DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

मौत से जूझ रही बच्ची को मिले परिजन, रिम्स पहुंचा पूरा परिवार

रिम्स के न्यूरो सर्जरी विभाग में मौत से जूझ रही दो वर्ष की अनीता को आखिरकार परिजनों का सहारा मिल गया। खबर छपने के बाद शनिवार को बच्ची के पिता, दादा, दादी व मामा भी रिम्स पहुंचे । ज्ञात हो कि शुक्रवार को आपके अखबार हिंदुस्तान में इस बाबत विस्तृत खबर प्रकाशित की गई थी। जिसमें बताया गया था कि बुधवार को गढ़वा में एक महिला बच्ची को गोद में लेकर ट्रेन के सामने कूद गई थी। जिसमें महिला की तो मौत हो गई लेकिन बच्ची बच गयी। बच्ची घायल हो गयी थी। जिसे रिम्स के न्यूरो सर्जरी विभाग में भर्ती कराया गया है। जहां विभागाध्यक्ष डॉ अनिल कुमार की देखरेख में उसका उपचार किया जा रहा है। बच्ची के पिता निर्मल ने बताया कि रोज की तरह बुधवार की सुबह वह आठ बजे ही काम के लिए निकल गया था। सुबह में एक सेम के पौघा को लेकर मां के साथ कुछ कहासुनी हुई थी। निर्मल ने बताया कि सोनी गर्भवती थी, इसी दशहरा में उसे बच्चा होने वाला था। मां से कहा सुनी होने के बाद उसने सोनी को कहा भी था कि कहो तो मायके पहुंचा दें, डिलिवरी के बाद फिर ले आएंगे। लेकिन सोनी ने मायके जाने से इनकार कर दिया। वह बोली कि लड़ाई झगड़ा करके मायके क्यों जाएंगे। और निर्मल के काम पर जाने के बाद वह बच्ची को गोद में लेकर निकल गई। काम से लौटने के बाद उसे पता चला कि सोनी कहीं चली गई है। काफी ढूंढने पर पता चला कि एक महिला का शव रेलवे लाइन पर मिला है। उसके बाद सोनी का शव तो मिल गया लेकिन बच्ची का पता नहीं चल पाया था।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:Impact - the child who is battling death