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चांडिल डैम का जलस्तर बढ़ने से आधा दर्जन गांव जलमग्न, खोलना पड़ा फाटक

चांडिल (जमशेदपुर) संवाददाताPublished By: Yogesh Yadav
Fri, 18 Jun 2021 11:47 PM
चांडिल डैम का जलस्तर बढ़ने से आधा दर्जन गांव जलमग्न, खोलना पड़ा फाटक

मॉनसून की लगातार बारिश से चांडिल डैम का जलस्तर शुक्रवार देर शाम 181.60 मीटर पहुंचने के साथ सरायकेला जिले के चांडिल अनुमंडल के ईचागढ़, कुमारी, झापागोड़ा, दयापुर, लावा, काशीपुर, औड़ेया के नीमटांड, उदाटांड समेत आधा दर्जन से ज्यादा विस्थापित गांव जलमग्न हो गये और त्राहिमाम मच गया। ईचागढ़ एवं ईचागढ़-बाकलतोड़िया मार्ग पर दो से ढाई फीट तक पानी बहने लगा। 

इसकी जानकारी मिलते ही जल संसाधन विभाग सकते में आ गया और रात नौ बजे डैम का एक फाटक आधा मीटर तक खोल दिया गया, जिससे करीब 60 क्यूमेक पानी स्वर्णरेखा नदी में छोड़ा जा रहा है। मालूम हो कि गुरुवार को जलस्तर 181.40 मीटर पर पहुंचने के बाद से विस्थापित गांवों में पानी घुसना शुरू हो गया था और विस्थापित अनहोनी की आशंका से सशंकित थे।

विधायक व एसडीओ पहुंचे डैम, ली जानकारी: इधर, जलस्तर बढ़ने की सूचना पर विधायक सविता महतो एवं एसडीओ रंजीत लोहरा चांडिल डैम पहुंचे तथा जानकारी ली। विधायक सविता महतो ने कहा कि डैम का जलस्तर बढ़ने के बाद कई विस्थापित गांवों में डैम का पानी घुस गया था। डैम के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए वे रांची में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मिलने गयीं, पर मुख्यमंत्री के दिल्ली में रहने के कारण दूरभाष पर उनसे बात कर जानकारी दी। जिसके बाद मुख्यमंत्री ने विभागीय पदाधिकारियों को दिशा-निर्देश दिया और डैम का एक फाटक आधा मीटर खोल दिया गया।

एसडीओ और कार्यपालक अभियंता ने किया सर्वे : चांडिल डैम के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए एसडीओ रंजीत लोहरा, कार्यपालक अभियंता संजीव कुमार, बीडीओ सत्येंद्र महतो, जेई प्रदीप कुमार ने डूब क्षेत्र ईचागढ़ गांव की जानकारी ली तथा डैम से सटे क्षेत्र का सर्वे किया। सर्वे के दौरान पदाधिकारी ने डूबने वाले इलाकों का सर्वे किया। डैम का पानी कई घरों में भी घुस गया, जिससे विस्थापितों को परेशानी का सामना करना पड़ा। कार्यपालक अभियंता संजीव कुमार ने बताया कि बढ़ते जलस्तर को लेकर डैम का पानी किन-किन इलाकों में पहुंचता है इसका स्थलीय सर्वे किया गया। सर्वे रिपोर्ट मुख्य अभियंता एवं अधीक्षण अभियंता को सौंपी जायेगी। वरीय पदाधिकारियों के दिशा- निर्देश का पालन किया जायेगा।

साधुचरण ने सांसद को दिया धन्यवाद: पूर्व विधायक साधुचरण महतो ने चांडिल डैम का फाटक खोलने पर स्थानीय भाजपा सांसद संजय सेठ को धन्यवाद दिया। साधुचरण महतो ने कहा कि चांडिल डैम का जलस्तर बढ़ने के साथ ही सांसद संजय सेठ जलसंसाधन विभाग के सचिव से दूरभाष पर लगातार संपर्क में थे। उन्होंने डैम का फाटक खोलने के लिए लगातार दबाव बनाया, जिसके परिणामस्वरूप डैम का फाटक खुला।

विमुवा ने सौंपा ज्ञापन:  चांडिल डैम का जलस्तर 180 मीटर पर रखने तथा डैम का फाटक खोलने की मांग को लेकर विस्थापित मुक्ति वाहिनी ने अधीक्षण अभियंता को ज्ञापन सौंपा। इस मौके पर वासुदेव आदित्यदेव, नारायण गोप, श्यामल मार्डी, कृष्णा गोप, अशोक हांसदा, विजय महतो आदि शामिल थे।

मुआवजा भुगतान तक 180 मीटर से नीचे रखें जलस्तर: कांग्रेस जिला सचिव राजू चौधरी ने कहा कि जब तक विस्थापितों का बकाया मुआवजा एवं अनुदान का भुगतान नहीं होता है, तब तक विभाग चांडिल डैम का जलस्तर 180 मीटर से नीचे रखे।

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