपर मंत्री ने बताया कि ठेका-पट्टा का काम संजीव लाल और विभाग के अधिकारी ही देखते थे। उन्हें इस विषय में अधिक जानकारी नहीं है। 

ईडी के अधिकारी संजीव लाल और पूर्व में चीफ इंजीनियर रहे वीरेंद्र राम के बयानों का मिलान कर रहे हैं। ईडी रोजाना विभागीय इंजीनियरों से भी पूछताछ कर रही है। जांच में असिस्टेंट इंजीनियरों द्वारा मंत्री के कहने पर संजीव लाल तक पैसे पहुंचाने की बात सामने आई थी।  ऐसे में उन असिस्टेंट इंजीनियर रैंक के अफसरों का भी बयान ईडी दर्ज कर रही है।

ट्रांसफर-पोस्टिंग पर भी ईडी ने ली जानकारी

ईडी को सीओ, बीडीओ की पोस्टिंग से जुड़े कई अनुशंसा पत्र भी छापेमारी के दौरान मिले थे। उन अनुशंसा पत्रों पर भी मंत्री से सवाल पूछे गए। इसके बाद मंत्री ने बताया कि पार्टी व संगठन से जुड़े लोगों के द्वारा पैरवी की जाती है, यह समान्य मामला है। हालांकि ट्रांसफर-पोस्टिंग में भी आप्त सचिव संजीव लाल के द्वारा उगाही के साक्ष्य एजेंसी को मिले हैं। इन पहलुओं पर भी एजेंसी जांच कर रही है।

पैसों के सभी स्रोतों की जानकारी जुटा चुकी है ईडी

जांच के क्रम में जहांगीर के फ्लैट से बरामद 32.20 करोड़ रुपये के पूरे स्रोत की जानकारी ईडी जुटा चुकी है। इन पैसों को ईडी ने आलमगीर आलम का ही माना है। पूरे पैसे ठेका मैनेज करने के बाद कमीशन की उगाही के हैं। वहीं ट्रांसफर-पोस्टिंग के जरिए भी मंत्री के आप्त सचिव ने पैसे जुटाए थे। ईडी का दावा है कि ये पैसे बीते तीन माह में ही जमा किए गए हैं।